{"_id":"5f882d3d0e7ba1580110436d","slug":"pintu-sengar-massacre-revealed-from-the-case-diary-presented-in-the-court","type":"story","status":"publish","title_hn":"पिंटू सेंगर हत्याकांड: तब मूंद ली थीं आंखें, अब उन्हीं सुबूतों के आधार पर बनाया आरोपी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पिंटू सेंगर हत्याकांड: तब मूंद ली थीं आंखें, अब उन्हीं सुबूतों के आधार पर बनाया आरोपी
Thu, 15 Oct 2020 04:37 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Thu, 15 Oct 2020 04:37 PM IST
विज्ञापन
पूर्व बसपा नेता पिंटू सेंगर हत्याकांड
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पिंटू सेंगर हत्याकांड में पुलिस ने अब उन्हीं साक्ष्यों और सुबूतों को शामिल कर महफूज को आरोपी और मनोज गुप्ता व वीरेंद्र पाल को केस डायरी में शामिला किया जिनको पहले नजरअंदाज कर दिया था। इसमें परिजनों के बयान, कॉल डिटेल और हत्या के पीछे की वजह को पुलिस ने शामिल किया है।
अब पुलिस ने फरार आरोपी महफूज की तलाश भी शुरू कर दी है। पिंटू सेंगर हत्याकांड में परिजनों ने एफआईआर में ही मनोज गुप्ता, वीरेंद्र और महफूज अख्तर को भी नामजद किया था। तब परिजनों ने आरोप लगाया था कि प्रॉपर्टी विवाद में इन सभी ने मिलकर पिंटू की हत्या करवा दी।
वहीं जांच के दौरान महफूज की कॉल डिटेल से पता चला था कि वो आरोपी तनवीर बादशाह और शूटर फैसल के संपर्क में था। हत्या के बाद पप्पू स्मार्ट ने मनोज को फोन किया था। इन तमाम साक्ष्यों को पुलिस ने धता बताते हुए इन सबको बेगुनाह घोषित कर दिया था।
विज्ञापन
जब पुलिस का खेल उजागार हुई और अधिकारी सख्त हुए तो चकेरी पुलिस तुरंत बैकफुट पर आ गई। तीन दिन के भीतर पुलिस ने जो साक्ष्य पहले मिले थे उसी आधार पर तीनों को आरोपी बना दिया है। एसपी पूर्वी राजकुमार अग्रवाल ने बताया कि फरार आरोपी की तलाश के लिए टीम गठित कर दी गई है। जल्द उसकी गिरफ्तारी की जाएगी।
विज्ञापन
अब पुलिस ने फरार आरोपी महफूज की तलाश भी शुरू कर दी है। पिंटू सेंगर हत्याकांड में परिजनों ने एफआईआर में ही मनोज गुप्ता, वीरेंद्र और महफूज अख्तर को भी नामजद किया था। तब परिजनों ने आरोप लगाया था कि प्रॉपर्टी विवाद में इन सभी ने मिलकर पिंटू की हत्या करवा दी।
विज्ञापन
वहीं जांच के दौरान महफूज की कॉल डिटेल से पता चला था कि वो आरोपी तनवीर बादशाह और शूटर फैसल के संपर्क में था। हत्या के बाद पप्पू स्मार्ट ने मनोज को फोन किया था। इन तमाम साक्ष्यों को पुलिस ने धता बताते हुए इन सबको बेगुनाह घोषित कर दिया था।
विज्ञापन
जब पुलिस का खेल उजागार हुई और अधिकारी सख्त हुए तो चकेरी पुलिस तुरंत बैकफुट पर आ गई। तीन दिन के भीतर पुलिस ने जो साक्ष्य पहले मिले थे उसी आधार पर तीनों को आरोपी बना दिया है। एसपी पूर्वी राजकुमार अग्रवाल ने बताया कि फरार आरोपी की तलाश के लिए टीम गठित कर दी गई है। जल्द उसकी गिरफ्तारी की जाएगी।