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Kanpur: चार दिन तक गायब रहे 10 लाख रुपये, पहले करते रहे तबादले, अब दो अफसर हुए निलंबित

Wed, 19 Oct 2022 12:03 AM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: हिमांशु अवस्थी Updated Wed, 19 Oct 2022 12:03 AM IST
सार

छावनी क्षेत्र के न्यू पीएसी डाकघर से 10 लाख रुपये गायब होने के मामले में एफआईआर के निर्देश दिए गए हैं। विभाग वाले पहले तबादले करते रहे, लेकिन अब दो अफसरों को निलंबित किया गया है।

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nstructions for FIR in case of missing Rs 10 lakh from New PAC post office in Kanpur
पैसा - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

कानपुर में छावनी क्षेत्र स्थित न्यू पीएसी डाकघर से दस लाख रुपये गायब होने का मामला सामने आया है। इस मामले में दो पोस्टल असिस्टेंट को निलंबित कर दिया गया है। हालांकि पहले इनका तबादला किया गया था। डाक विभाग के उच्च अफसर पहले मामला महीनों दबाए रहे।

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इस बीच यह भी पता चला है कि चार दिन तक योजनाओं का 10 लाखों रुपया गायब रहा। यह कहां, रहा किसी को नहीं पता। पूरे मामले में जांच बैठा दी गई है। वहीं एफआईआर कराने के भी निर्देश दिए गए हैं। दरअसल, यहां तैनात रहे पोस्टल असिस्टेंट लोअर सलेक्शन विनय तिवारी का तबादला बिधनू कर दिया गया था।
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इसके बाद यहां पर अतुल शुक्ला की तैनाती की गई। कार्यभार संभालने के बाद अतुल भी अवकाश पर चले गए। इसके बाद विभाग ने पोस्टल असिस्टेंट भूपेंद्र सोनी को भेजा। उन्होंने जमा-निकासी की गिनती कराई तो 10 लाख रुपये कम निकले। विभाग के दस्तावेजों के मुताबिक डाकघर में 13.10 लाख नकद होना चाहिए था, लेकिन 3.10 लाख ही नकदी थी। विभाग के अफसर एक-दूसरे पर आरोप लगाते रहे।

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अफसरों का कहना था कि कार्यभार लेने के दौरान सिस्टम से रिपोर्ट न लेकर मैनुअल ले ली गई। इसमें  नकदी अपडेट नहीं थी। हालांकि सवाल यह उठता है कि सिस्टम अपडेट भी यही अफसर करते थे। सूत्रों ने बताया कि विभाग के उच्च अफसरों का दबाव पड़ने पर फिर से गिनती कराई गई।

तब पता चला कि करीब चार दिन रुपये न तो सिस्टम में थे और न ही मैनुअल। सवाल यह है कि चार दिन तक दस लाख की नकदी किसके पास थी। इस मामले में प्रवर अधीक्षक डाकघर मनोज कुमार श्रीवास्तव ने कुछ भी कहने से मना कर दिया। हालांकि दोनों पोस्टल असिस्टेंट को निलंबित कर दिया गया है। मामले की जांच डाकघर निरीक्षक दक्षिण अंकित द्विवेदी को सौंपी गई है।
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