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सीएसजेएमयू में पीएचडी में एडमिशन के लिए गरीबों को मिल सकता है आरक्षण
Wed, 16 Jan 2019 12:13 PM IST
शिखा पांडेय
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Wed, 16 Jan 2019 12:13 PM IST
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डेमो
कानपुर में छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय (सीएसजेएमयू) के पीएचडी प्रोग्राम में गरीबों को भी एडमिशन में आरक्षण का लाभ मिल सकता है। एससी-एसटी, ओबीसी और अन्य आरक्षित वर्ग के अतिरिक्त इस आरक्षण का लाभ छात्रों को दिया जाएगा।
नियमों के मुताबिक, पीएचडी की प्रवेश परीक्षा में चयनित अभ्यर्थियों को पहले छह माह का कोर्स वर्क करना होगा। उसके बाद एडमिशन की प्रक्रिया शुरू होगी। इस दौरान ही आरक्षण नियम लागू किए जाने की संभावना है। तब तक सरकार की तरफ से भी आरक्षण को लेकर संशोधित आदेश आने की उम्मीद है।
आदेश मिलने के बाद विवि प्रशासन उन्हीं नियमों का पालन करेगा। कुलपति प्रो. नीलिमा गुप्ता ने बताया कि चूंकि अभी छह माह का समय है, इसलिए तब तक जो भी आदेश मिलेंगे, उसी के अनुरूप आरक्षण नियमों को लागू किया जाएगा।
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नियमों के मुताबिक, पीएचडी की प्रवेश परीक्षा में चयनित अभ्यर्थियों को पहले छह माह का कोर्स वर्क करना होगा। उसके बाद एडमिशन की प्रक्रिया शुरू होगी। इस दौरान ही आरक्षण नियम लागू किए जाने की संभावना है। तब तक सरकार की तरफ से भी आरक्षण को लेकर संशोधित आदेश आने की उम्मीद है।
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आदेश मिलने के बाद विवि प्रशासन उन्हीं नियमों का पालन करेगा। कुलपति प्रो. नीलिमा गुप्ता ने बताया कि चूंकि अभी छह माह का समय है, इसलिए तब तक जो भी आदेश मिलेंगे, उसी के अनुरूप आरक्षण नियमों को लागू किया जाएगा।
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सीएसजेएमयू
उधर, छह दिनों में आवेदन के आंकड़ों को देखते हुए यह भी साफ हो गया है कि एडमिशन के लिए काफी मारामारी रहेगी। छह दिन में आवेदकों की संख्या 2800 से अधिक हो गई है। इसमें सर्वाधिक हिंदी से पीएचडी करने को इच्छुक छात्रों की संख्या है।
कुल आवेदकों में करीब 500 ऐसे छात्र हैं, जो नेट के साथ जूनियर रिसर्च फेलोशिप क्वालीफाई कर चुके हैं। ऐसे में नॉन जेआरएफ छात्रों की राह और भी मुश्किल होने वाली है। जेआरएफ क्वालीफाई छात्रों को प्रवेश परीक्षा से मुक्ति दी गई है।
कुल आवेदकों में करीब 500 ऐसे छात्र हैं, जो नेट के साथ जूनियर रिसर्च फेलोशिप क्वालीफाई कर चुके हैं। ऐसे में नॉन जेआरएफ छात्रों की राह और भी मुश्किल होने वाली है। जेआरएफ क्वालीफाई छात्रों को प्रवेश परीक्षा से मुक्ति दी गई है।
सीएसजेएमयू
कुलपति ने बताया कि छह दिनों में 2800 से अधिक आवेदन आना बड़ी बात है। इससे यह भी मालूम चल रहा है कि छात्र लंबे समय से इसका इंतजार कर रहे थे। बड़ी संख्या में छात्रों का संदेश भी मिला है, जिसमें उन्होंने पीएचडी शुरू करने के लिए शुक्रिया कहा है। अब पारदर्शी प्रक्रिया के तहत प्रवेश परीक्षा कराकर अच्छे से अच्छे शोध छात्रों का चयन करना ही लक्ष्य है।
11 फरवरी तक आवेदन का मौका
पीएचडी प्रवेश परीक्षा के लिए 11 फरवरी तक ऑनलाइन आवेदन किया जा सकता है। आवेदन की हार्ड कॉपी 16 फरवरी तक छात्र प्राप्त कर सकते हैं। प्रवेश परीक्षा 26 फरवरी को आयोजित की जाएगी। चार मार्च को परीक्षा परिणाम जारी करने की तारीख प्रस्तावित की गई है।
11 फरवरी तक आवेदन का मौका
पीएचडी प्रवेश परीक्षा के लिए 11 फरवरी तक ऑनलाइन आवेदन किया जा सकता है। आवेदन की हार्ड कॉपी 16 फरवरी तक छात्र प्राप्त कर सकते हैं। प्रवेश परीक्षा 26 फरवरी को आयोजित की जाएगी। चार मार्च को परीक्षा परिणाम जारी करने की तारीख प्रस्तावित की गई है।