LLB student Suicide: डेढ़ माह पहले लखनऊ गई थी छात्रा, मामा से घूमने के लिए मांगे थे रुपए, पुलिस ने कहा कि ...
कानपुर के चकेरी सफीपुर सेकंड में गुरुवार को तीसरी मंजिल से गिरी छात्रा रजनी बाथम (24) करीब 25 दिन पहले ही गुजरात से परीक्षा देने के लिए लौटी थी। इस दौरान उनकी मां पिंकी के पेट का ऑपरेशन हुआ था। वहीं, बताया जा रहा है कि घटना के दौरान उसकी बात गुजरात के ही किसी नंबर पर हो रही थी। पुलिस अब तहरीर मिलने पर जांच की दिशा में काम करने को कह रही है।
वहीं,परिजन व रिश्तेदार अंतिम संस्कार के बाद तहरीर देने की बात कही है। चकेरी सफीपुर सेकंड में अजय गुप्ता के मकान से गिरी छात्रा रजनी 25 दिन पहले ही गुजरात से किराए के मकान में लौटी थी। उसकी एलएलबी सेकेंड ईयर की सेमेस्टर की परीक्षाएं होनी थीं। इसके पूर्व में वह गुजरात में ही करीब एक माह तक रुकी थी।
यहां उनकी मां पिंकी के पेट का ऑपरेशन हुआ था। सूत्रों के अनुसार घटना के दौरान रजनी की गुजरात में ही किसी से फोन पर बात हो रही थी। इसके पूर्व करीब दोपहर 12 उसने अपने वह मुंह बोले भाई भावेश को फोन किया था। लेकिन, उसने कॉल रिसीव नहीं की थी। यह जानकारी परिजनों को अपने स्तर पर पड़ताल में मिली है।
अलग-अलग हैं भावेश और मकान मालकिन के बयान
मृतक के मामा के अनुसार उन्होंने घटना के बाद भावेश से बात कर जानकारी ली। भावेश ने उन्हें बताया कि घटना के दिन 12 बजे उसके पास रजनी का फोन आया था। लेकिन, उसकी बात नहीं हुई थी। उसने बताया कि एक हफ्ते पहले रजनी के पास गया था। वहीं मकान मालिक अजय गुप्ता की पत्नी श्वेता ने भावेश के तीन हफ्ते से ना आने की बात घटना के बाद कही थी, जिससे काफी कुछ छुपाने का संदेह लग रहा हैं।
किराया वसूलते रहे, लेकिन मूल पता तक नहीं था जाना
रजनी बाथम अजय गुप्ता के मकान में तीन हजार रुपये प्रतिमाह के किराए पर चार माह से रह रही थी। उनकी पत्नी श्वेता ने घटना के बाद आधार कार्ड पुलिस के सामने रख लिया। उसने बताया कि वह गुजरात की रहने वाली थी, जबकि मूलरूप से कन्नौज की रहने वाली थी।
डेढ़ माह पहले लखनऊ गई थी, मामा से मांगे थे रुपए
लखनऊ निवासी मामा ने बताया कि कि वह गुजरात जाने के पहले लखनऊ गई थी। उसने घूमने के लिए फोन कर रुपए मांगे थे। इस पर मामा ने उससे सैलरी मिलने पर देने को कहा था। साथ ही कहा था कि वह भी किसी से ले ले और उसके बाद उस वापस कर दे।
अपनी मर्जी से एलएलबी के लिए चुना कानपुर का कॉलेज
मूल रूप से कन्नौज निवासी रजनी के मामा के अनुसार उनके गांव के पास ही एक लॉ कॉलेज है, जहां से रजनी को एलएलबी करने के लिए कहा गया था। रजनी ने उस बात से इनकार कर दिया। उसने अपनी मर्जी से ही कानपुर के ब्रह्मानंद कॉलेज में एलएलबी के लिए प्रवेश लिया।