’दामिनी’ ने कैद कीं आठ रूहें
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चित्रकूट में तीन दिन में दूसरी बार आसमानी आफत जिलेवासियों पर गिरी है। रविवार को जिले के चार गांव में बिजली गिरने से आधा दर्जन लोगों की मौत हो गई। दस लोग गंभीर रूप से झुलस गए और तीन बकरियों की भी मौत हुई। मृतकों में पांच महिलाएं और एक छात्र था। झुलसे लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। गौरतलब है कि शुक्रवार को भी बिजली गिरने से आठ लोगों की मौत हो चुकी है।
राजापुर थाना क्षेत्र में रविवार की शाम को चिल्लीमल गांव में खेत में चारा काट रही शिवकुमारी (32) पत्नी गणेश, शिवकुमारी (40) पत्नी मतगंजन और सुनीता (33) पत्नी राजाराम चारा काटकर अपनी अपनी बकरियों के साथ घर लौट रहीं थी। रास्ते में अचानक बारिश के बाद बिजली गिरने से दोनों शिवकुमारी की मौत हो गई जबकि सुनीता को गंभीर हालत में राजापुर पीएचसी में भर्ती कराया गया। तीनों बकरियों ने भी मौके पर दम तोड़ दिया। इसी क्षेत्र के बरद्वारा गांव में खेत में चारा काट रही दीपा (25) पुत्री बाबूलाल और उर्मिला (22) पुत्री बुद्धइया की भी बिजली की चपेट में आने से मौत हो गई। साथ ही इसी गांव में तीन अन्य महिलाएं झुलस गई हैं जिन्हें पहाड़ी सीएचसी में भर्ती कराया गया है। बेराउर गांव की निर्मला देवी बिजली की चपेट में आने से घायल हो गई। नैनी और बरद्वारा गांव में चार अन्य ग्रामीण भी बिजली से झुलस गए।
मऊ के शेषाशुबकरा गांव में रविवार शाम खेत से चारा काटकर आ रही मंजू निषाद (32) पत्नी तेजबली की बिजली की चपेट में आने से मौके पर ही मौत हो गई। इसी गांव में एक अन्य महिला बिजली से झुलसी जिसे सीएचसी में भर्ती कराया गया है। इसके अलावा शिवरामपुर चौकी क्षेत्र के बैहार गांव में कक्षा चार का छात्र अनिल यादव (13) पुत्र मंगली यादव रविवार शाम खेत के पास मवेशी चराते समय बिजली की चपेट में आ गया। जानकारी होते ही परिजन उसे पीएसची शिवरामपुर ला रहे थे जहां रास्ते में उसकी मौत हो गई। पथरौड़ी गांव में भी बिजली से एक चरवाहा झुलसा जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया।
चरवाहे झुलसे, 50 बकरियां मरीं
हमीरपुर जिले में तीन स्थानों पर आकाशीय बिजली गिरी। जिसमें दो लोगों की मौत हो गई। साथ ही दो चरवाहे जहां झुलस गए वहीं बारिश में पेड़ के खड़ी 50 बकरियां मरी हैं।
मुख्यालय के निकटवर्ती गांव मेरापुर निवासी बृजेश (32) पुत्र गजराज निषाद रविवार को सुबह 10 बजे घर से खेतों की जुताई कराने के लिए कहकर निकल गया था। तभी दोपहर में गरज व चमक के साथ हल्की बूंदा बांदी होने लगी। इसी बीच आकाशीय बिजली गिरने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मृतक के बड़े भाई भोला ने बताया कि उसका भाई सुबह दस बजे खेतों की जुताई कराने को कहकर घर से निकल गया था। दोपहर में उन्हें सूचना मिली की बृजेश खेतों में झुलसा पड़ा है। जब वह घटना स्थल पर जाकर देखा तो बृजेश मृत पड़ा मिला। घटना की सूचना कोतवाली पुलिस को दी गई। जिस पर कोतवाली के एसआई अरविंद पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मृतक अपने पीछे पत्नी शारदा व दो लड़के व एक लड़की छोड़ गया है। राठ प्रतिनिधि के अनुसार क्षेत्र क्षेत्र के नौरंगा गांव ठहरे टावर लगाने वाली कंपनी के मजदूर गोहानी पनवाड़ी गांव के बीच 400 केवीए की एचवीडीसी लाइन बिछा रहे है। रविवार की दोपहर बाद पश्चिम बंगाल निवासी मजदूर पंचम मारठी (30) पुत्र लखिन मारठी खंभे पर चढ़कर काम कराने लगा। तभी आकाशीय बिजली गिरने से गंभीर रूप से घायल हो गया। अन्य मजदूर उसे लेकर अस्पताल पहुंचे जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। सरीला प्रतिनिधि के अनुसार रविवार को क्षेत्र में सुबह से हो रही बारिश में पचखुरा गांव में तेज गर्जना के साथ आकाशीय बिजली गिरी। जहां गांव के मोहर सिंह व रामहेत अपनी व कुछ गांव वालो की बकरियां चरा रहे थे। जिसमें आकाशीय बिजली के चपेट में आने से मोहर सिंह की 52 व रामहेत की दो बकरियों की मौत हो गई। जबकि आधा दर्जन से अधिक बकरियां घायल हो गईं। इसकी चपेट में आकर दो चरवाहे भी झुलस