Kanpur Dehat: देर रात भरभरा कर गिरा कच्चा मकान, मलबे में दबा पूरा परिवार, मासूम की मौत और तीन घायल
सिकंदरा थाना क्षेत्र के चितवाखेड़ा गांव में देर रात एक कच्चा मकान भरभरा कर गिर गया। इसमें घर में सो रहा पूरा परिवार मलबे में दब गया। इस हादसे में दो वर्षीय मासूम की मौत हो गई, जबकि तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कानपुर देहात के सिंकदरा थाना क्षेत्र में देर रात कच्चा मकान ढह गया। इसमें पूरा परिवार मलबे के नीचे दबकर घायल हो गया। ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत के बाद सभी को बाहर निकाला। सभी को अस्पताल में पहुंचाया गया, जहां दो वर्ष के मासूम की मौत हो गई।
मामला रसधान कस्बे के मोहल्ला चितवाखेड़ा का है, जहां शुक्रवार तड़के सुबह चार बजे कच्चा मकान ढह गया। इसमें सो रहा पूरा परिवार पति गिरजेश कुमार (35), पत्नी ललिता देवी, दो साल का बेटा और तीन साल की बेटी मलबे के नीचे दब गया। साथ ही, तीन बकरियां भी दब गईं।
मोहल्ला के लोगों ने तेज आवाज सुनकर अपने-अपने घरों से बाहर निकल, तो देखा कि पड़ोस के गिरजेश का मकान गिर गया है। ग्रामीणों ने हादसे की सूचना सिकंदरा थाना पुलिस को देते हुए दबे हुए घायलों को बाहर निकाला। इसके बाद सभी को एम्बुलेंस से सीएचसी पहुंचाया।
यहां प्राथमिक उपचार के बाद चारों घायलों को जिला अस्तपताल रेफर कर दिया गया है। इस हादसे में मासूम बेटे की मौत हो गई। बता दें कि गिरजेश का छोटा भाई सर्वेश कुशवाहा भी उसी मकान के आधे हिस्से मे पत्नी और बच्चों के साथ रहता है।
नहीं मिल सका था पीएम आवास योजना का मकान
उसका परिवार भी दीवार के सहारे लगे छप्पर में सो रहा था। उसका परिवार बाल-बाल बच गया, लेकिन उसकी दो बकरियों की मौत हो गई। वही सर्वेश कुशवाहा ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास के लिए आवेदन किया था, जहां 20 हजार रूपये की मांग के चलते आवास नहीं मिल सका।