फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   know about these business men of kanpur

पहले बेचते थे खुली चाय, अब 11 राज्यों में छाए, इनसे जानिए 'कैसे बनें सफल व्यापारी'

Sat, 25 Aug 2018 05:16 PM IST
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Updated Sat, 25 Aug 2018 05:16 PM IST
सार

- 28 साल पहले खोली थी दुकान, 1992 में मोहनी नाम से बाजार में उतारी ब्रांडेड चाय
- एक लाख रुपये और उधारी के माल से की शुरुआत, आज सालाना टर्नओवर 350 करोड़ का
- 2018 में रनियां में छह लाख किलो क्षमता वाला फुली ऑटोमैटिक वेयरहाउस बनवाया

विज्ञापन
know about these business men of kanpur
मोहिनी चाय कंपनी के मालिक

विस्तार

एक कुशल व्यापारी वही है, जो समय के बदलाव को समझे और उसके अनुसार ही खुद को और अपने उत्पादों को ढाल ले। कानपुर के रमेश चंद्र अग्रवाल ने चाय के कारोबार में आ रहे बदलाव को समझा और फिर भाइयों दिनेश चंद्र, सुरेश चंद्र और मनोज कुमार के सहयोग व परिश्रम से मोहनी चाय को एक ब्रांड के रूप में स्थापित कर दिया।
विज्ञापन


करीब 28 साल पहले कैनाल पटरी स्थित दुकान से खुली चाय बेचनी शुरू की थी। अब दादा नगर स्थित फैक्ट्री से रोजाना करीब 60 टन चाय सप्लाई करते हैं। मोहनी चाय की सप्लाई 11 राज्यों में है।
विज्ञापन


मूल रूप से हरियाणा के निवासी स्व. किशोरी लाल अग्रवाल करीब 100 पहले कानपुर आए थे। उनके बेटे केशव प्रसाद अग्रवाल विभिन्न कारोबार से जुड़े रहे। 1980 में केशव प्रसाद ने कैनाल रोड पर खुली चाय का कारोबार शुरू किया। इस काम में उनके बेटे रमेश, दिनेश, सुरेश और मनोज भी जुड़ गए। 80 के दशक में ही खाद्य पदार्थों में मिलावट की बढ़ती घटनाओं के कारण खुली वस्तुओं की मांग घटने लगी। इनकी जगह बड़ी कंपनियों की पैकेट बंद वस्तुओं ने लेनी शुरू कर दी। ग्राहकों का रुझान पैकेट बंद चाय की ओर होने के कारण खुली चाय की मांग में भी दिनोंदिन कमी आने लगी। इसके चलते अग्रवाल बंधुओं ने व्यापार का बदलने की सोची। रमेश चंद्र अग्रवाल ने पिता और भाइयों से विचार-विमर्श कर पैकेट बंद चाय का उत्पादन करने का फैसला किया।

विज्ञापन
विज्ञापन

सीमित संसाधनों से साधा बड़ा लक्ष्य

know about these business men of kanpur
मोहिनी चाय कंपनी के मालिक
उस समय पैकेट बंद चाय के कारोबार में बड़ी कंपनियों का दबदबा था। इनसे प्रतिस्पर्धा के लिए अग्रवाल बंधुओं के पास संसाधन तो सीमित थे, लेकिन जुनून गजब का था। महज एक लाख रुपये की जमा पूंजी और उधारी के माल से मोहनी चाय के रूप में पैकेट बंद चाय बाजार में उतारी। दिनेश बताते हैं कि काम की शुरुआत में लोग नए ब्रांड को लेने से मना कर देते थे। कई लोग सैंपल के रूप में माल रख जाने और बिकने पर पैसा देने की बात करते थे। हालत यह हो जाती कि चार-चार महीने बाद भी 40-50 किलो माल नहीं बिकता था। एक बार तो सभी भाइयों ने पिता के साथ बैठकर फैसले पर फिर से विचार किया। इस दौरान तक मशीन भी लग गई थी, बाजार में माल जाने से उधारी भी हो गई थी। इसलिए सभी ने फैसला किया कि अब पीछे नहीं हटना है।

 

तीन-चार साल की कड़ी मेहनत के बाद शहर के आसपास के क्षेत्रों में मोहनी चाय की मांग बढ़ी। फिर एक के बाद एक नए प्लांट लगने लगे। पनकी में उत्पादन इकाई लगाई। 2015 में दादा नगर में फैक्ट्री स्थापित हुई। इस साल रनियां में चाय उद्योग के सबसे आधुनिक जर्मन तकनीक वाले भंडारगृह (वेयरहाउस) की स्थापना की गई है। इसमें छह हजार टन चाय का भंडारण किया जा सकता है। एक लाख रुपये से शुरू हुआ कारोबार आज 350 करोड़ के टर्नओवर तक पहुंच गया है। वर्तमान में मोहनी चाय की सप्लाई उप्र, उत्तराखंड, उड़ीसा, झारखंड, बिहार, मध्य प्रदेश आदि राज्यों में हो रही है। अग्रवाल बंधु संयुक्त परिवार को सफलता की बड़ी पूंजी मानते हैं। चार भाइयों में सबसे बड़े रमेश कंपनी के प्रबंध निदेशक हैं। सभी भाई स्वरूप नगर में संयुक्त रूप से रहते हैं। 

युवाओं को संदेश

know about these business men of kanpur
मोहिनी चाय कंपनी के मालिक
युवाओं को संदेश
दिनेश ने कहा कि आज युवा तुरंत सफलता चाहते हैं। इसके लिए वे वर्तमान जरूरत के लिहाज से कॅरियल का जो भी विकल्प मिलता है, उसे अपना लेते हैं। ऐसे युवा जिस कंपनी या व्यवसाय से जुड़ते हैं, उसमें मन नहीं लगाते। ऐसा करने से वह खुद के साथ दूसरों का भी नुकसान करते हैं। इसलिए अपना लक्ष्य स्पष्ट रखें। साथ ही आजकल के युवा सोशल मीडिया पर बहुत ज्यादा समय दे रहे हैं। उन्हें यह समझना चाहिए कि यह उनके कॅरियर या वर्तमान संपर्कों के लिए सहायक हैं। इनका गुलाम नहीं बनना चाहिए। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed