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Kanpur: कल से गुरु हो जाएंगे अस्त, नहीं होंगे मांगलिक कार्य, इन चार राशियों पर पड़ेगा असर
Wed, 11 Jun 2025 07:33 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Wed, 11 Jun 2025 07:33 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
देव गुरु ब्रहस्पति 12 जून की शाम 7:37 बजे से अस्त हो जाएंगे और नौ जुलाई तक इसी अवस्था में रहेंगे। इस दाैरान मांगलिक कार्य नहीं होंगे। वहीं, 27 दिन तक चार राशियों के जातकों को इसका लाभ मिलेगा। ज्योतिषाचार्य पं. पीएन द्विवेदी ने बताया कि वैदिक ज्योतिष के अनुसार, देव गुरु ब्रहस्पति देवताओं के गुरु हैं। यह भाग्य, समृद्धि, ज्ञान और सम्मान के कारक हैं। गुरु करीब 13 माह में एक से दूसरी राशि में गोचर करते हैं, लेकिन इस वर्ष इनकी गति सामान्य से दोगुनी होगी। इसकी वजह से यह एक वर्ष में दो बार राशि परिवर्तन करेंगे। इस समय बृहस्पति मिथुन राशि में विराजमान हैं। अक्तूबर तक इसी राशि में रहेंगे।
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इन राशियों पर पड़ेगा असर
मेष: गुरु मेष राशि के तीसरे भाव में विराजमान हैं, जो शुभ नहीं माने जाते हैं, लेकिन अस्त होने की वजह से मेष राशि वालों को कई क्षेत्रों में शुभ फलों की प्राप्ति होगी। भाई-बहन से रिश्तों में सुधार होगा। सकारात्मक सोच में वृद्धि होगी। भाग्यवश कुछ काम बनेंगे।
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कर्क: खर्चों में कमी आएगी और धन की बचत करना संभव हो सकेगा। सेहत में सुधार होगा। कर्ज से छुटकारा मिल सकता है। कार्यों में सफलता प्राप्त होगी। साथ ही भाग्य का भी साथ मिलेगा।
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वृश्चिक: स्वास्थ्य में सुधार होगा। कार्यों की विघ्न-बाधाएं खत्म हो सकती हैं। शासन-सत्ता का सहयोग मिलेगा। रुका हुआ पैसा भी वापस मिल सकता है। पारिवारिक रिश्तों में मधुरता आएगी। हालांकि, छात्रों को कड़ी मेहनत करने की जरूरत होगी।
मकर: इस राशि के छठवें भाव में गुरु विराजमान हैं। मकर राशि के लिए गुरु इस भाव में गोचर लाभप्रद नहीं माना जाता है, लेकिन गुरु का अस्त होना लाभकारी हो सकता है। गुरु अस्त होने से सरकारी कार्यों में आने वाली अड़चनें दूर होंगी। सेहत में सुधार होगा।