Kanpur: मनमानी करने पर डीएम ने की सीएमओ को हटाने की संस्तुति, प्रमुख सचिव को लिखा पत्र…कही ये बात
Kanpur News: जिलाधिकारी ने बताया कि सीएमओ ने डॉ. आरएन सिंह, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी समेत अन्य डॉक्टरों के 10 दिन के अंदर नौ बार तबादले के आदेश जारी कर दिए। इसके साथ यह भी संज्ञान में आया कि सीएमओ डॉ. हरिदत्त नेमी कर्मचारियों का मानसिक व आर्थिक उत्पीड़न तथा भ्रष्ट आचरण को बढ़ावा दे रहे हैं।
विस्तार
कानपुर में जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने सीएमओ को हटाने की संस्तुति की है। उन्होंने प्रमुख सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण को पत्र लिखा कि सीएचसी-पीएचसी, कांशीराम अस्पताल के निरीक्षण में मिलीं खामियों में सुधार करने और लापरवाह कर्मियों पर कार्रवाई के निर्देश देने के बाद भी सीएमओ हरिदत्त नेमी ने कोई कार्रवाई नहीं की। वह डॉक्टरों के मनमाने तबादले भी कर रहे हैं।
डीएम ने पत्र में लिखा है कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत रिक्त पदों का विज्ञापन संबंधित विभाग की वेबसाइट पर जारी नहीं किया गया। इसके साथ ही साक्षात्कारों का परिणाम भी चार दिन के अंदर प्रस्तुत नहीं किया। वित्त एवं लेखा सेवा से नामित वरिष्ठ वित्त एवं लेखाधिकारी डॉ. वंदना सिंह को वित्तीय परीक्षण एवं पदेन कार्यों से हटा दिया।
10 दिन के अंदर नौ बार तबादले के आदेश किए जारी
उनके स्थान पर गैर वित्त सेवा कर्मी को नामित कर दिया। यही नहीं डॉ. आरएन सिंह, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी समेत अन्य डॉक्टरों के 10 दिन के अंदर नौ बार तबादले के आदेश जारी कर दिए। इसके साथ यह भी संज्ञान में आया कि सीएमओ डॉ. हरिदत्त नेमी कर्मचारियों का मानसिक व आर्थिक उत्पीड़न तथा भ्रष्ट आचरण को बढ़ावा दे रहे हैं।
प्रशासनिक नियंत्रण अत्यंत लचर व शिथिल
तीन माह में जनपद की शासकीय स्वास्थ्य सेवाओं के केंद्रों का निरीक्षण किया गया, जिसमें पाया गया कि सीएमओ का प्रशासनिक नियंत्रण अत्यंत लचर व शिथिल है। निरीक्षण के दौरान अनुपस्थित, लापरवाह व चिकित्सा अभिलेखों में मरीजों की फर्जी प्रविष्टियां करने वाले चिकित्सकों के विरुद्ध कोई कार्रवाई नहीं की गई। यह सभी मामले गंभीर हैं। इनको संज्ञान में लेकर कार्रवाई करें।
सीएमओ के खिलाफ लगातार शिकायतें मिल रही थीं। यही नहीं गलत तरीके से डॉक्टरों के तबादले किए गए। निरीक्षण के दौरान मिलीं खामियों को सही करने के निर्देश के बाद भी सुधार नहीं किया गया। प्रमुख सचिव को पत्र लिखकर कार्रवाई की संस्तुति की है। -जितेंद्र प्रताप सिंह, जिलाधिकारी