Kanpur: 'गली से निकला तो जूतों से मारा', युवक ने सुसाइड से पहले वीडियो बना बयां किया दर्द, मौत
Kanpur Dehat: सट्टी थाना क्षेत्र से एक बेहद सनसनीखेज और कलेजा कंपा देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक 24 वर्षीय युवक ने दबंगों द्वारा की गई बर्बरता और सरेआम हुई बेइज्जती से क्षुब्ध होकर जहरीली टिकिया खाकर आत्महत्या कर ली।
विस्तार
सट्टी थाना क्षेत्र के बहोरापुर गांव निवासी 24 वर्षीय महेंद्र उर्फ मिलन कटियार की जहरीली गोलियां खाने के बाद इलाज के दौरान मौत हो गई। आत्मघाती कदम उठाने से पहले युवक ने एक वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल किया, जिसमें उसने कुछ लोगों पर मारपीट का आरोप लगाते हुए उन्हें अपनी मौत के लिए जिम्मेदार ठहराया। हालांकि, संवाद न्यूज एजेंसी वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं करता है।
'बाबू के घरवालों ने फालतू में मारा'.. वीडियो में बयां किया दर्द
सहाबापुर गांव में हुई इस वारदात के बाद मृतक मिलन कटियार का जो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, वह बेहद भावुक करने वाला है। वीडियो में युवक रोते हुए कह रहा है, मैं हूं मिलन कटियार... बाबू के घर वालों ने मुझे मारा फालतू में। मैं सिर्फ उनकी गली से निकला था, इसलिए उन लोगों ने मुझे बेरहमी से पीटा। अपमान के कारण मैं जहरीली टिकियां खा रहा हूं। जिन लोगों की वजह से मैं आत्महत्या कर रहा हूं, उन पर कानून कड़ी से कड़ी कार्रवाई करे और उन्हें सख्त सजा दे। हालांकि, वायरल वीडियो की सत्यता की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं करता है, लेकिन इस वीडियो ने पुलिस महकमे में खलबली मचा दी है।
रात को घर लौटा तो होने लगीं उल्टियां
सट्टी थाना क्षेत्र के बहोरापुर गांव निवासी पीड़ित पिता शशि कपूर ने बताया कि उनका छोटा बेटा महेंद्र उर्फ मिलन कटियार (24) अविवाहित था और गांव में ही खेती-किसानी में हाथ बंटाता था। रविवार शाम करीब पांच बजे मिलन के दोस्त कोमल ने उसे फोन किया और सहाबापुर गांव तक छोड़ने के लिए गांव के बाहर बने एक आश्रम पर बुलाया।
मिलन अपनी बाइक से दोस्त को छोड़ने चला गया। परिजनों के मुताबिक, जैसे ही मिलन सहाबापुर गांव की एक गली से गुजरा, वहां पहले से मौजूद कुछ दबंगों ने उसे घेर लिया और बेरहमी से मारपीट की। इसके बाद गहरे सदमे में आए मिलन ने आत्मघाती कदम उठा लिया।
रात करीब आठ बजे जब वह घर लौटा तो लगातार उल्टियां कर रहा था। हालत बिगड़ते देख जब परिजनों ने कड़ाई से पूछा, तो उसने रोते हुए पूरी आपबीती सुनाई। परिजन उसे तुरंत अकबरपुर के एक निजी अस्पताल ले गए, जहां सोमवार सुबह इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
जूतों की मार बर्दाश्त नहीं कर सका मिलन
अस्पताल परिसर में मिलन की मौत की खबर सुनते ही परिजनों की चीखें निकल गईं। मृतक की मौसी रेखा रो-रोकर बेहाल दिखीं। उन्होंने रोते हुए गंभीर आरोप लगाया कि उनके भतीजे मिलन को सहाबापुर गांव के 5 से 6 दबंगों ने एक गाड़ी में खींचकर दबोच लिया और जूतों से बुरी तरह पीटा।
मौसी ने कहा, "मिलन सरेआम हुई इस घोर बेइज्जती और जूतों की मार को बर्दाश्त नहीं कर सका। खुद को अपमानित महसूस करने के कारण उसने अपनी जान दे दी।" उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मारपीट करने वाले लोग मिलन को उस गांव में आने-जाने से रोकते थे, जबकि सार्वजनिक रास्ते पर किसी को भी काम से जाने का अधिकार है। परिवार ने सभी आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की है।
दो आरोपी हिरासत में, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
घटना की सूचना मिलते ही सट्टी थाना पुलिस अलर्ट हो गई। सट्टी थानाध्यक्ष कालीचरण कुशवाहा ने बताया कि मामला पुलिस के संज्ञान में है और त्वरित कार्रवाई करते हुए संदिग्धों में से दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
पुलिस के मुताबिक, अभी तक पीड़ित परिवार की ओर से कोई औपचारिक लिखित शिकायत नहीं मिली है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। थाना प्रभारी ने आश्वासन दिया कि तहरीर मिलने और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मामले में सख्त कानूनी धाराएं बढ़ाकर आगे की उचित कार्रवाई की जाएगी।