{"_id":"5d5fbefb8ebc3e6c381ee55e","slug":"income-tax-department-raid-agro-firm-in-kanpur","type":"story","status":"publish","title_hn":"कानपुर: आयकर विभाग की टीम ने एग्रो फर्म में पकड़ी 55 करोड़ की अघोषित आय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कानपुर: आयकर विभाग की टीम ने एग्रो फर्म में पकड़ी 55 करोड़ की अघोषित आय
Fri, 23 Aug 2019 03:55 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Fri, 23 Aug 2019 03:55 PM IST
विज्ञापन
आयकर विभाग (फाइल फोटो)
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आयकर विभाग की टीम ने शहर की एग्रो फर्म के प्रतिष्ठानों पर सर्वे करके 55 करोड़ रुपये की अघोषित आय पकड़ी है। वित्तीय वर्ष 2019-20 में आयकर विभाग की यह पहली बड़ी कार्रवाई है। आयकर विभाग ने डाटा विश्लेषण में पाया कि एसएस एग्रो फर्म आय के मुताबिक टैक्स जमा नहीं कर रही है।
बीते तीन वर्षों का रिटर्न देखा गया तो टैक्स लगातार कम जमा हुआ पाया गया। इस पर प्रधान आयकर आयुक्त-2 जयंत मिश्रा के निर्देश पर संयुक्त आयकर आयुक्त वीएस नेगी की टीम ने कंपनी की रूमा और रनियां स्थित दो फैक्ट्रियां में सर्वे किया।
यहां मक्के से लिक्विड ग्लूकोज व स्टार्च समेत अन्य तरह के उत्पाद बनाए जाते हैं। दस्तावेजों की जांच में सामने आया कि आय छिपाकर कम टैक्स जमा किया जा रहा था। इस पर अफसरों ने दस्तावेज जब्त कर लिए। दो दिन तक चली जांच में 55 करोड़ रुपये की अघोषित आय सामने आई।
विज्ञापन
अफसर इस पर टैक्स जमा करवाने की प्रक्रिया में हैं। जांच करने वालों में डिप्टी कमिश्नर गणेश शंकर सक्सेना, सहायक आयकर आयुक्त विजय सिंह, आयकर अधिकारी एचके ओमर, महेंद्र कुमार, अनिल पटेल, अरविंद कटियार, कुशाग्र प्रताप आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
बीते तीन वर्षों का रिटर्न देखा गया तो टैक्स लगातार कम जमा हुआ पाया गया। इस पर प्रधान आयकर आयुक्त-2 जयंत मिश्रा के निर्देश पर संयुक्त आयकर आयुक्त वीएस नेगी की टीम ने कंपनी की रूमा और रनियां स्थित दो फैक्ट्रियां में सर्वे किया।
विज्ञापन
यहां मक्के से लिक्विड ग्लूकोज व स्टार्च समेत अन्य तरह के उत्पाद बनाए जाते हैं। दस्तावेजों की जांच में सामने आया कि आय छिपाकर कम टैक्स जमा किया जा रहा था। इस पर अफसरों ने दस्तावेज जब्त कर लिए। दो दिन तक चली जांच में 55 करोड़ रुपये की अघोषित आय सामने आई।
विज्ञापन
अफसर इस पर टैक्स जमा करवाने की प्रक्रिया में हैं। जांच करने वालों में डिप्टी कमिश्नर गणेश शंकर सक्सेना, सहायक आयकर आयुक्त विजय सिंह, आयकर अधिकारी एचके ओमर, महेंद्र कुमार, अनिल पटेल, अरविंद कटियार, कुशाग्र प्रताप आदि मौजूद रहे।