IIT Suicide Case: गाइड प्रो. पारितोष की लैब बंद करने के निर्देश, जांच के दौरान कई छात्रों ने भी लगाए थे आरोप
Kanpur News: निदेशक प्रो. मणींद्र अग्रवाल ने कहा कि जांच कमेटी की रिपोर्ट आने तक लैब को बंद ही रखा जाएगा। शोध गाइड छात्रों से सीधे संपर्क में नहीं रहेंगे। उन्होंने माना कि प्रोफेसर के खिलाफ कई शिकायतें हैं, लेकिन अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।
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आईआईटी कानपुर में शोध छात्र अंकित यादव की आत्महत्या के बाद संस्थान ने बड़ा कदम उठाया है। आईआईटी प्रशासन ने मामले में इंक्वायरी कमेटी की जांच रिपोर्ट आने से पहले ही अंकित के गाइड प्रो. पारितोष सारथी सुब्रमण्यम की लैब को बंद करने के निर्देश दिए हैं।
रिपोर्ट आने तक वह छात्रों के सीधे संपर्क में नहीं रहेंगे और रिसर्च का कोई काम भी नहीं करेंगे। आईआईटी कानपुर में पिछले दिनों केमिस्ट्री विभाग के शोध छात्र अंकित यादव ने संस्थान के हॉस्टल में आत्महत्या कर ली थी।
कई छात्रों ने प्रो. पारितोष के खिलाफ की थी शिकायत
सुसाइड नोट में तो उसने किसी को जिम्मेदार नहीं ठहराया था, लेकिन परिजनों ने अंकित के गाइड प्रो. पारितोष सारथी के ऊपर कई गंभीर आरोप लगाए थे। वहीं, आईआईटी की जांच के दौरान भी कई छात्रों ने प्रो. पारितोष के खिलाफ शिकायत की थी। इसके बाद आईआईटी प्रशासन ने बड़ा फैसला किया है।
परिजनों ने गाइड की भूमिका पर उठाए थे सवाल
नोएडा निवासी अंकित ने जुलाई 2024 में संस्थान में शोध कार्य शुरू किया था। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के फेलोशिप प्रोग्राम के तहत अंकित को शोध कार्य का मौका मिला था। उनके परिजनों ने शोध गाइड की भूमिका पर सवाल उठाए थे।
गाइड छात्रों से सीधे संपर्क में नहीं रहेंगे
निदेशक प्रो. मणींद्र अग्रवाल ने कहा कि जांच कमेटी की रिपोर्ट आने तक लैब को बंद ही रखा जाएगा। शोध गाइड छात्रों से सीधे संपर्क में नहीं रहेंगे। उन्होंने माना कि प्रोफेसर के खिलाफ कई शिकायतें हैं, लेकिन अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ कहा जा सकता है।