Startup: फसल में लगा रोग तो सेटेलाइट से आएगा अलर्ट, आईआईटी के स्टार्टअप सैटस्योर ने तैयार की तकनीक
सैटस्योर स्टार्टअप विभिन्न सेटेलाइट के माध्यम से इमेज को एकत्र करता है। फिर उसका एनालिसिस कर डाटा तैयार करता है। फसलों को लेकर स्टार्टअप के पास सेटेलाइट की मदद से पिछले 10 वर्षों का डाटा है।
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किसानों की समस्याओं को सुलझाने का बीड़ा अब आईआईटी कानपुर के स्टार्टअप सैटस्योर ने उठाया है। इसकी मदद से किसानों की फसल में रोग लगने पर सेटेलाइट से कंट्रोल रूम में अलर्ट आ जाएगा। इसके बाद संबधित कृषि अधिकारी अपने क्षेत्र के किसानों से समय रहते बचाव की जानकारी दे पाएंगे और किसान फसल खराब होने से बचा पाएंगे।
आईआईटी कानपुर इंक्यूबेटेड इस स्टार्टअप ने तेलंगाना सरकार से समझौता कर लिया है। साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार से बात चल रही है। आईआईटी में वर्ष 2017 में पढ़ने वाले प्रतीप वासु, अभिषेक राजू व रश्मित सिंह सुखमणि ने मिलकर एक स्टार्टअप शुरू किया था।
स्टार्टअप से जुड़े सर्वेश कुमार ने बताया कि प्रतीप व रश्मित इसरो में वैज्ञानिक रहे हैं। सर्वेश ने बताया कि यह स्टार्टअप विभिन्न सेटेलाइट के माध्यम से इमेज को एकत्र करता है। फिर उसका एनालिसिस कर डाटा तैयार करता है। फसलों को लेकर स्टार्टअप के पास सेटेलाइट की मदद से पिछले 10 वर्षों का डाटा है।
कम बारिश, अधिक तापमान, दिन, जलवायु परिवर्तन आदि के अनुसार फसलों की पैदावार का डाटा है। इसी डाटा के आधार पर स्टार्टअप वर्तमान इमेज के हिसाब से तेलंगाना में काम कर रहा है और वहां बनाए गए कंट्रोल रूम को अलर्ट कर रहा है। साथ ही किस जिले में कितने क्षेत्रफल में फसल का नुकसान हुआ है, इसका भी डाटा स्टार्टअप तैयार करता है। इससे फसल बीमा योजना का लाभ देने में सरकार को फायदा होगा।
अवैध कब्जों की भी हो सकेगी जानकारी
सर्वेश ने बताया कि आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस की मदद से स्टार्टअप खेत, प्लॉट के अलावा घरों की भी डिजिटल बाउंड्री तैयार कर रहा है। इससे अधिकारियों को अपने कार्यालय पर बैठे-बैठे ही अवैध कब्जे की जानकारी हो सकेगी।