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झोलाछाप कह चिढ़ाया तो होम्योपैथिक डॉक्टर ने खुद को लगाई आग, शोला बन सड़क पर दौड़ा
Thu, 20 Feb 2020 09:19 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Thu, 20 Feb 2020 09:19 PM IST
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डॉक्टर ने लगाई खुद को आग
- फोटो : अमर उजाला
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कानपुर के रेलबाजार थाना क्षेत्र के मीरपुर कैंट में झोलाछाप कर चिढ़ाने पर एक होम्योपैथिक डॉक्टर ने पेट्रोल डाल खुद को आग लगा ली। आग के गोले की तरफ सड़क पर दौड़ने लगे। फिर क्लीनिक में घुस गए। जिससे वहां भी आग लग गई। सूचना पर पहुंची पुलिस और स्थानीय लोगों ने आग बुझाई और डॉक्टर का निजी अस्पताल में भर्ती कराया।
कुछ देर बाद परिजन अस्पताल से डॉक्टर को लेकर चले गए। फिलहाल वर्तमान में वह कहां भर्ती हैं, इसकी जानकारी पुलिस को भी नहीं है। चकेरी के लाल बंगला निवासी होम्योपैथिक डॉक्टर इंद्रजीत सिंह का मीरपुर कैंट में क्लीनिक है। उनके साथ उनका डॉक्टर लड़का संदीप सिंह भी क्लीनिक पर बैठता है।
रेलबाजार इंस्पेक्टर दधिबल तिवारी ने बताया कि गुरुवार दोपहर करीब ढाई बजे क्लीनिक पर संदीप व कंपाउंडर प्रदीप था। तभी अचानक पेट्रोल डाल संदीप ने खुद को आग लगा ली। आग लगाते ही वह बाहर दौड़े। आग के गोले की तरह संदीप को देख इलाकाई लोग दहशत में आ गए। लोग पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास करने लगे।
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कुछ देर बाद परिजन अस्पताल से डॉक्टर को लेकर चले गए। फिलहाल वर्तमान में वह कहां भर्ती हैं, इसकी जानकारी पुलिस को भी नहीं है। चकेरी के लाल बंगला निवासी होम्योपैथिक डॉक्टर इंद्रजीत सिंह का मीरपुर कैंट में क्लीनिक है। उनके साथ उनका डॉक्टर लड़का संदीप सिंह भी क्लीनिक पर बैठता है।
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रेलबाजार इंस्पेक्टर दधिबल तिवारी ने बताया कि गुरुवार दोपहर करीब ढाई बजे क्लीनिक पर संदीप व कंपाउंडर प्रदीप था। तभी अचानक पेट्रोल डाल संदीप ने खुद को आग लगा ली। आग लगाते ही वह बाहर दौड़े। आग के गोले की तरह संदीप को देख इलाकाई लोग दहशत में आ गए। लोग पानी डालकर आग बुझाने का प्रयास करने लगे।
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इस बीच संदीप क्लीनिक में घुस गए। जिससे वहां भी आग लग गई। सूचना पर पहुंची दमकल ने आग पर काबू पाया। उसके बाद परिजन व पुलिस ने संदीप को मॉल रोड स्थित निजी अस्पताल में भर्ती कराया। पर, पुलिस को बगैर जानकारी दिये परिजन संदीव को वहां से लेकर चले गए। इंस्पेक्टर ने बताया कि अस्पताल के डॉक्टरों के मुताबिक संदीप का शरीर तकरीबन 60 फीसदी तक जल चुका है। बेहतर इलाज की जरूरत है।
मुकदमा दर्ज हो गया है, जाओगे जेल
इंस्पेक्टर दधिबल तिवारी ने बताया कि अभी तक जांच में पता चला कि कुछ लोग संदीप को चिढ़ाते थे। वो कहते थे कि संदीप झोलाछाप है। उस पर मुकदमा दर्ज हो गया है और वह जेल जाने वाला है। ये सुनकर वह लगातार परेशान हो रहा था। आशंका है कि इसी त्रस्त होकर उसने खुद को आग लगाई। हालांकि पुलिस अभी तक परिजनों ने कुछ खास बातचीत नहीं कर पाई है। इसलिए आग लगाने का कारण पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सका है।
आर्थिक तंगी तो वजह नहीं
इंस्पेक्टर ने बताया कि एक चर्चा ये भी थी कि संदीप आर्थिक तंगी से परेशान थे। इसलिए उन्होंने आग लगाकर खुदकुशी का प्रयास किया। मगर इस बारे में पुलिस को कुछ ठोस जानकारी नहीं मिल सकी है। इंस्पेक्टर का कहना है कि परिजनों से संपर्क कर मामले की जानकारी ली जाएगी। जो तथ्य सामने आएंगे उस आधार पर कार्रवाई की जाएगी। अगर चिढ़ाने की वजह से ऐसा किया है तो चिढ़ाने वालों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
मुकदमा दर्ज हो गया है, जाओगे जेल
इंस्पेक्टर दधिबल तिवारी ने बताया कि अभी तक जांच में पता चला कि कुछ लोग संदीप को चिढ़ाते थे। वो कहते थे कि संदीप झोलाछाप है। उस पर मुकदमा दर्ज हो गया है और वह जेल जाने वाला है। ये सुनकर वह लगातार परेशान हो रहा था। आशंका है कि इसी त्रस्त होकर उसने खुद को आग लगाई। हालांकि पुलिस अभी तक परिजनों ने कुछ खास बातचीत नहीं कर पाई है। इसलिए आग लगाने का कारण पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सका है।
आर्थिक तंगी तो वजह नहीं
इंस्पेक्टर ने बताया कि एक चर्चा ये भी थी कि संदीप आर्थिक तंगी से परेशान थे। इसलिए उन्होंने आग लगाकर खुदकुशी का प्रयास किया। मगर इस बारे में पुलिस को कुछ ठोस जानकारी नहीं मिल सकी है। इंस्पेक्टर का कहना है कि परिजनों से संपर्क कर मामले की जानकारी ली जाएगी। जो तथ्य सामने आएंगे उस आधार पर कार्रवाई की जाएगी। अगर चिढ़ाने की वजह से ऐसा किया है तो चिढ़ाने वालों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।