Hardoi: बारिश में गंगा एक्सप्रेस-वे का 60 मीटर टुकड़ा धंसा; मरम्मत में जुटी कार्यदायी संस्था, बोली रुटीन वर्क
Hardoi News: लगातार बारिश के बीच मल्लावां क्षेत्र में सहादतपुरवा के पास गंगा एक्सप्रेस-वे का करीब 60 मीटर हिस्सा धंस गया। घटना की जानकारी मिलते ही कार्यदायी संस्था की तकनीकी टीम मौके पर पहुंची और मरम्मत कार्य शुरू कराया। धंसे हिस्से में नीचे से गिट्टी भरने का काम पूरा कर लिया गया है, जबकि ऊपरी सतह पर डामरीकरण कराया जाना बाकी है।
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प्रयागराज को मेरठ से जोड़ने वाले गंगा एक्सप्रेस-वे माइलस्टोन संख्या 354 पर धंस गया। सहादतपुरवा के पास लभग साठ मीटर का टुकड़ा सोमवार रात किसी समय धंस गया। इसकी जानकारी मिलते ही कार्यदायी संस्था के तकनीकी कर्मचारियों ने मरम्मत का काम भी शुरू कर दिया। नीचे से गिट्टी भर दी गई है और इस का डामरी करण होना है। खास बात यह है कि यह टुकड़ा उस स्थान से सात किलोमीटर दूर है, जहां से प्रधानमंत्री ने इसका लोकार्पण किया था।
पीएम ने किया था लोकार्पण, 7 किमी दूर धंसी सड़क
उल्लेखनीय है कि गंगा एक्सप्रेस-वे का निर्माण 36,230 करोड़ रुपये की भारी-भरकम लागत से किया गया है। बीते 29 अप्रैल को देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में मल्लावां के पास आयोजित एक भव्य जनसभा में 594 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेस-वे का भव्य लोकार्पण किया था।
जिस स्थान पर यह 60 मीटर लंबा टुकड़ा धंसा है, वह माइलस्टोन संख्या 354 के पास स्थित है। चौंकाने वाली बात यह है कि यह दुर्घटनाग्रस्त हिस्सा उस मुख्य कार्यक्रम स्थल से महज 07 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है, जहां प्रधानमंत्री ने लोकार्पण समारोह को संबोधित किया था।
गिट्टी भरकर कराया जा रहा डामरीकरण
क्षेत्र में पिछले 02 दिनों से रुक-रुक कर हो रही लगातार बारिश के कारण सड़क के नीचे की मिट्टी खिसक गई, जिससे माइलस्टोन संख्या 354 पर सहादतपुरवा के सामने एक्सप्रेस-वे का 60 मीटर हिस्सा धंस गया। गनीमत यह रही कि इस घटना के कारण एक्सप्रेस-वे पर यातायात बाधित नहीं हुआ और बड़ा हादसा होने से टल गया।
मंगलवार सुबह से ही कार्यदायी संस्था के दर्जनों तकनीकी कर्मचारियों और इंजीनियरों ने जेसीबी व पोकलैंड मशीनों की मदद से गिट्टी भरने का काम शुरू किया, जिसे शाम 04:00 बजे तक पूरा कर लिया गया। अब सड़क के इस हिस्से की ऊपरी सतह को मजबूत करने के लिए डामरीकरण का काम तेजी से किया जा रहा है।
जिला प्रशासन साधे रहा चुप्पी, कार्यदायी संस्था ने बताया रुटीन वर्क
गंगा एक्सप्रेस-वे के महज कुछ ही महीनों में इस तरह धंस जाने के पूरे मामले पर जिला प्रशासन के अधिकारियों ने कोई भी आधिकारिक टिप्पणी करने से साफ इंकार कर दिया और चुप्पी साधे रखी। वहीं दूसरी तरफ, कार्यदायी संस्था के तकनीकी यूनिट हेड प्रतिनिधि राजेश मिश्रा ने बताया कि वह लखनऊ से तुरंत मौके के लिए रवाना हो गए हैं।
उन्होंने आशंका जताते हुए कहा कि पिछले 48 घंटे से जारी लगातार बारिश के कारण जलभराव या मिट्टी के कटाव से कहीं कोई तकनीकी समस्या आई होगी। उन्होंने यह भी दावा किया कि एक्सप्रेस-वे पर मरम्मत का काम एक रुटीन प्रक्रिया के तहत लगातार चलता रहता है और जल्द ही सड़क को पूरी तरह से सुचारु कर दिया जाएगा।