{"_id":"692c9accd496f16e7e008d8a","slug":"four-cyber-fraudsters-arrested-for-duping-people-on-the-pretext-of-housing-scheme-kanpur-news-c-220-1-sknp1003-134792-2025-12-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kanpur News: आवास योजना का झांसा देकर ठगी करने वाले चार साइबर ठग गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kanpur News: आवास योजना का झांसा देकर ठगी करने वाले चार साइबर ठग गिरफ्तार
Mon, 01 Dec 2025 12:58 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
Updated Mon, 01 Dec 2025 12:58 AM IST
विज्ञापन
कानपुर देहात। साइबर ठगी करने वाले चार शातिरों को पुलिस ने पकड़ा है। पकड़े गए युवक अनजान नंबरों पर कॉल कर अश्लील वीडियो देखने को अपराध बता धमका कर रुपये ऐठते थे। साथ ही सरकारी योजना के तहत आवास दिलाने के नाम पर भी ठगी करते थे।
एसपी श्रद्धा नरेंद्र पांडेय ने बताया कि साइबर अपराध रोकने व जागरूकता को लेकर पुलिस लगातार काम कर रही है। अकबरपुर निवासी जितेंद्र कुमार यादव से साइबर ठगी हुई। जितेंद्र ने पुलिस को बताया था कि वह जनसेवा केंद्र चलाते हैं। 10 सितंबर को उनके जन सेवा केंद्र पर वीरेंद्र कुमार निवासी बलरामपुर रानीपुर थाना मंगलपुर कानपुर देहात अपने चार साथियों के साथ आया। उसने जनसेवा केंद्र पर यूपीआई के क्यूआर कोड के माध्यम से जितेंद्र के खाते में करीब 26 हजार रुपये डाल कर नकद रुपये ले लिए। इसके बाद भी दो बार आकर रुपये लिए।
कुछ दिन के बाद जब जितेंद्र का खाता फ्रीज हो गया तो उसने बैंक से जानकारी की तब उन्हें अपने साथ हुई धोखाधड़ी की जानकारी हुई। शिकायत पर अकबरपुर थाना पुलिस, एसओजी व साइबर थाना की टीम काम कर रही थी। साइबर थाना प्रभारी अब्दुल कलाम ने बताया कि टीम ने सर्विलांस व अन्य साक्ष्यों के आधार पर मंगोलपुर थाना गजनेर निवासी अखिलेश सिंह चौहान व देवेंद्र प्रताप सिंह उर्फ गोरे, शीतलपुर थाना गजनेर निवासी अनुज सिंह व मदरेश को पकड़ा।
विज्ञापन
मदरेश मूल रुप से कुशनेर थाना कुंडा जिला प्रतापगढ़ का रहने वाला है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह अनजान नंबरों पर काॅल करके सरकारी आवास योजना के तहत आवास दिलवाने व अश्लील वीडियो देखने का अपराध करने की धमकी देकर पैसा ले लेते थे। अकबरपुर के जनसेवा केंद्र में कई बार रुपये डलवाए। इसके साथ ही अकबरपुर की एक दुकान पर 19 हजार रुपये डलवा कर 10 हजार का मोबाइल लिया। साथ ही शेष रकम वापस ली थी।
साइबर थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी वीरेंद्र की तलाश की जा रही है। पकड़े गए आरोपियों के पास से सात मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। उन्होंने बताया कि अगर किसी व्यक्ति के साथ खाते से धोखाधड़ी से पैसा निकला है तो तुरंत 1930 पर काल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें। किसी योजना, धमकी के बहकावे में मत आएं। आनजान कॉल से बचें। धमकी भरे काॅल आने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें।
विज्ञापन
एसपी श्रद्धा नरेंद्र पांडेय ने बताया कि साइबर अपराध रोकने व जागरूकता को लेकर पुलिस लगातार काम कर रही है। अकबरपुर निवासी जितेंद्र कुमार यादव से साइबर ठगी हुई। जितेंद्र ने पुलिस को बताया था कि वह जनसेवा केंद्र चलाते हैं। 10 सितंबर को उनके जन सेवा केंद्र पर वीरेंद्र कुमार निवासी बलरामपुर रानीपुर थाना मंगलपुर कानपुर देहात अपने चार साथियों के साथ आया। उसने जनसेवा केंद्र पर यूपीआई के क्यूआर कोड के माध्यम से जितेंद्र के खाते में करीब 26 हजार रुपये डाल कर नकद रुपये ले लिए। इसके बाद भी दो बार आकर रुपये लिए।
विज्ञापन
कुछ दिन के बाद जब जितेंद्र का खाता फ्रीज हो गया तो उसने बैंक से जानकारी की तब उन्हें अपने साथ हुई धोखाधड़ी की जानकारी हुई। शिकायत पर अकबरपुर थाना पुलिस, एसओजी व साइबर थाना की टीम काम कर रही थी। साइबर थाना प्रभारी अब्दुल कलाम ने बताया कि टीम ने सर्विलांस व अन्य साक्ष्यों के आधार पर मंगोलपुर थाना गजनेर निवासी अखिलेश सिंह चौहान व देवेंद्र प्रताप सिंह उर्फ गोरे, शीतलपुर थाना गजनेर निवासी अनुज सिंह व मदरेश को पकड़ा।
विज्ञापन
मदरेश मूल रुप से कुशनेर थाना कुंडा जिला प्रतापगढ़ का रहने वाला है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह अनजान नंबरों पर काॅल करके सरकारी आवास योजना के तहत आवास दिलवाने व अश्लील वीडियो देखने का अपराध करने की धमकी देकर पैसा ले लेते थे। अकबरपुर के जनसेवा केंद्र में कई बार रुपये डलवाए। इसके साथ ही अकबरपुर की एक दुकान पर 19 हजार रुपये डलवा कर 10 हजार का मोबाइल लिया। साथ ही शेष रकम वापस ली थी।
साइबर थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी वीरेंद्र की तलाश की जा रही है। पकड़े गए आरोपियों के पास से सात मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। उन्होंने बताया कि अगर किसी व्यक्ति के साथ खाते से धोखाधड़ी से पैसा निकला है तो तुरंत 1930 पर काल करें या www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें। किसी योजना, धमकी के बहकावे में मत आएं। आनजान कॉल से बचें। धमकी भरे काॅल आने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें।