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फर्रुखाबाद: अधेड़ की मौत, दरोगा पर उत्पीड़न का आरोप, पुलिस ने बताई बीमारी से मौत, नहीं कराया पोस्टमार्टम
Mon, 08 Jun 2020 01:55 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फर्रुखाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फर्रुखाबाद
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Mon, 08 Jun 2020 01:55 AM IST
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यूपी पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
फर्रुखाबाद के कांशीराम कालोनी में रविवार को एक अधेड़ की मौत हो गई। परिजनों ने एक दरोगा पर उत्पीड़न का आरोप लगाया। पुलिस ने बीमारी से मौत होने की बात कह कर पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया।
हैवतपुर गढ़िया स्थित कांशीराम कालोनी में एक अधेड़ की मौत होने पर परिजनों ने दरोगा पर उत्पीड़न का आरोप लगाया। कालोनी निवासी रामनरेश कश्यप ने बताया कि उनका भतीजा रतन उर्फ कल्लू उनके और बड़े भाई सुशील कुमार उर्फ पप्पू के साथ रहता था।
पुलिस ने उसे घर से उठा लिया और तीन दिन थाने में बंद रखने के बाद उसे नशीला पदार्थ रखने के आरोप में जेल भेज दिया। भाई सुशील तभी से कल्लू की याद करके बेहोश हो जाते थे।
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मऊदरवाजा थाने के एक दरोगा ने उनके परिवार को इतना उत्पीड़ित किया कि भाई ने कल्लू के गम में दम तोड़ दिया। दबंग पुलिस की शह पर उनकी जान के पीछे पड़े हैं। उधर, दरोगा सद्दाम खान ने बताया कि आरोप निराधार है। कल्लू को सही पकड़ा था। पप्पू को कैंसर था। इसलिए मौत पर पोस्टर्माटम नहीं कराया गया।
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हैवतपुर गढ़िया स्थित कांशीराम कालोनी में एक अधेड़ की मौत होने पर परिजनों ने दरोगा पर उत्पीड़न का आरोप लगाया। कालोनी निवासी रामनरेश कश्यप ने बताया कि उनका भतीजा रतन उर्फ कल्लू उनके और बड़े भाई सुशील कुमार उर्फ पप्पू के साथ रहता था।
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पुलिस ने उसे घर से उठा लिया और तीन दिन थाने में बंद रखने के बाद उसे नशीला पदार्थ रखने के आरोप में जेल भेज दिया। भाई सुशील तभी से कल्लू की याद करके बेहोश हो जाते थे।
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मऊदरवाजा थाने के एक दरोगा ने उनके परिवार को इतना उत्पीड़ित किया कि भाई ने कल्लू के गम में दम तोड़ दिया। दबंग पुलिस की शह पर उनकी जान के पीछे पड़े हैं। उधर, दरोगा सद्दाम खान ने बताया कि आरोप निराधार है। कल्लू को सही पकड़ा था। पप्पू को कैंसर था। इसलिए मौत पर पोस्टर्माटम नहीं कराया गया।