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Kanpur News: ईंधन की आग से दाल पतली, सब्जियां लाल
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कानपुर। तेल कंपनियों की ओर से डीजल-पेट्रोल के दाम फिर बढ़ा दिए गए हैं। पेट्रोल का दाम शहर में 98.36 और डीजल का दाम 92.34 रुपये प्रति लीटर हो गया। 10 दिन में तीसरी बार दाम बढ़े हैं। जब पहली बार दाम बढ़े थे, तब 10 प्रतिशत तक मालभाढ़ा ट्रांसपोर्टरों ने बढ़ाया था। इसके बाद से 90 प्रतिशत खाद्य उत्पादों के दामों में पांच प्रतिशत की तेजी आ गई है। थोक में 103 रुपये किलो बिकने वाली अरहर दाल अब 109 रुपये किलो हो गई है। सब्जियां और फलों के दाम पहले ही 10 प्रतिशत तक बढ़ चुके हैं।
नयागंज मर्चेंट एसोसिएशन के महामंत्री रोशनलाल ने बताया कि एफएमसीजी कंपनियों ने मालभाढ़ा बढ़ने के बाद दाम बढ़ा दिए हैं। एक कंपनी का 100 एमएल वाला तेल जो पहले 50 रुपये एमआरपी था, अब 54 रुपये का हो गया है। 92 रुपये वाला तेल 104 रुपये में हो गया है। डिटर्जेंट पाउडर, डिटर्जेंट केक के दाम भी बढ़ गए है। 75 वाला पाउडर 84 रुपये में हो गया है। 100 वाली पैकिंग 104 रुपये में कर दी गई है।
किराना व्यापारी रितेश द्विवेदी ने बताया कि अब खाद्य कंपनियों ने 650 से 700 एमएल वाली पैकिंग बाजार में ला दी है। पहले 800 और 750 एमएल की पैकिंग में खाद्य तेल आ रहा था। इसकी कीमत भी बढ़ी है। जो रिफाइंड पहले 143 रुपये लीटर था, अब 150 रुपये लीटर हो गया है। सरसों का तेल 167 रुपये किलो से बढ़कर 173 रुपये किलो हो गया है। बादाम, दाल, चावल और आटा के दाम भी बढ़ गए हैं। बादाम के दाम भी 100 रुपये प्रति किलो तक बढ़ गए हैं।
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पेट्रोल और एचएसडी डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय गुप्ता ने बताया कि पेट्रोल का दाम 98.36 और डीजल का दाम 92.34 रुपये प्रति लीटर हो गया। 10 दिन में तीसरी बार दाम बढ़े हैं। उन्होंने बताया कि 30 अक्तूबर 2024 को कंपनियों ने डीलरों कमीशन बढ़ाया था। 44 पैसा डीजल में और पेट्रोल में 65 पैसा कमीशन मिलता है। उस समय से अब तक लगभग पांच रुपये पेट्रोल, डीजल के दाम बढ़ गए हैं। पंपों पर सेल भी कम हो गई है। लेबर, बिजली, हाउस टैक्स, वॉटर टैक्स भी बढ़ गया है। ब्रेड कारोबारी राजेश भल्ला ने बताया कि अप्रैल में पैकिंग महंगी होने पर दो किलो वाली सैंडविच ब्रेड के दाम में 10 रुपये की वृद्धि की थी। उसके बाद से दाम नहीं बढ़े हैं।
चावल, दालों के दाम में बहुत तेजी आ गई है। आगे खाद किल्लत की आशंका है। मालभाढ़ा भी बढ़ गया है। इससे भी भाव तेज हो गए हैं। थोक में जो चावल पहले 39 रुपये किलो में थोक में था, अब उसके दाम 44 रुपये किलो हो गए हैं। अरहर दाल 103 रुपये से बढ़कर 109 रुपये किलो हो गई है। चना दाल, देसी चना, मटर दाल के दाम भी बढ़ गए हैं। -सचिन त्रिवेदी, थोक दाल-चावल कारोबारी
महंगाई लगातार बढ़ती जा रही है। सरकार को इस पर जल्द से जल्द रोक लगानी चाहिए। पहले घर के महीने का खर्च 8000 रुपये के करीब था जो बढ़कर 10 हजार हो गया है। खाने, पीने की चीजें लगातार महंगी होती जा रही हैं। इससे बचत पर भी असर पड़ रहा है। स्कूलों की फीस भी बढ़ चुकी है।
विनीता अग्रवाल, किदवईनगर
बढ़ते मालभाढ़ा और तेज गर्मी ने सबसे ज्यादा सब्जियों के दामों में तेजी ला दी है। हरी सब्जी आढ़ती व्यापार मंडल चकरपुर मंडी के अध्यक्ष सौरभ पांडेय ने बताया कि नींबू पहले 60 रुपये किलो थोक में बिक रहा था, अब इसके दाम 80-100 रुपये किलो तक पहुंच गए हैं। फुटकर में एक बड़ा नींबू 10 रुपये प्रति पीस में बिक रहा है जबकि पहले पांच रुपये प्रति पीस था। भिंडी 20-22 रुपये किलो में हो गई है। पहले इसका भाव 10-12 रुपये किलो था। फुटकर में इसके दाम 30-40 रुपये किलो हो गए हैं। टमाटर 10 रुपये किलो से बढ़कर 20 रुपये किलो हो गया है। फुटकर में 30 रुपये किलो में बिकने लगा है जबकि पहले फुटकर में 25 रुपये किलो भाव थे। आलू 12 रुपये किलो था जो 18 रुपये किलो फुटकर में हो गया है। परवल 60 रुपये किलो फुटकर में बिकने लगा है। अदरक 120 रुपये किलो हो गई है। उन्होंने बताया कि सब्जियों का माल भाढ़ा 20-25 प्रतिशत तक बढ़ा है। गर्मी ज्यादा पड़ने से सब्जियां खराब ज्यादा हो रही हैं। संयुक्त व्यापार मंडल के अध्यक्ष नीतू सिंह ने बताया कि फलों के दाम में भी तेजी आ गई है। केला 60-70 रुपये दर्जन बिक रहा है। बादामी आम 80-90 और तोतापरी 60 रुपये किलो में बिकने लगा है।
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नयागंज मर्चेंट एसोसिएशन के महामंत्री रोशनलाल ने बताया कि एफएमसीजी कंपनियों ने मालभाढ़ा बढ़ने के बाद दाम बढ़ा दिए हैं। एक कंपनी का 100 एमएल वाला तेल जो पहले 50 रुपये एमआरपी था, अब 54 रुपये का हो गया है। 92 रुपये वाला तेल 104 रुपये में हो गया है। डिटर्जेंट पाउडर, डिटर्जेंट केक के दाम भी बढ़ गए है। 75 वाला पाउडर 84 रुपये में हो गया है। 100 वाली पैकिंग 104 रुपये में कर दी गई है।
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किराना व्यापारी रितेश द्विवेदी ने बताया कि अब खाद्य कंपनियों ने 650 से 700 एमएल वाली पैकिंग बाजार में ला दी है। पहले 800 और 750 एमएल की पैकिंग में खाद्य तेल आ रहा था। इसकी कीमत भी बढ़ी है। जो रिफाइंड पहले 143 रुपये लीटर था, अब 150 रुपये लीटर हो गया है। सरसों का तेल 167 रुपये किलो से बढ़कर 173 रुपये किलो हो गया है। बादाम, दाल, चावल और आटा के दाम भी बढ़ गए हैं। बादाम के दाम भी 100 रुपये प्रति किलो तक बढ़ गए हैं।
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पेट्रोल और एचएसडी डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय गुप्ता ने बताया कि पेट्रोल का दाम 98.36 और डीजल का दाम 92.34 रुपये प्रति लीटर हो गया। 10 दिन में तीसरी बार दाम बढ़े हैं। उन्होंने बताया कि 30 अक्तूबर 2024 को कंपनियों ने डीलरों कमीशन बढ़ाया था। 44 पैसा डीजल में और पेट्रोल में 65 पैसा कमीशन मिलता है। उस समय से अब तक लगभग पांच रुपये पेट्रोल, डीजल के दाम बढ़ गए हैं। पंपों पर सेल भी कम हो गई है। लेबर, बिजली, हाउस टैक्स, वॉटर टैक्स भी बढ़ गया है। ब्रेड कारोबारी राजेश भल्ला ने बताया कि अप्रैल में पैकिंग महंगी होने पर दो किलो वाली सैंडविच ब्रेड के दाम में 10 रुपये की वृद्धि की थी। उसके बाद से दाम नहीं बढ़े हैं।
चावल, दालों के दाम में बहुत तेजी आ गई है। आगे खाद किल्लत की आशंका है। मालभाढ़ा भी बढ़ गया है। इससे भी भाव तेज हो गए हैं। थोक में जो चावल पहले 39 रुपये किलो में थोक में था, अब उसके दाम 44 रुपये किलो हो गए हैं। अरहर दाल 103 रुपये से बढ़कर 109 रुपये किलो हो गई है। चना दाल, देसी चना, मटर दाल के दाम भी बढ़ गए हैं। -सचिन त्रिवेदी, थोक दाल-चावल कारोबारी
महंगाई लगातार बढ़ती जा रही है। सरकार को इस पर जल्द से जल्द रोक लगानी चाहिए। पहले घर के महीने का खर्च 8000 रुपये के करीब था जो बढ़कर 10 हजार हो गया है। खाने, पीने की चीजें लगातार महंगी होती जा रही हैं। इससे बचत पर भी असर पड़ रहा है। स्कूलों की फीस भी बढ़ चुकी है।
विनीता अग्रवाल, किदवईनगर
बढ़ते मालभाढ़ा और तेज गर्मी ने सबसे ज्यादा सब्जियों के दामों में तेजी ला दी है। हरी सब्जी आढ़ती व्यापार मंडल चकरपुर मंडी के अध्यक्ष सौरभ पांडेय ने बताया कि नींबू पहले 60 रुपये किलो थोक में बिक रहा था, अब इसके दाम 80-100 रुपये किलो तक पहुंच गए हैं। फुटकर में एक बड़ा नींबू 10 रुपये प्रति पीस में बिक रहा है जबकि पहले पांच रुपये प्रति पीस था। भिंडी 20-22 रुपये किलो में हो गई है। पहले इसका भाव 10-12 रुपये किलो था। फुटकर में इसके दाम 30-40 रुपये किलो हो गए हैं। टमाटर 10 रुपये किलो से बढ़कर 20 रुपये किलो हो गया है। फुटकर में 30 रुपये किलो में बिकने लगा है जबकि पहले फुटकर में 25 रुपये किलो भाव थे। आलू 12 रुपये किलो था जो 18 रुपये किलो फुटकर में हो गया है। परवल 60 रुपये किलो फुटकर में बिकने लगा है। अदरक 120 रुपये किलो हो गई है। उन्होंने बताया कि सब्जियों का माल भाढ़ा 20-25 प्रतिशत तक बढ़ा है। गर्मी ज्यादा पड़ने से सब्जियां खराब ज्यादा हो रही हैं। संयुक्त व्यापार मंडल के अध्यक्ष नीतू सिंह ने बताया कि फलों के दाम में भी तेजी आ गई है। केला 60-70 रुपये दर्जन बिक रहा है। बादामी आम 80-90 और तोतापरी 60 रुपये किलो में बिकने लगा है।