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बेटे को मारना चाहता था कुछ सोंचकर खुद को गोली से उड़ाया
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
Updated Fri, 28 Oct 2016 01:23 AM IST
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चार माह पहले भी मासूम बच्चे पर पिता ने तमंचे से जानलेवा हमला किया था
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महोबा श्रीनगर में बेटे की जान का प्यासा पिता बेटे की जान न ले सका तो उसने खुद को गोली से उड़ा लिया। चार माह पहले भी मासूम बच्चे पर पिता ने तमंचे से जानलेवा हमला किया था। लेकिन फायर सिर के ऊपर से निकल जाने के कारण बच्चे की जान बच गई थी। मृतक की पत्नी ने सीओ को दिए बयान में घटना का खुलासा किया है। घटना थाना श्रीनगर के ग्राम मुरानी की है।
थानाक्षेत्र के ग्राम मुरानी निवासी जय सिंह राजपूत अपने डेढ़ वर्ष के मासूम बेटे की जान का प्यासा था। चार माह पहले उसने बेटे अंश पर तमंचे से फायर किया था। लेकिन फायर सिर के ऊपर से निकल जाने के कारण वह बाल-बाल बच गया था। बुधवार की रात करीब एक बजे जयसिंह अपने कमरे में बच्चों के साथ लेटा था। तभी अचानक उठकर गाली गलौज करते हुए तमंचा लेकर आ गया। पति की आवाज सुनकर पत्नी शांति जाग गई।
पति को तमंचा लिए देखकर उसके होश उड़ गए उसने डेढ़ साल के बेटे अंश को अपने पीछे छिपा लिया। पति के बार-बार कहने के बाद भी उसने अंश को नहीं दिया। पत्नी ने कहा पहले मुझे गोली मारो तब अंश मिलेगा। पति की काफी जद्दोजहद के बाद भी पत्नी ने अंश को नहीं दिया। इससे क्षुब्ध होकर जयसिंह ने खुद को गोली से उड़ा लिया। जिससे उसकी घटना स्थल पर ही मौत हो गई। मृतक की पत्नी शांति ने थाना श्रीनगर में दी गई तहरीर में बताया कि उसके पति बेटे अंश की जान का प्यासा था। सीओ चरखारी नंदलाल का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। पत्नी का कहना है कि बेटे को न पाने कारण उसने खुद को तमंचा कनपटी में लगा कर जान दी है।
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थानाक्षेत्र के ग्राम मुरानी निवासी जय सिंह राजपूत अपने डेढ़ वर्ष के मासूम बेटे की जान का प्यासा था। चार माह पहले उसने बेटे अंश पर तमंचे से फायर किया था। लेकिन फायर सिर के ऊपर से निकल जाने के कारण वह बाल-बाल बच गया था। बुधवार की रात करीब एक बजे जयसिंह अपने कमरे में बच्चों के साथ लेटा था। तभी अचानक उठकर गाली गलौज करते हुए तमंचा लेकर आ गया। पति की आवाज सुनकर पत्नी शांति जाग गई।
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पति को तमंचा लिए देखकर उसके होश उड़ गए उसने डेढ़ साल के बेटे अंश को अपने पीछे छिपा लिया। पति के बार-बार कहने के बाद भी उसने अंश को नहीं दिया। पत्नी ने कहा पहले मुझे गोली मारो तब अंश मिलेगा। पति की काफी जद्दोजहद के बाद भी पत्नी ने अंश को नहीं दिया। इससे क्षुब्ध होकर जयसिंह ने खुद को गोली से उड़ा लिया। जिससे उसकी घटना स्थल पर ही मौत हो गई। मृतक की पत्नी शांति ने थाना श्रीनगर में दी गई तहरीर में बताया कि उसके पति बेटे अंश की जान का प्यासा था। सीओ चरखारी नंदलाल का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। पत्नी का कहना है कि बेटे को न पाने कारण उसने खुद को तमंचा कनपटी में लगा कर जान दी है।
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