बुरा अंतः भाभी की बहन से हुआ था प्यार, शादी से इनकार पर हो गया ‘सिर पर खून सवार’
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अज्योरी गांव निवासी श्रीपाल कोरी की बड़ी पुत्री पप्पी की शादी पांच वर्ष पहले थाना नौबस्ता (कानपुर) के मछरिया निवासी बबलू कोरी पुत्र विश्वंभर कोरी के साथ हुई थी। पप्पी का देवर पियूष उर्फ छोटू कोरी (25) अक्सर भाई की ससुराल अज्योरी आता-जाता रहता था। इसी दौरान उसका अपनी भाभी की छोटी बहन रीता देवी (21) से प्रेमप्रसंग चलने लगा। रीता ने इसी वर्ष बीएसएसी की परीक्षा पास की थी। जबकि, पियूष उर्फ छोटू हाईस्कूल फेल था और वाहन चालक था।
बेटी की पढ़ाई पूरी होने के बाद घरवाले उसके लिए अच्छे रिश्ते की तलाश कर रहे थे। इसकी जानकारी होने पर पियूष बौखला गया और वह रीता और उसके घरवालों पर शादी करने का दबाव बनाने लगा। लेकिन, उन्होंने मना कर दिया और पियूष के अज्योरी आने पर भी आपत्ति करने लगे।
शुक्रवार की दोपहर बाद करीब 3 बजे पियूष उर्फ छोटू अकेले ही बाइक से अज्योरी आया। उस समय रीता अपने मकान के दरवाजे पर बैठी थी। जबकि, उसके मां-बाप कुछ दूरी पर स्थित पशुबाड़े में थे। पियूष ने आते ही रीता का हाथ पकड़ा और उसको घसीटता हुआ मकान के अंदर ले गया। वहां उसने शादी के लिए हां करने का दबाव बनाया। लेकिन, जब रीता ने इंकार किया तो उसने तमंचा निकालकर उसके सीने में गोली मार दी।
गोली चलने की आवाज सुनकर श्रीपाल का पड़ोसी कामता प्रसाद संखवार घर के भीतर पहुंचा तो पियूष ने उसे भी तमंचा दिखाकर धमकाया। इसके बाद उसने खुद भी अपनी कनपटी में तमंचा सटाकर गोली मार ली। प्रेमी-प्रेमिका के शव अगल-बगल खून से लथपथ पड़े थे और पास में ही 315 बोर का तमंचा भी पड़ा था।
सनसनीखेज घटना की खबर पर गांव में सनसनी फैल गई। थानाध्यक्ष प्रयाग नरायण बाजपेई और सीओ अजय कुमार फौरन घटनास्थल पर पहुंचे। शाम को फोरेंसिक टीम भी पहुंची और मामले की जांच-पड़ताल शुरू की। पुलिस ने बताया कि मामला प्रेम प्रसंग का है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की कार्रवाई की जा रही है।