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लहराई बस ट्रैक्टर से भिड़ी, दो की मौत
अमर उजाला ब्यूरो, कानपुर
Updated Fri, 04 Dec 2015 01:56 AM IST
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बिधनू के रमईपुर स्थित पुलिया के पास रोडवेज बस और ट्रैक्टर में आमने-सामने भीषण टक्कर हो गई जिससे दो बस यात्रियों की मौत हो गई और करीब 20 घायल हो गए।
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ट्रैक्टर पर सरिया लदी थीं जो टक्कर के बाद बस का शीशा तोड़ते हुए अंदर घुस गईं और कई यात्रियों को घायल कर दिया। आस-पास के लोगों ने घायलों को बिधनू के सरकारी अस्पताल भेजा जहां से गंभीर घायलों को हैलट रेफर कर दिया गया। देर रात तक सरकारी एंबुलेंस घायलों को बिधनू से हैलट पहुंचाती रही।
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पुलिस का कहना है कि बस चालक भी घायल है, लेकिन ट्रैक्टर के चालक का कुछ पता नहीं चल रहा है। चालक के नशे में होने की आशंका जताई गई है।
गुरुवार शाम करीब साढ़े छह बजे घाटमपुर की ओर जा रही महोबा डिपो की बस जैसे ही रमईपुर पुलिया के पास पहुंची, वैसे ही बस चालक अंकित ने आगे जा रहे ट्रक को ओवरटेक किया तो सामने से आ रहे ट्रैक्टर से टकरा गया। ट्रैक्टर ट्राली पर लदी सरिया बस का शीशा तोड़कर भीतर जा घुसी। इससे तमाम बस यात्री लहूलुहान हो गए।
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आसपास के लोगों ने घायलों को निकालने का काम शुरू किया। फिर बिधनू पुलिस ने सरकारी एंबुलेंस लगाकर घायलों को हैलट भेजना शुरू किया। बस में सवार हमीरपुर के कृष्ण कुमार (60) की बिधनू के अस्पताल में और बिधनू जयसिंह पुरवा निवासी विपिन की हैलट ले जाते वक्त रास्ते में मौत हो गई।
जबकि घायलों में मूसानगर के दंपति श्रवण और पूजा, सजेती निवासी गिरजाशंकर और उनकी बेटी सरिता, घाटमपुर निवासी कैलाश, उनकी पत्नी प्रीती और उनके दो साल और डेढ़ माह के दो बच्चे, नौरंगा निवासी बस चालक, अंकित, मृतक कृष्ण कुमार के साथी बद्री प्रसाद, घाटमपुर निवासी मनोज, बांदा निवासी विनय सिंह, रामवरन, घाटमपुर निवासी सुरेश तिवारी, मूसानगर की सुमन, ललिता, मलखान, घाटमपुर के जिमराइल, अफजलपुर बिधनू के मां बेटे हिमांशु (5) और मिथलेश आदि शामिल हैं।
घायलों को निकालने में कांप उठे कलेजे
हादसे के बाद आस-पास के लोग घायलों को बचाने के लिए बस के भीतर घुसे तो नजारा देख उनके कलेजे कांप उठे। मासूम बच्चे मां की गोद में खून से सने पड़े थे तो बुजुर्ग उखड़ चुकी कुर्सियों के नीचे दबे कराह रहे, जिन्हें होश था वे बचाओ बचाओ कहकर जिंदगी को आवाज दे रहे थे। उमेश तिवारी, लखन ने बताया कि मिनट दो मिनट तो किसी घायल को हाथ लगाने की हिम्मत नहीं पड़ी।
हादसे से पहले भी टोका था चालक को
बिधनू सीएचसी में भर्ती घायलों ने बताया कि झकरकटी बस अड्डे से लेकर रमईपुर के बीच चालक ने बीच-बीच में मिलने वाले जाम से निकलने के लिए कई बार बस लहराई तो उसे टोका भी था, लेकिन उसने किसी की नहीं सुनीं। थानाध्यक्ष आरएल पांडे ने बताया कि घायल यात्रियों से पूछताछ में पता चला है कि चालक लापरवाही से बस चला रहा था। हो सकता है कि वह नशे में रहा हो। इसकी जांच- पड़ताल कराई जाएगी।
दस दिन बाद थी विपिन की सगाई
बैंक कैशियर विपिन का शव देख उसके परिजनों का बुरा हाल था। तीन बहनों के बीच इकलौते भाई की मौत से परिवार टूट सा गया। परिजनों ने बताया कि दस दिन बाद ही विपिन की सगाई होनी थी। सारी खुशियां मातम में तब्दील हो गईं।
जाम में फंसी एंबुलेंस
हादसे के कारण रमईपुर पुलिया के दोनों ओर भीषण जाम लग गया। बिधनू सीएचसी से घायलों को लेकर हैलट की ओर भागती हुई एंबुलेंस भी जाम का शिकार बनीं। एंबुलेंस के भीतर घायल चीखते रहे तो बाहर हूटर शोर मचाता रहा।