हाथ धुलवाने पर पानी का रंग गुलाबी हो गया, रंगे हाथों गिरफ्तार हुआ ड्रग इंस्पेक्टर
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मेडिकल स्टोर की स्वीकृति के लिए मांगी गई 45 हजार की रिश्वत लेते ड्रग इंस्पेक्टर को एंटी करप्शन टीम ने रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। महोबा के एक होटल के कमरे से ड्रग इंस्पेक्टर को शहर कोतवाली लाया गया। जहां हाथ धुलवाने पर पानी गुलाबी रंग का हो गया। टीम ने आवश्यक कार्रवाई करते हुए कोतवाली में ड्रग इंस्पेक्टर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। इस कार्रवाई से रिश्वतखोर अधिकारियों और कर्मचारियों में हड़कंप मचा है।
शहर के मोहल्ला मलकपुरा निवासी डॉ. ऋषि चौरसिया राठ रोड पर ग्लोबल हास्पिटल के संचालक है। डॉ. ऋषि ने मेडिकल स्टोर खोलने के लिए लाइसेंस स्वीकृति को लेकर औषधि प्रशासन विभाग में 21 अप्रैल 2018 को ऑनलाइन आवेदन किया था। इसके बाद उन्होंने ड्रग इंस्पेक्टर से लेकर उच्चाधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिए लेकिन लाइसेंस स्वीकृत नहीं हुआ। तब उन्होंने ड्रग इंस्पेक्टर रमेश लाल गुप्ता से संपर्क किया। जिस पर 60 हजार रुपये की रिश्वत मांगी गई। पैसा अधिक होने की बात कहने पर ड्रग इंस्पेक्टर से 45 हजार रुपये में सौदा तय हुआ। इस दौरान डॉ. ऋषि चौरसिया ने एंटी करप्शन टीम झांसी से संपर्क कर पूरा मामला बताया।
Mahoba: Anti-corruption team arrests Drug Inspector Ramesh Lal Gupta for accepting a bribe of Rs 45,000 for issuing license for a medical store. The case pertains to Kotwali Mahoba police station limits. pic.twitter.com/ZgJ3ZDcgK6
विज्ञापन विज्ञापन— ANI UP (@ANINewsUP) June 27, 2018
एंटी करप्शन टीम झांसी ने महोबा में डेरा डाला