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साजिश रचकर शहर को झोंका आग में
अमर उजाला ब्यूरो, कानपुर
Updated Mon, 26 Oct 2015 02:00 AM IST
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दर्शनपुरवा में पोस्टर फाड़ने के बाद हुआ सांप्रदायिक संघर्ष और बवाल सुनियोजित साजिश का हिस्सा था। इसे योजनाबद्ध तरीके से अंजाम दिया गया। इसकी जांच-पड़ताल प्रशासन ने शुरू कर दी है।
यह जानकारी देते हुए डीएम कौशल राज शर्मा ने बताया कि शरारती युवाओं ने माहौल बिगाड़ा था। इसमें शामिल 50 लोगों को चिह्नित िकया गया। आठ को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। हर थाना क्षेत्र (फजलगंज, सीसामऊ, चमनगंज और नौबस्ता) में एक-एक टीम भी बनाई है, जो बलवाइयों को चिह्नित करने में लगी है। डीएम ने मामले में किसी राजनीतिक दल या फिर धार्मिक संगठन की संलिप्तता से इनकार किया है।
प्रेस कांफ्रेस में डीएम ने कहा कि दर्शनपुरवा में तय समझौते के तहत वाहन की मदद से ताजिया उठवाया गया। किसी तरह का जुलूस नहीं निकला, फिर भी जुलूस निकलवाने की अफवाह फैलाकर पथराव किया गया। यह सोची समझी साजिश के तहत हुआ, जिसमें दोनों पक्षों के लोग शामिल रहे।
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एक वर्ग ने कहा कि जुलूस नहीं निकलना चाहिए, फिर दूसरी तरफ से कहा गया कि यह लीडिंग ताजिया है। इसके बगैर शहर का कोई ताजिया नहीं निकलेगा। जब ताजिया आगे बढ़ा दिया गया तो शहरकाजी की मौजूदगी में नसीमाबाद के ताजिया को भी आगे बढ़ाने की मांग हुई, जिसकी जानकारी पहले से नहीं थी।
हालांकि इस ताजिया को भी वाहन के जरिए निकाल दिया गया। सब कुछ ठीक था, तभी एक मोटर साइकिल से कुछ लोग भन्नानापुरवा गए। वहां भड़काऊ बयान दिया और दो पक्ष के लोग आमने-सामने आ गए, गोलीबारी हुई। सौहार्द बिगाड़ने वालों को चिह्नित कर लिया गया है। वाहन नंबर भी मिला है। इस मामले मेें जल्द ही कानूनी कार्रवाई होगी।
उपद्रवियों पर देशद्रोह भी लगाया गया
शहर में शनिवार को उपद्रव करने वालों पर देशद्रोह का मामला भी दर्ज हुआ है। आरोपियों पर हत्या के प्रयास समेत कई संगीन धाराएं भी लगी हैं। रासुका लगाने की भी तैयारी है। सूत्रों के मुताबिक फजलगंज थाने में दर्ज एफआईआर में टिंकल, मुन्ना, रमेश, अजय, धीरज, अंशुल को नामजद करते हुए 600-700 अन्य लोगों पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। सभी पर आगजनी, सरकारी काम में बाधा डालना, सरकारी कर्मचारियों से मारपीट, देशद्रोह (आईपीसी की धारा 153 ए) लगी है। दहशत फैलाने में सेवन सीएलए भी लगा है।
वहीं नौबस्ता थाने में हुई रिपोर्ट में सुनील कश्यप, राज पांडेय, विकास, भोलू सूद, हिमांशू दीक्षित, आशू सिंह, टीटू गुप्ता और एक अन्य को नामजद किया गया है जबकि 150-200 अन्य लोग शामिल हैं। इन पर बलवा, धार्मिक भावना को ठेस पहुंचाना, देशद्रोह, सरकारी कर्मचारियों से मारपीट करना, सरकारी संपत्ति को क्षति पहुंचाना जैसी संगीन धाराएं लगी हैं। सेवन सीएलए भी लगा है। चमनगंज थाने में 1000 अज्ञात लोगों पर देशद्रोह, हत्या के प्रयास, आगजनी, संपत्ति को नुकसान पहुंचाना, तोड़फोड़, सेवल सीएलएल जैसी कई धाराएं लगी हैं।
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यह जानकारी देते हुए डीएम कौशल राज शर्मा ने बताया कि शरारती युवाओं ने माहौल बिगाड़ा था। इसमें शामिल 50 लोगों को चिह्नित िकया गया। आठ को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। हर थाना क्षेत्र (फजलगंज, सीसामऊ, चमनगंज और नौबस्ता) में एक-एक टीम भी बनाई है, जो बलवाइयों को चिह्नित करने में लगी है। डीएम ने मामले में किसी राजनीतिक दल या फिर धार्मिक संगठन की संलिप्तता से इनकार किया है।
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प्रेस कांफ्रेस में डीएम ने कहा कि दर्शनपुरवा में तय समझौते के तहत वाहन की मदद से ताजिया उठवाया गया। किसी तरह का जुलूस नहीं निकला, फिर भी जुलूस निकलवाने की अफवाह फैलाकर पथराव किया गया। यह सोची समझी साजिश के तहत हुआ, जिसमें दोनों पक्षों के लोग शामिल रहे।
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एक वर्ग ने कहा कि जुलूस नहीं निकलना चाहिए, फिर दूसरी तरफ से कहा गया कि यह लीडिंग ताजिया है। इसके बगैर शहर का कोई ताजिया नहीं निकलेगा। जब ताजिया आगे बढ़ा दिया गया तो शहरकाजी की मौजूदगी में नसीमाबाद के ताजिया को भी आगे बढ़ाने की मांग हुई, जिसकी जानकारी पहले से नहीं थी।
हालांकि इस ताजिया को भी वाहन के जरिए निकाल दिया गया। सब कुछ ठीक था, तभी एक मोटर साइकिल से कुछ लोग भन्नानापुरवा गए। वहां भड़काऊ बयान दिया और दो पक्ष के लोग आमने-सामने आ गए, गोलीबारी हुई। सौहार्द बिगाड़ने वालों को चिह्नित कर लिया गया है। वाहन नंबर भी मिला है। इस मामले मेें जल्द ही कानूनी कार्रवाई होगी।
उपद्रवियों पर देशद्रोह भी लगाया गया
शहर में शनिवार को उपद्रव करने वालों पर देशद्रोह का मामला भी दर्ज हुआ है। आरोपियों पर हत्या के प्रयास समेत कई संगीन धाराएं भी लगी हैं। रासुका लगाने की भी तैयारी है। सूत्रों के मुताबिक फजलगंज थाने में दर्ज एफआईआर में टिंकल, मुन्ना, रमेश, अजय, धीरज, अंशुल को नामजद करते हुए 600-700 अन्य लोगों पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। सभी पर आगजनी, सरकारी काम में बाधा डालना, सरकारी कर्मचारियों से मारपीट, देशद्रोह (आईपीसी की धारा 153 ए) लगी है। दहशत फैलाने में सेवन सीएलए भी लगा है।
वहीं नौबस्ता थाने में हुई रिपोर्ट में सुनील कश्यप, राज पांडेय, विकास, भोलू सूद, हिमांशू दीक्षित, आशू सिंह, टीटू गुप्ता और एक अन्य को नामजद किया गया है जबकि 150-200 अन्य लोग शामिल हैं। इन पर बलवा, धार्मिक भावना को ठेस पहुंचाना, देशद्रोह, सरकारी कर्मचारियों से मारपीट करना, सरकारी संपत्ति को क्षति पहुंचाना जैसी संगीन धाराएं लगी हैं। सेवन सीएलए भी लगा है। चमनगंज थाने में 1000 अज्ञात लोगों पर देशद्रोह, हत्या के प्रयास, आगजनी, संपत्ति को नुकसान पहुंचाना, तोड़फोड़, सेवल सीएलएल जैसी कई धाराएं लगी हैं।