{"_id":"61b36a3a11d4d32b6b205da4","slug":"cows-were-left-in-the-valley-of-dangerous-animals","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"बांदा: कहां गईं 200 गायें, एमपी की टीमें खोज में जुटीं, खतरनाक जानवरों की घाटी में छोड़े गए थे गोवंश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बांदा: कहां गईं 200 गायें, एमपी की टीमें खोज में जुटीं, खतरनाक जानवरों की घाटी में छोड़े गए थे गोवंश
Fri, 10 Dec 2021 08:31 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बांदा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बांदा
Published by: शिखा पांडेय
Updated Fri, 10 Dec 2021 08:31 PM IST
सार
पन्ना के एसडीएम सत्यनारायण ने बताया कि शेष गायों की खोज के लिए टीमें लगाई गई हैं। यह इलाका बाघ बाहुल्य पन्ना टाइगर रिजर्व पार्क से जुड़ा हुआ है। ऐसे में छोड़ी गई गायें इन जानवरों का शिकार हो सकती हैं।
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बांदा में जिंदा गाड़ दी गई थीं कई गायें
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
बांदा जिले में दफन 18 गायों को निकलाकर उनका पोस्टमार्टम करवाने के बाद अब मध्य प्रदेश पुलिस और प्रशासन लगभग दो सौ उन गायों की खोज में जुट गया है, जिन्हें नरैनी (बांदा) के अधिकारियों ने उनके क्षेत्र की घाटी के जंगल में रात में छोड़ दिया था।
अन्ना गायों के प्रति नरैनी के प्रशासनिक, परिवहन और नगर पंचायत अधिकारियों की ओर से की गई क्रूरता को पड़ोसी राज्य मध्य प्रदेश के अफसर भी धिक्कार रहे हैं। पन्ना के एसडीएम सत्यनारायण ने बताया कि शेष गायों की खोज के लिए टीमें लगाई गई हैं। यह इलाका बाघ बाहुल्य पन्ना टाइगर रिजर्व पार्क से जुड़ा हुआ है। ऐसे में छोड़ी गई गायें इन जानवरों का शिकार हो सकती हैं।
घायल दो और गायों की मौत
मध्य प्रदेश की घाटी में छोड़ी गईं घायल गोवंश में दो की और मौत हो गई। पत्थरों में दबी इन गायों को क्षेत्रीय विधायक राजकरन कबीर और गोसेवक वहां से नरैनी लाए थे। इनका यहां इलाज चल रहा था। इसी तरह 7 दिसंबर को विधायक एक और घायल गाय को लाए थे। इनका इलाज और देखरेख गोरक्षक विनोद दीक्षित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि बृहस्पतिवार को दो गायों की मौत हो गई। उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। इन्हें मिलाकर अब तक 20 गायों की मौत की पुष्टि हो गई है।
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अन्ना गायों के प्रति नरैनी के प्रशासनिक, परिवहन और नगर पंचायत अधिकारियों की ओर से की गई क्रूरता को पड़ोसी राज्य मध्य प्रदेश के अफसर भी धिक्कार रहे हैं। पन्ना के एसडीएम सत्यनारायण ने बताया कि शेष गायों की खोज के लिए टीमें लगाई गई हैं। यह इलाका बाघ बाहुल्य पन्ना टाइगर रिजर्व पार्क से जुड़ा हुआ है। ऐसे में छोड़ी गई गायें इन जानवरों का शिकार हो सकती हैं।
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घायल दो और गायों की मौत
मध्य प्रदेश की घाटी में छोड़ी गईं घायल गोवंश में दो की और मौत हो गई। पत्थरों में दबी इन गायों को क्षेत्रीय विधायक राजकरन कबीर और गोसेवक वहां से नरैनी लाए थे। इनका यहां इलाज चल रहा था। इसी तरह 7 दिसंबर को विधायक एक और घायल गाय को लाए थे। इनका इलाज और देखरेख गोरक्षक विनोद दीक्षित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि बृहस्पतिवार को दो गायों की मौत हो गई। उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। इन्हें मिलाकर अब तक 20 गायों की मौत की पुष्टि हो गई है।
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हिंदू संगठनों का एमपी में भी विरोध शुरू
गोवंश को जीवित अवस्था में दफनाने और जंगल में लावारिस छोड़ने का विरोध मध्य प्रदेश में भी शुरू हो गया है। पन्ना जनपद के बजरंग दल कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को पहाड़ीखेरा पुलिस चौकी प्रभारी को तहरीर दी। कहा कि अराजकता फैलाने की मंशा से गायों को मारकर सड़क किनारे दफना दिया गया। दोषियों पर कड़ी कार्रवाई हो। तहरीर देने वालों में बजरंग दल के क्षेत्रीय संयोजक अंकित कुमार उमरलिया, सह संयोजक शरद पांडेय, युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष सूर्य प्रताप सिंह बुंदेला, गौरक्षा प्रमुख दिलीप त्रिपाठी आदि शामिल रहे।
बिसंडा ईओ को मिला नरैनी का अतिरिक्त कार्यभार
गोवंश कांड में निलंबित किए गए नगर पंचायत ईओ अमर बहादुर सिंह के स्थान पर नगर पंचायत बिसंडा के अधिशासी अधिकारी अभिमन्यु सिंह को नरैनी नगर पंचायत का भी अतिरिक्त कार्यभार सौंपा है। इसके अलावा रिक्त पड़े तिंदवारी नगर पंचायत ईओ पद का अतिरिक्त कार्यभार बबेरू नगर पंचायत ईओ रामबदन को सौंपा गया है। इन्हें वित्तीय अधिकार नहीं होंगे।
गोवंश को जीवित अवस्था में दफनाने और जंगल में लावारिस छोड़ने का विरोध मध्य प्रदेश में भी शुरू हो गया है। पन्ना जनपद के बजरंग दल कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को पहाड़ीखेरा पुलिस चौकी प्रभारी को तहरीर दी। कहा कि अराजकता फैलाने की मंशा से गायों को मारकर सड़क किनारे दफना दिया गया। दोषियों पर कड़ी कार्रवाई हो। तहरीर देने वालों में बजरंग दल के क्षेत्रीय संयोजक अंकित कुमार उमरलिया, सह संयोजक शरद पांडेय, युवा मोर्चा जिलाध्यक्ष सूर्य प्रताप सिंह बुंदेला, गौरक्षा प्रमुख दिलीप त्रिपाठी आदि शामिल रहे।
बिसंडा ईओ को मिला नरैनी का अतिरिक्त कार्यभार
गोवंश कांड में निलंबित किए गए नगर पंचायत ईओ अमर बहादुर सिंह के स्थान पर नगर पंचायत बिसंडा के अधिशासी अधिकारी अभिमन्यु सिंह को नरैनी नगर पंचायत का भी अतिरिक्त कार्यभार सौंपा है। इसके अलावा रिक्त पड़े तिंदवारी नगर पंचायत ईओ पद का अतिरिक्त कार्यभार बबेरू नगर पंचायत ईओ रामबदन को सौंपा गया है। इन्हें वित्तीय अधिकार नहीं होंगे।
दोषियों पर कार्रवाई के लिए अनशन
नरैनी गोवंश घटना के विरोध में शुक्रवार से यहां अशोक लाट में राष्ट्र वादी गोसेवा दल के सदस्यों ने क्रमिक अनशन शुरू किया। अनशनकारियों ने कहाकि गायों के साथ क्रूरता करने के दोषियों को आजीवन कारावास न होने तक आंदोलन करेंगे। यह इंसानियत और आस्था से जुड़ा मामला है। कार्रवाई न हुई तो आमरण अनशन शुरू होगा।
अनशन पर बैठने वालों में राजेश राष्ट्रवादी, शालिनी पटेल, राजकरन साहू, रामदत्त पटेल, श्याम सरोज पाठक, अवधेश यादव, गंगा प्रसाद, सुधीर पटेल आदि शामिल हैं। उधर, लोकतंत्र रक्षक सेनानी नौशाद अली भारतीय ने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है। 16 दिसंबर से आमरण अनशन की चेतावनी दी है। जिला कांग्रेस फौजी प्रकोष्ठ चेयरमैन डा.सीताराम कोटार्य ने कहा है कि जांच यह भी होनी चाहिए कि किसके आदेश पर गायों को जंगल ले जाया गया? ट्रक किसने मंगवाए?
नरैनी गोवंश घटना के विरोध में शुक्रवार से यहां अशोक लाट में राष्ट्र वादी गोसेवा दल के सदस्यों ने क्रमिक अनशन शुरू किया। अनशनकारियों ने कहाकि गायों के साथ क्रूरता करने के दोषियों को आजीवन कारावास न होने तक आंदोलन करेंगे। यह इंसानियत और आस्था से जुड़ा मामला है। कार्रवाई न हुई तो आमरण अनशन शुरू होगा।
अनशन पर बैठने वालों में राजेश राष्ट्रवादी, शालिनी पटेल, राजकरन साहू, रामदत्त पटेल, श्याम सरोज पाठक, अवधेश यादव, गंगा प्रसाद, सुधीर पटेल आदि शामिल हैं। उधर, लोकतंत्र रक्षक सेनानी नौशाद अली भारतीय ने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है। 16 दिसंबर से आमरण अनशन की चेतावनी दी है। जिला कांग्रेस फौजी प्रकोष्ठ चेयरमैन डा.सीताराम कोटार्य ने कहा है कि जांच यह भी होनी चाहिए कि किसके आदेश पर गायों को जंगल ले जाया गया? ट्रक किसने मंगवाए?