इटावा में सिपाही ने की आत्महत्या: सरकारी रायफल से खुद को मारी गोली, अस्पताल ले जाते समय हुई मौत
उत्तर प्रदेश के इटावा जिले में ऊसराहार थाना क्षेत्र के एक सिपाही ने सरकारी रायफल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। कानपुर से फॉरेंसिंक टीम बुलाई गई है। पुलिस पंचनामा करके शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजेगी।
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इटावा जिले के ऊसराहार थाना क्षेत्र की ताखा तहसील में तैनात हेड पुलिस कांस्टेबल ने सरकारी रायफल से गोली मारकर आत्महत्या कर ली। सिपाही को गंभीर अवस्था में इलाज के लिए उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय सैफई में भर्ती कराया गया, जहां पर चिकित्सकों ने उस को मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण सत्यपाल सिंह, क्षेत्राधिकारी सैफई विजय सिंह, थाना प्रभारी मोहम्मद तारिक चिकित्सा विश्वविद्यालय में बने शव गृह पर पहुंचे हैं।
बताया जा रहा है कि 40 वर्षीय हेड कांस्टेबल प्रेम प्रकाश, पुत्र जगदीश चंद्र निवासी नगला केवल कोतवाली देहात एटा का रहना वाला था, जो इटावा जिले की ताखा तहसील में सुरक्षा में तैनात था। आज सुबह 5 बजे तहसील की तीसरी मंजिल पर अपने रूम के अंदर सरकारी राइफल से अपने आप को गोली मार ली। पड़ोस के कमरे में तैनात सिपाही सफीक अहमद ने थाना पुलिस को सूचना दी, जिस पर थाना प्रभारी गंगादास गौतम ने तत्काल प्रभाव से पहुंचकर के 108 एम्बुलेंस के माध्यम से उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय के लिए पहुंचाया, जहां पर पहुंचते ही उसकी मौत हो गई। हालांकि अभी गोली मारने के कारणों का पता नहीं चल सका है।
फिलहाल अभी कानपुर से फॉरेंसिंक टीम बुलाई गई है। उसके बाद शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराया जाएगा। बताया जा रहा है कि मृतक ने पहले अपने हाथ की नस काटने का प्रयास किया, जिसमें सफल ना होने पर उसने अपनी सरकारी रायफल से गोली मार ली। परिजनों को सूचना दे दी गई थी, जिस पर सैफई पीजीआई में मृतक के ससुराल पक्ष, पिता व पत्नी सहित परिजन पहुंच चुके हैं।
मृतक सिपाही के भाई प्रेमचंद ने बताया 8 दिन पहले ही घर पर आया हुआ था, जहां पर किसी भी प्रकार की कोई टेंशन नाम की चीज नहीं मालूम पड़ी थी। यह कदम क्यों उठाया, यह तो नहीं बता सकते लेकिन हमारे भाई ने बहुत ही गलत किया है। हमारे परिवार में किसी भी प्रकार से कोई कमी नहीं थी, फिर भी उन्होंने यह कदम उठाया बता नहीं सकते हैं।