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चित्रकूट: मंदाकिनी नदी का रौद्र रूप, रातभर की बारिश से रामघाट एक मंजिल तक डूबा, कामतानाथ मार्ग पूरी तरह ठप
Tue, 01 Sep 2026 09:18 AM IST
Himanshu Awasthi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चित्रकूट
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चित्रकूट
Published by: Himanshu Awasthi
Updated Tue, 01 Sep 2026 09:18 AM IST
सार
Chitrakoot News: मध्य प्रदेश और पहाड़ी इलाकों में रातभर हुई भारी बारिश के कारण चित्रकूट में मंदाकिनी नदी ने एक बार फिर विकराल रूप धारण कर लिया है। मंगलवार सुबह रामघाट की दुकानें और मकान एक मंजिल तक पानी में डूब गए, जिससे कामतानाथ जाने वाला मार्ग भी बंद हो गया है।
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चित्रकूट में मंदाकिनी नदी का रौद्र रूप
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
मध्य प्रदेश और ऊपरी पहाड़ी क्षेत्रों में हुई मूसलाधार बारिश का असर अब जनपद चित्रकूट में साफ तौर पर देखने को मिल रहा है। मंगलवार सुबह उफनती मंदाकिनी नदी ने एक बार फिर अपना रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है, जिससे प्रसिद्ध रामघाट और आसपास के इलाके जलमग्न हो गए हैं। पानी बढ़ने के कारण रामघाट से कामतानाथ की ओर जाने वाला मुख्य मार्ग भी पूरी तरह बंद कर दिया गया है।
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स्थिति यह थी कि सोमवार शाम को मंदाकिनी नदी का जलस्तर घटकर खतरे के निशान से नीचे आ गया था, जिससे लोगों ने राहत की सांस ली थी। लेकिन रातभर हुई लगातार बारिश ने एक बार फिर भारी मुसीबत खड़ी कर दी है। मंगलवार भोर चार बजे नदी का जलस्तर 126.400 मीटर दर्ज किया गया था, जो खतरे के निशान से नीचे था। महज 15 मिनट के भीतर जलस्तर ने तेजी से बढ़ते हुए खतरे के निशान को पार कर लिया।
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- सुबह चार बजे: 126.400 मीटर।
- सुबह आठ बजे: बढ़कर 129.00 मीटर हुआ।
- सुबह नौ बजे:जलस्तर सीधे 129.750 मीटर तक पहुंच गया।
प्रशासन के सामने खड़ी हुई नई चुनौती
नदी का जलस्तर इतनी तेजी से बढ़ने के कारण रामघाट पर स्थित कई दुकानें और मकान एक मंजिल तक पूरी तरह डूब चुके हैं। पानी के तेज बहाव और जलभराव को देखते हुए एहतियातन यातायात और परिक्रमा मार्ग को रोक दिया गया है। अचानक बढ़े जलस्तर ने एक बार फिर स्थानीय प्रशासन और राहत टीमों के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है।