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ये है कम समय में सबसे ‘ज्यादा प्रॉफिट वाला कारोबार’, लखपति ऐसे बन जाते करोड़पति
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
Updated Fri, 03 Feb 2017 01:35 AM IST
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डेमो पिक
क्या आप जानते हैं इस समय सबसे ज्यादा प्रॉफिट वाला कारोबार कौन सा है? कम समय में ही आप लखपति से करोड़पति बन सकते हैं। पैसों के साथ पावर देने वाला ये कारोबार और कोई नहीं राजनीति है। राजनीति में माली हालत दिन दूनी रात चौगनी बढ़ती है। इतना फायदे का कोई दूसरा कारोबार शायद ही हो। लखपति नेता करोड़पति बन गए। जो करोड़पति थे वह कई करोड़ों के मालिक हो गए। विधानसभा चुनाव में दाखिल हो रहे नामांकन नेताओं की माली हैसियत का खुलासा कर रहे हैं।
2007 में नामांकन पत्र दाखिल करने के साथ निर्वाचन अधिकारी को जो ब्योरा प्रस्तुत किया था उसमें उनकी कुल संपत्तियां एक करोड़ 25 लाख 45 हजार रुपये की थीं। इसमें अचल संपत्तियां 74 लाख और चल संपत्तियां 51 लाख 45 हजार रुपये की बताई गई थीं। उनकी संपत्तियां अब सवा करोड़ से बढ़कर लगभग 12 करोड़ 81 लाख रुपये हो गई हैं।
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तिंदवारी क्षेत्र से कांग्रेस प्रत्याशी दलजीत सिंह की हैसियत भी काफी बढ़ गई है।
वर्ष 2007 के विधानसभा चुनाव में नामांकन के दौरान उन्होंने अपने पास 39 लाख 75 हजार 926 रुपये की संपत्ति बताई थी। इसमें 22 लाख 926 रुपये की चल संपत्ति और 17 लाख 75 हजार रुपये की अचल संपत्ति शामिल थी। 2012 के नामांकन ब्योरे में अपनी चल संपत्ति 1 करोड़ 23 लाख 36 हजार 436 रुपये की बताई। पत्नी की चल संपत्ति 75 लाख 86 हजार 638 रुपये थी। 2017 में नामांकन में दिए गए हलफनामे में कुल चल संपत्ति 82 लाख 11 हजार 502 रुपये है। लगभग 1 करोड़ 89 लाख की अचल संपत्ति भी दर्शाई हैं। पत्नी के नाम चल संपत्ति 1 लाख 23 हजार 696 और अचल संपत्ति 97 लाख हो गई।
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बांदा सदर सीट से चुनाव लड़ रहे कांग्रेस प्रत्याशी विवेक कुमार सिंह की संपत्ति पांच साल में खूब बढ़ी। मौजूदा अचल संपत्तियों में छह करोड़ की वृद्धि हुई है। कुल कीमत 11 करोड़ 92 लाख रुपये है। जबकि 2012 में 5 करोड़ 83 लाख रुपये थी। चल संपत्तियों का मूल्य 89 लाख 66 हजार 160 रुपये बताया है। 2012 में 24 लाख 78 हजार 500 रुपये थे। पत्नी की चल संपत्ति भी दोगुनी हो गई। 2017 में 26 लाख 30 हजार से बढ़कर 56 लाख 77 हजार 388 रुपये हो गई।
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2007 में नामांकन पत्र दाखिल करने के साथ निर्वाचन अधिकारी को जो ब्योरा प्रस्तुत किया था उसमें उनकी कुल संपत्तियां एक करोड़ 25 लाख 45 हजार रुपये की थीं। इसमें अचल संपत्तियां 74 लाख और चल संपत्तियां 51 लाख 45 हजार रुपये की बताई गई थीं। उनकी संपत्तियां अब सवा करोड़ से बढ़कर लगभग 12 करोड़ 81 लाख रुपये हो गई हैं।
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तिंदवारी क्षेत्र से कांग्रेस प्रत्याशी दलजीत सिंह की हैसियत भी काफी बढ़ गई है।
वर्ष 2007 के विधानसभा चुनाव में नामांकन के दौरान उन्होंने अपने पास 39 लाख 75 हजार 926 रुपये की संपत्ति बताई थी। इसमें 22 लाख 926 रुपये की चल संपत्ति और 17 लाख 75 हजार रुपये की अचल संपत्ति शामिल थी। 2012 के नामांकन ब्योरे में अपनी चल संपत्ति 1 करोड़ 23 लाख 36 हजार 436 रुपये की बताई। पत्नी की चल संपत्ति 75 लाख 86 हजार 638 रुपये थी। 2017 में नामांकन में दिए गए हलफनामे में कुल चल संपत्ति 82 लाख 11 हजार 502 रुपये है। लगभग 1 करोड़ 89 लाख की अचल संपत्ति भी दर्शाई हैं। पत्नी के नाम चल संपत्ति 1 लाख 23 हजार 696 और अचल संपत्ति 97 लाख हो गई।