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बही भगवा बयार, मानवेंद्र गए हार
ब्यूरो, अमर उजाला कानपुर
Updated Sat, 24 Jan 2015 03:24 AM IST
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उन्नाव, कानपुर नगर और कानपुर देहात स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी अरुण पाठक ने निर्दलीय प्रत्याशी मानवेंद्र स्वरूप को 1816 वोटों से हरा दिया है।
यह सीट पहली बार भाजपा ने जीती है। आजादी के बाद से यह सीट स्वरूप परिवार के पास थी। लगातार 34 साल एमएलसी रहे जगेंद्र स्वरूप के निधन के बाद स्नातक निर्वाचन क्षेत्र का उप चुनाव हुआ था।
प्रेक्षक दीपक त्रिवेदी व रिटर्निंग आफीसर एवं मंडलायुक्त मो. इफ्तिखारुद्दीन ने शुक्रवार को जीत का प्रमाण पत्र अरुण पाठक को दिया।
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की मतगणना गुरुवार की सुबह 8 बजे से शुरू हुई थी। पहले वरीयता (नंबर 1 के वोट) के वोटों की गणना पांच राउंड में पूरी हुुई लेकिन 13 प्रत्याशियों के जीत-हार का फैसला नहीं हो सका।
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निर्दलीय प्रत्याशी मानवेंद्र 263 वोटों से आगे जरूर रहे लेकिन जीत के लिए जरूरी वोट फीसदी नहीं हासिल कर सके। इस कारण द्वितीय वरीयता के वोटों की गणना कराई गई।
तीसरे पायदान के प्रत्याशी डॉ, विवेक द्विवेदी का एलिमिनेशन होते ही भाजपा प्रत्याशी अरुण पाठक ने 26 वोटों की बढ़त बना ली।
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यह सीट पहली बार भाजपा ने जीती है। आजादी के बाद से यह सीट स्वरूप परिवार के पास थी। लगातार 34 साल एमएलसी रहे जगेंद्र स्वरूप के निधन के बाद स्नातक निर्वाचन क्षेत्र का उप चुनाव हुआ था।
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प्रेक्षक दीपक त्रिवेदी व रिटर्निंग आफीसर एवं मंडलायुक्त मो. इफ्तिखारुद्दीन ने शुक्रवार को जीत का प्रमाण पत्र अरुण पाठक को दिया।
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की मतगणना गुरुवार की सुबह 8 बजे से शुरू हुई थी। पहले वरीयता (नंबर 1 के वोट) के वोटों की गणना पांच राउंड में पूरी हुुई लेकिन 13 प्रत्याशियों के जीत-हार का फैसला नहीं हो सका।
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निर्दलीय प्रत्याशी मानवेंद्र 263 वोटों से आगे जरूर रहे लेकिन जीत के लिए जरूरी वोट फीसदी नहीं हासिल कर सके। इस कारण द्वितीय वरीयता के वोटों की गणना कराई गई।
तीसरे पायदान के प्रत्याशी डॉ, विवेक द्विवेदी का एलिमिनेशन होते ही भाजपा प्रत्याशी अरुण पाठक ने 26 वोटों की बढ़त बना ली।