{"_id":"5e57e5f68ebc3ef38b35b774","slug":"ambedkar-statue-damaged-police-questioned-to-complainant","type":"story","status":"publish","title_hn":"आंबेडकर प्रतिमा को पहुंचाने की सूचना में शिकायतकर्ता से पूछताछ, कोतवाल बोले प्रतिमा सुरक्षित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आंबेडकर प्रतिमा को पहुंचाने की सूचना में शिकायतकर्ता से पूछताछ, कोतवाल बोले प्रतिमा सुरक्षित
Fri, 28 Feb 2020 12:00 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उन्नाव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उन्नाव
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Fri, 28 Feb 2020 12:00 AM IST
विज्ञापन
यूपी पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उन्नाव के गंजमुरादाबाद में शरारतीतत्वों द्वारा आंबेडकर प्रतिमा को नुकसान पहुंचाने व झोपड़ी में आग लगाने की सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच में शिकयतकर्ता को ही शक के आधार पर हिरासत में ले लिया। पुलिस के अनुसार प्रतिमा पूरी तरह सुरक्षित है, विपक्षियों को फंसाने के लिए किसान ने खुद की झोपड़ी में आग लगा, प्रतिमा को नुकसान पहुंचाने की सूचना दी है।
शीघ्र सच सामने लाया जाएगा। बांगरमऊ कोतवाली क्षेत्र के ग्राम जसरापुर के मजरा देवरखेड़ा निवासी किसान राजेंद्र प्रसाद पुत्र लीला ने गुरुवार सुबह बांगरमऊ कोतवाली पुलिस को सूचना दी कि गांव के बाहर एक सार्वजनिक स्थल पर दो दशक पूर्व आंबेडकर की एक प्रतिमा स्थापित की गई थी। जिसकी देखरेख वह पिछले 15 वर्षों से कर रहा है।
पड़ोस में ही वह झोपड़ी डालकर उसमें रहता भी है। 15 दिनों से वह अपने घर में रह रहा था। सुबह जब वह अपनी झोपड़ी के पास गया तो वह जली मिली और उसमें रखा इंजन, साइकिल और कपड़े आदि जले मिले। इसके अलावा अंबेडकर की प्रतिमा का सिर टूटा जमीन में पड़ा मिला। शिकायतकर्ता ने गांव के दो और पड़ोसी गांव महाराजापुर के पांच लोगों पर घटना को अंजाम देने का आरोप लगाया है।
विज्ञापन
सूचना पर कोतवाली प्रभारी श्याम कुमार पाल मौके पर पहुंचे और शिकायतकर्ता के अलावा आरोपियों व ग्रामीणों से पूछताछ की। जांच के दौरान शिकायत करने वाले किसान को ही शक के आधार पर पुलिस ने हिरासत में ले लिया। कोतवाल श्याम कुमार पाल ने बताया अंबेडकर की प्रतिमा पूरी तरह सुरक्षित है। उसे किसी प्रकार की क्षति नहीं पहुंचाई गई है। विपक्षियों को फंसाने के लिए राजेंद्र प्रसाद ने खुद झोपड़ी में आग लगाई है। शीघ्र सच सामने लाया जाएगा।
विज्ञापन
शीघ्र सच सामने लाया जाएगा। बांगरमऊ कोतवाली क्षेत्र के ग्राम जसरापुर के मजरा देवरखेड़ा निवासी किसान राजेंद्र प्रसाद पुत्र लीला ने गुरुवार सुबह बांगरमऊ कोतवाली पुलिस को सूचना दी कि गांव के बाहर एक सार्वजनिक स्थल पर दो दशक पूर्व आंबेडकर की एक प्रतिमा स्थापित की गई थी। जिसकी देखरेख वह पिछले 15 वर्षों से कर रहा है।
विज्ञापन
पड़ोस में ही वह झोपड़ी डालकर उसमें रहता भी है। 15 दिनों से वह अपने घर में रह रहा था। सुबह जब वह अपनी झोपड़ी के पास गया तो वह जली मिली और उसमें रखा इंजन, साइकिल और कपड़े आदि जले मिले। इसके अलावा अंबेडकर की प्रतिमा का सिर टूटा जमीन में पड़ा मिला। शिकायतकर्ता ने गांव के दो और पड़ोसी गांव महाराजापुर के पांच लोगों पर घटना को अंजाम देने का आरोप लगाया है।
विज्ञापन
सूचना पर कोतवाली प्रभारी श्याम कुमार पाल मौके पर पहुंचे और शिकायतकर्ता के अलावा आरोपियों व ग्रामीणों से पूछताछ की। जांच के दौरान शिकायत करने वाले किसान को ही शक के आधार पर पुलिस ने हिरासत में ले लिया। कोतवाल श्याम कुमार पाल ने बताया अंबेडकर की प्रतिमा पूरी तरह सुरक्षित है। उसे किसी प्रकार की क्षति नहीं पहुंचाई गई है। विपक्षियों को फंसाने के लिए राजेंद्र प्रसाद ने खुद झोपड़ी में आग लगाई है। शीघ्र सच सामने लाया जाएगा।