Satta Ka Sangram: आज फर्रुखाबाद में युवाओं से होगी चर्चा, नेताओं से पूछे जाएंगे सवाल, मतदाता रखेंगे मुद्दे
Farrukhabad News: अमर उजाला का चुनावी रथ 'सत्ता का संग्राम' बुधवार को फर्रुखाबाद पहुंचा है। इस बार लोकसभा चुनाव में जिले के मतदाताओं के क्या मुद्दे और उम्मीदें हैं। यह जानने के लिए अमर उजाला टीम ने यहां के लोगों से चाय पर चुनावी चर्चा की।
विस्तार
उत्तर प्रदेश का फर्रुखाबाद जिला एक समय कांग्रेस का गढ़ माना जाता था। 2014 में भाजपा प्रत्याशी मुकेश राजपूत ने सपा प्रत्याशी व अलीगंज के विधायक रहे रामेश्वर सिंह यादव को हरा दिया था। पिछले चुनाव में भाजपा ने अपने जीते हुए प्रत्याशी पर ही दांव लगाया और मुकेश राजपूत ने चुनाव में रिकॉर्ड वोट प्राप्त किए।
उन्होंने बसपा-सपा गठबंधन प्रत्याशी रहे मनोज अग्रवाल को हराया। 2024 के चुनाव में भाजपा ने मुकेश राजपूत पर तीसरी बार भरोसा जताया है। वहीं, समाजवादी पार्टी ने कैंसर सर्जन डॉ. नवल किशोर शाक्य को मैदान में उतारा है। बसपा अभी तक इस सीट के लिए अपना कोई प्रत्याशी तय नहीं कर सकी है।
मतदाताओं के क्या मुद्दे और आकांक्षाएं हैं
फर्रुखाबाद के मतदाता और खासकर युवा सरकार और अपने लोकसभा क्षेत्र के उम्मीदवारों के बारे में क्या सोचते हैं, उनके क्या मुद्दे और आकांक्षाएं हैं, मतदाताओं के मुद्दों पर नेताओं और उम्मीदवारों का क्या कहना है, वे किन मुद्दों को लेकर चुनाव में उतरे हैं? इन सभी सवालों के जवाब जानने के लिए अमर उजाला का चुनावी रथ ''सत्ता का संग्राम'' 10 अप्रैल यानि आज फर्रुखाबाद में रहेगा।
क्या होगा खास?
''सत्ता का संग्राम'' के तहत अमर उजाला हर वर्ग के मतदाताओं तक पहुंचेगा। इसके जरिये आप अपने क्षेत्र, शहर, राज्य और देश से जुड़े मुद्दों को उठा पाएंगे। अमर उजाला आपको एक मंच दे रहा है। यहां आप अपनी बात रख सकेंगे, ताकि जब राजनीतिक हस्तियां चुनावी रैलियां करने आएं, तो उन्हें आपसे जुड़े जमीनी मुद्दें भी याद रहें।
इस विशेष कवरेज को आप यहां देख सकेंगे
amarujala.com, अमर उजाला के यूट्यूब चैनल और फेसबुक चैनल पर आप ''सत्ता का संग्राम'' से जुड़े कार्यक्रम और चर्चा लाइव देख सकेंगे। ''सता का संग्राम'' से जुड़ा व्यापक जमीनी कवरेज आप अमर उजाला अखबार में भी पढ़ सकेंगे।
कब और कहां होंगे कार्यक्रम?
1. सुबह सात बजे
चाय पर चर्चा
स्थान: रोडवेज बस अड्डा
2. दोपहर 12 बजे
युवाओं से बात
स्थान: डीएन कॉलेज
3. शाम चार बजे
राजनीतिक दलों से चर्चा
स्थान: स्वराज कुटीर, फर्रुखाबाद