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जीआरपी को गच्चा देकर भाग निकला
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उन्नाव। मोबाइल चोरी की घटना में पूछताछ के लिए जीआरपी थाने लाया गया युवक मंगलवार दोपहर पुलिस को गच्चा देकर भाग निकला। सिपाहियों ने उसे पकड़ने का प्रयास किया लेकिन वह लखनऊ जा रही चलती ट्रेन में चढ़ गया। जीआरपी थाने के जिम्मेदार मामले को दबाने में जुटे हैं।
छह नवंबर को गंगापुल कानपुर तरफ इंदौर पटना एक्सप्रेस सवार बिहार प्रांत के नेगी सरांय निवासी सुमन का चोरों ने मोबाइल व कान के झुमके पार किए थे। करीब एक सप्ताह से जीआरपी सीओ की निगरानी में प्रभारी निरीक्षक एसके राय मुखबिर व सर्विलांस की मदद से संदिग्धों की तलाश कर रहे थे। इस दौरान गंगाघाट के चंपापुरवा निवासी एक शातिर अपराधी के अलावा एक अन्य युवक को सोमवार शाम पूछताछ के लिए उठाया था। मंगलवार दोपहर करीब 12ऱ्30 बजे युवक मौका पाकर जीआरपी सिपाहियों को गच्चा देकर भागा।
सिपाहियों ने पीछा किया लेकिन वह कानपुर से लखनऊ की ओर जा रही रनथ्रू ओखा एक्सप्रेस ट्रेन की धीमी रफ्तार होने का फायदा उठाकर उसमें चढ़ गया। मजबूरी में सिपाही कुछ न कर सकें। भागने वाले संदिग्ध को हिरासत में लिए जाने की लिखापढ़ी न होने से जीआरपी अपना बचाव करने में सफल हो गई।
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जीआरपी इंस्पेक्टर एसके राय ने बताया कि पोस्ट से कोई भी युवक नहीं भागा है। जिसे हिरासत में लिया गया, उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया। सीओ जीआरपी लखनऊ केके शुक्ला ने बताया कि उन्नाव जीआरपी पोस्ट से ऐसी कोई भी जानकारी नहीं दी गई है। अगर ऐसा है तो बड़ी लापरवाही है। गोपनीय जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
छह नवंबर की घटना का जीआरपी ने किया खुलासा
छह नवंबर को इंदौर पटना एक्सप्रेस सवार महिला यात्री सुमन के साथ गंगाब्रिज पर कानपुर तरफ चोरों ने मोबाइल व कान के झुमके (सोने) के पार कर दिए थे। महिला ने कंट्रोल में चोरी की शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद उन्नाव जीआरपी ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। सोमवार सर्विलांस की मदद से जीआरपी ने गांगाघाट के चंपापुरवा निवासी जुनेद को हिरासत में लिया।
पूछताछ में आरोपी ने मोबाइल चोरी की घटना स्वीकार की। साथ ही कान के झुमके बेचकर एक और मोबाइल खरीदने की जानकारी दी। जीआरपी पोस्ट प्रभारी निरीक्षक एसके राय ने बताया कि युवक शातिर अपराधी है। गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया। बताया कि दूसरे जिलों में भी आपराधिक रिकॉर्ड का पता लगाया जा रहा है।
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छह नवंबर को गंगापुल कानपुर तरफ इंदौर पटना एक्सप्रेस सवार बिहार प्रांत के नेगी सरांय निवासी सुमन का चोरों ने मोबाइल व कान के झुमके पार किए थे। करीब एक सप्ताह से जीआरपी सीओ की निगरानी में प्रभारी निरीक्षक एसके राय मुखबिर व सर्विलांस की मदद से संदिग्धों की तलाश कर रहे थे। इस दौरान गंगाघाट के चंपापुरवा निवासी एक शातिर अपराधी के अलावा एक अन्य युवक को सोमवार शाम पूछताछ के लिए उठाया था। मंगलवार दोपहर करीब 12ऱ्30 बजे युवक मौका पाकर जीआरपी सिपाहियों को गच्चा देकर भागा।
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सिपाहियों ने पीछा किया लेकिन वह कानपुर से लखनऊ की ओर जा रही रनथ्रू ओखा एक्सप्रेस ट्रेन की धीमी रफ्तार होने का फायदा उठाकर उसमें चढ़ गया। मजबूरी में सिपाही कुछ न कर सकें। भागने वाले संदिग्ध को हिरासत में लिए जाने की लिखापढ़ी न होने से जीआरपी अपना बचाव करने में सफल हो गई।
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जीआरपी इंस्पेक्टर एसके राय ने बताया कि पोस्ट से कोई भी युवक नहीं भागा है। जिसे हिरासत में लिया गया, उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया। सीओ जीआरपी लखनऊ केके शुक्ला ने बताया कि उन्नाव जीआरपी पोस्ट से ऐसी कोई भी जानकारी नहीं दी गई है। अगर ऐसा है तो बड़ी लापरवाही है। गोपनीय जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
छह नवंबर की घटना का जीआरपी ने किया खुलासा
छह नवंबर को इंदौर पटना एक्सप्रेस सवार महिला यात्री सुमन के साथ गंगाब्रिज पर कानपुर तरफ चोरों ने मोबाइल व कान के झुमके (सोने) के पार कर दिए थे। महिला ने कंट्रोल में चोरी की शिकायत दर्ज कराई थी। इसके बाद उन्नाव जीआरपी ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। सोमवार सर्विलांस की मदद से जीआरपी ने गांगाघाट के चंपापुरवा निवासी जुनेद को हिरासत में लिया।
पूछताछ में आरोपी ने मोबाइल चोरी की घटना स्वीकार की। साथ ही कान के झुमके बेचकर एक और मोबाइल खरीदने की जानकारी दी। जीआरपी पोस्ट प्रभारी निरीक्षक एसके राय ने बताया कि युवक शातिर अपराधी है। गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया। बताया कि दूसरे जिलों में भी आपराधिक रिकॉर्ड का पता लगाया जा रहा है।