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पुनर्वास केंद्र में कम बच्चे मिलने पर जेडी खफा
Updated Sat, 10 Feb 2018 12:08 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
फतेहपुर। संयुक्त निदेशक स्वास्थ्य डॉ. दिलीप रंजन और सुधाकर पांडेय ने शुक्रवार को जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। अफसरों ने निरीक्षण के दौरान मिली गड़बड़ी पर सीएमएस से नाराजगी जताई। उन्हें हिदायत के साथ स्वास्थ्य सेवाएं बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
जेडी हेल्थ ने अस्पताल में संचालित पोषण पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण किया। यहां पर कुपोषित बच्चों की संख्या कम मिलने पर सीएमएस से कारण पूछा। मौके पर दो ही बच्चे मिले, जबकि अस्पताल में एक दर्जन कुपोषित बच्चों को भर्ती करने की व्यवस्था है। जेडी हेल्थ ने कहा कि शासन की मंशा है कि प्रदेश को कुपोषण मुक्त बनाया जाए। उन्होंने भर्ती रजिस्टर, दवाओं की उपलब्धता के अभिलेख भी खंगाले। कहा कि आंगनबाड़ी, आशाओं को इस कार्य में लगाकर कुपोषित बच्चों को चिन्हित कर इलाज करें। इसके बाद जेडी ने सीएमओ डॉ. विनय कुमार पांडेय के साथ ट्रामा सेंटर का निरीक्षण किया। यहां पर डाक्टर व फार्मासिस्ट घायलों का इलाज करते मिले। सीएमओ ने डिजिटल एक्सरे मशीन और अल्ट्रासाउंड मशीन चलाने के लिए प्रशिक्षण न मिलने की समस्या बताई। इस पर जेडी ने कहा कि इसी हफ्ते लखनऊ से टीम आकर एक्सरे टेक्नीशियन को प्रशिक्षित करेगी। इस दौरान महिला सीएमएस डॉ. रेखारानी भी रहीं।
-जिला अस्पताल में किया निरीक्षण
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फतेहपुर। संयुक्त निदेशक स्वास्थ्य डॉ. दिलीप रंजन और सुधाकर पांडेय ने शुक्रवार को जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। अफसरों ने निरीक्षण के दौरान मिली गड़बड़ी पर सीएमएस से नाराजगी जताई। उन्हें हिदायत के साथ स्वास्थ्य सेवाएं बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
जेडी हेल्थ ने अस्पताल में संचालित पोषण पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण किया। यहां पर कुपोषित बच्चों की संख्या कम मिलने पर सीएमएस से कारण पूछा। मौके पर दो ही बच्चे मिले, जबकि अस्पताल में एक दर्जन कुपोषित बच्चों को भर्ती करने की व्यवस्था है। जेडी हेल्थ ने कहा कि शासन की मंशा है कि प्रदेश को कुपोषण मुक्त बनाया जाए। उन्होंने भर्ती रजिस्टर, दवाओं की उपलब्धता के अभिलेख भी खंगाले। कहा कि आंगनबाड़ी, आशाओं को इस कार्य में लगाकर कुपोषित बच्चों को चिन्हित कर इलाज करें। इसके बाद जेडी ने सीएमओ डॉ. विनय कुमार पांडेय के साथ ट्रामा सेंटर का निरीक्षण किया। यहां पर डाक्टर व फार्मासिस्ट घायलों का इलाज करते मिले। सीएमओ ने डिजिटल एक्सरे मशीन और अल्ट्रासाउंड मशीन चलाने के लिए प्रशिक्षण न मिलने की समस्या बताई। इस पर जेडी ने कहा कि इसी हफ्ते लखनऊ से टीम आकर एक्सरे टेक्नीशियन को प्रशिक्षित करेगी। इस दौरान महिला सीएमएस डॉ. रेखारानी भी रहीं।
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-जिला अस्पताल में किया निरीक्षण