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सात माह के बाद भी पुल पर नहीं शुरू हो सका आवागमन
ब्यूरो/ अमर उजाला, कन्नौज
Updated Thu, 26 Feb 2015 12:23 AM IST
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इंदुयागंज में काली नदी पर बना पुल का संपर्क मार्ग न
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बन पाने के कारण सात माह से इस पुल पर आवागमन शुरू नहीं हो पाया है।
प्रशासनिक अधिकारियों के तमाम प्रयासों के बाद भी रास्ते में बने घरों को
हटाने के लिए गांव के लोग तैयार नहीं है। इस वजह से लोग जान को जोखिम में
डालकर नाव से नदी पार कर रहे हैं।
क्षेत्र के ग्रामीणों की सुविधा के लिए प्रदेश सरकार ने काली नदी पर पुल का निर्माण कराया है। गत जुलाई माह में लोक निर्माण विभाग ने पुल को तैयार कर दिया है। इस पुल को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग अभी तक नहीं बन सका है। जिसके चलते पुल निर्माण में खर्च होने वाली लाखों की धनराशि अनुपयोगी साबित हो रही है।
पुल के दोनों ओर संपर्क मार्ग की निर्माण में आठ लोग रोड़ा बने हुए हैं। जिलाधिकारी समेत कई अधिकारियों ने इन ग्रामीणों को मनाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण अपने मकान ढहाने को तैयार नहीं है। ग्रामीण प्रेमनरायन, नेकराम, रामकिशोर, रामदास का कहना है कि जब तक उनके घर दूसरे स्थान पर नहीं बनाए जाते हैं, तब तक वह अपने मकान को नहीं ढहाएंगे।
वहीं क्षेत्रीय लेखपाल सुरेश यादव का कहना है कि इंदुयागंज क्षेत्र की सरकारी जमीन संबंधी कागजात फतेहगढ़ फूस बंगला में आग लग जाने से नष्ट हो गए थे, जिससे सरकारी जमीन की सही स्थित पता नहीं चल पा रही है।
क्षेत्र के ग्रामीणों की सुविधा के लिए प्रदेश सरकार ने काली नदी पर पुल का निर्माण कराया है। गत जुलाई माह में लोक निर्माण विभाग ने पुल को तैयार कर दिया है। इस पुल को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग अभी तक नहीं बन सका है। जिसके चलते पुल निर्माण में खर्च होने वाली लाखों की धनराशि अनुपयोगी साबित हो रही है।
पुल के दोनों ओर संपर्क मार्ग की निर्माण में आठ लोग रोड़ा बने हुए हैं। जिलाधिकारी समेत कई अधिकारियों ने इन ग्रामीणों को मनाने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण अपने मकान ढहाने को तैयार नहीं है। ग्रामीण प्रेमनरायन, नेकराम, रामकिशोर, रामदास का कहना है कि जब तक उनके घर दूसरे स्थान पर नहीं बनाए जाते हैं, तब तक वह अपने मकान को नहीं ढहाएंगे।
वहीं क्षेत्रीय लेखपाल सुरेश यादव का कहना है कि इंदुयागंज क्षेत्र की सरकारी जमीन संबंधी कागजात फतेहगढ़ फूस बंगला में आग लग जाने से नष्ट हो गए थे, जिससे सरकारी जमीन की सही स्थित पता नहीं चल पा रही है।