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प्लास्टिक की प्लेट, गिलास और कटोरी का इस्तेमाल बंद

Wed, 04 Mar 2020 12:01 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 04 Mar 2020 12:01 AM IST
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plaastik kee plet, gilaas aur katoree ka istemaal band
फाइबर की प्लेट में भोजन करते टीचर। - फोटो : KANNAUJ
कन्नौज। निष्ठा प्रशिक्षण में प्लास्टिक की प्लेट, गिलास और कटोरी के इस्तेमाल का मामला अमर उजाला के उठाने के बाद अफसर सजग हुए हैं। मंगलवार को जिलाधिकारी राकेश कुमार मिश्रा ने बीएसए से इस पर सख्त नाराजगी जताई। प्रतिबंधित प्लास्टिक का इस्तेमाल होने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई। इसके बाद सभी बीआरसी(ब्लाक संसाधन केंद्र) पर फाइबर की प्लेट, कागज की कटोरी और गिलास का इस्तेमाल किया गया।
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ब्लाक संसाधन केंद्र कन्नौज में चल रहे निष्ठा प्रशिक्षण के दूसरे दिन प्लास्टिक के उपयोग पर सख्ती की गई। दोपहर के भोजन के दौरान रायता, सब्जी के लिए कागज के दोने का प्रयोग किया गया। पानी के लिए भी कागज के गिलास उपयोग में लाए गए। कस्बा सराय प्रयाग स्थित बीआरसी कार्यालय में चल रहे निष्ठा प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रतिबंधित प्लास्टिक की थाली में टीचरों को भोजन देने का मामला गरमाने के बाद मंगलवार को बीईओ ने फाइबर की प्लेट में भोजन की व्यवस्था कराई। इस व्यवस्था में टाइम लगने से टीचरों को करीब तीन बजे भोजन मिल सका।
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बीआरसी कार्यालय सराय प्रयाग में निष्ठा प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत 698 टीचरों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। मंगलवार को दूसरे चरण के प्रशिक्षण का दूसरा दिन था। प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले टीचरों को भोजन उपलब्ध कराया गया। सोमवार को केंद्र पर भोजन में गड़बड़ी की बात को लेकर शिक्षक नेताओं ने बीईओ को ज्ञापन दिया था। वहीं प्रतिबंधित प्लास्टिक की थाली में टीचरों को भोजन दिया गया। कन्नौज, गुरसहायगंज और छिबरामऊ बीआरसी केंद्रों में गड़बड़ी को अमर उजाला ने मंगलवार के अंक में प्रमुखता से उठाया तो अफसरों में हड़कंप मच गया। बीआरसी सराय प्रयाग में बीईओ पवन द्विवेदी ने खाने की आपूर्ति करने वाले ठेकेदार को फाइबर की प्लेट देने के लिए कहा। इस व्यवस्था में ठेकेदार को समय लग गया। दोपहर करीब तीन बजे एबीआरसी परिसर में फाइबर की प्लेट भेजी गईं। इसके बाद शिक्षकों को भोजन परोसा गया।
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कन्नौज बीआरसी में करीब डेढ़ घंटे देरी से पहुंचा खाना
कन्नौज। ब्लाक संसाधन केंद्र पर दोपहर को शिक्षकों के लंच करने का समय करीब दो बजे निर्धारित है। मंगलवार को ठेकेदार ने करीब साढ़े तीन बजे बीआरसी पर खाना पहुंचाया। इसके बाद शिक्षकों को खाना मिला। देरी को लेकर शिक्षकों ने नाराजगी जताई। खंड शिक्षाधिकारी शिव सिंह ने कहा कि ठेकेदार को समय पर खाना पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।

चाय के नाम पर दिया जा रहा पानी
छिबरामऊ। बीआरसी छिबरामऊ में निष्ठा प्रशिक्षण के दौरान दिए जा रहे भोजन की गुणवत्ता खराब होने से नाराज शिक्षकों को मनाने बीएसए केके ओझा पहुंचे। शिक्षकों ने पहले तो खाने का बहिष्कार करने की बात कही। बीएसए ने बात की तो वह मान गए। शिक्षकों ने बीएसए को बताया कि चाय के नाम पर पानी दिया जा रहा है। दो चम्मच रायता और सलाद की जगह मूली का एक टुकड़ा दिया जा रहा है। बीएसए ने भोजन की गुणवत्ता सुधरवाने का आश्वासन दिया, तब शिक्षक माने। मंगलवार को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी केके ओझा, खंड शिक्षा अधिकारी सुनील कुमार द्विवेदी के साथ जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान पहुंचे। उन्होंने भोजन की गुणवत्ता पर सवाल उठाने वाले शिक्षक नेताओं को बुलाकर वार्ता की। शिक्षक नेता शैलेंद्र दुबे लालू ने बताया कि भोजन की गुणवत्ता बेहद खराब है। चाय के नाम पर गर्म पानी दिया जाता है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने कहा कि गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण, गुणवत्तापूर्ण भोजन पॉलिथीन रहित दिलाया जाएगा। अगर भोजन की गुणवत्ता को लेकर कोई शिकायत हो तो तत्काल उनसे संपर्क करें। अब शिक्षकों को और बेहतर भोजन दिलाया जाएगा। इस दौरान प्राथमिक शिक्षक संघ के ब्लाक अध्यक्ष अनूप मिश्रा, राजपाल शाक्य, शशिकांत शुक्ला मौजूद रहे।
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