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Kannauj News: आलू का एमएसपी घोषित करने और क्रय केंद्र खोलने की मांग
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फोटो :15 एसडीएम ज्ञानेंद्र कुमार द्विवेदी को ज्ञापन देते कांग्रेसी। संवाद
छिबरामऊ। सोमवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आलू किसानों की समस्याओं को लेकर मोर्चा खोला। उन्होंने राज्यपाल को संबोधित एक ज्ञापन एसडीएम ज्ञानेंद्र कुमार द्विवेदी को सौंपा। यह ज्ञापन जिलाध्यक्ष मोहम्मद शाकिर हुसैन के नेतृत्व में सौंपा गया।
ज्ञापन में कहा गया कि किसान सरकार की उपेक्षा से आर्थिक संकट में गुजर रहे हैं। आलू बोआई का सीजन नजदीक है, पर यूरिया और डीएपी खाद की अत्यधिक किल्लत है। कालाबाजारी के कारण किसानों को खाद महंगे दामों पर खरीदनी पड़ रही है। सरकार ने आलू का न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित नहीं किया है। इससे किसानों को अपनी उपज बहुत कम दामों पर बेचनी पड़ रही है। उनकी लागत का आधा हिस्सा भी नहीं निकल पा रहा है। कोल्ड स्टोरेज मालिकों ने भंडारण शुल्क भी बढ़ा दिया है। सरकार द्वारा दिया गया 100 रुपये प्रति पैकेट का अनुदान ऊंट के मुंह में जीरे के समान है।
कांग्रेस ने राज्यपाल से गेहूं और चावल की तर्ज पर आलू का न्यूनतम समर्थन मूल्य घोषित करने की मांग की। उन्होंने सरकारी क्रय केंद्रों पर आलू की खरीद तुरंत शुरू कराने को कहा। इसका उद्देश्य किसानों को आत्महत्या और कर्ज के जाल से बचाना है। इस दौरान जिला महासचिव अमोल दीक्षित, पूर्व प्रदेश सचिव विजय मिश्रा, ब्लॉक अध्यक्ष विकास मिश्रा, आसिफ मेराज, बहार कुरैशी, देवकीनंदन मिश्रा और विनय त्रिपाठी सहित कई कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
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ज्ञापन में कहा गया कि किसान सरकार की उपेक्षा से आर्थिक संकट में गुजर रहे हैं। आलू बोआई का सीजन नजदीक है, पर यूरिया और डीएपी खाद की अत्यधिक किल्लत है। कालाबाजारी के कारण किसानों को खाद महंगे दामों पर खरीदनी पड़ रही है। सरकार ने आलू का न्यूनतम समर्थन मूल्य निर्धारित नहीं किया है। इससे किसानों को अपनी उपज बहुत कम दामों पर बेचनी पड़ रही है। उनकी लागत का आधा हिस्सा भी नहीं निकल पा रहा है। कोल्ड स्टोरेज मालिकों ने भंडारण शुल्क भी बढ़ा दिया है। सरकार द्वारा दिया गया 100 रुपये प्रति पैकेट का अनुदान ऊंट के मुंह में जीरे के समान है।
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कांग्रेस ने राज्यपाल से गेहूं और चावल की तर्ज पर आलू का न्यूनतम समर्थन मूल्य घोषित करने की मांग की। उन्होंने सरकारी क्रय केंद्रों पर आलू की खरीद तुरंत शुरू कराने को कहा। इसका उद्देश्य किसानों को आत्महत्या और कर्ज के जाल से बचाना है। इस दौरान जिला महासचिव अमोल दीक्षित, पूर्व प्रदेश सचिव विजय मिश्रा, ब्लॉक अध्यक्ष विकास मिश्रा, आसिफ मेराज, बहार कुरैशी, देवकीनंदन मिश्रा और विनय त्रिपाठी सहित कई कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
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