{"_id":"693866baee6aa8049b0f2531","slug":"perfume-citys-ias-mayank-tripathi-gets-up-cadre-kannauj-news-c-214-1-knj1008-141386-2025-12-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kannauj News: इत्रनगरी के आईएएस मयंक त्रिपाठी को मिला यूपी कैडर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kannauj News: इत्रनगरी के आईएएस मयंक त्रिपाठी को मिला यूपी कैडर
विज्ञापन
कन्नौज। इत्रनगरी के लाल ने यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा 2024 में अखिल भारतीय स्तर पर 10वीं रैंक हासिल कर जिले एवं प्रदेश का गौरव बढ़ाया है। उनकी इस उत्कृष्ट उपलब्धि के बाद यूपी कैडर आवंटित किया गया है।
पिता प्रभात त्रिपाठी ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि मयंक ने इंटरमीडिएट तक की शिक्षा कन्नौज में पूरी की और वर्ष 2020 में उच्च शिक्षा के लिए दिल्ली गए, जहां उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के हिन्दू कॉलेज से गणित में बीएससी की पढ़ाई पूरी की। यूपीएससी 2023 में उन्होंने एआईआर 373 प्राप्त की थी, जिसके आधार पर उनका चयन आईआरएस (आईटी) के पद पर हुआ था। इसके अतिरिक्त, मयंक ने वर्ष 2022 में अपने पहले ही प्रयास में यूपीपीएससी में 22वीं रैंक प्राप्त कर डीएसपी के पद पर भी चयनित हुए थे।
उन्होंने कहा कि वह कन्नौज कलक्ट्रेट में प्रधान सहायक के पद पर कार्यरत हैं। परिवार वर्तमान में सरायमीरा स्थित डाक बंगला रोड पर निवास करता है। मयंक को यूपी कैडर मिलने की सूचना पर परिवार और क्षेत्रवासियों में खुशी की लहर दौड़ गई। मयंक त्रिपाठी की यात्रा इस बात का प्रेरक उदाहरण है कि निरंतर मेहनत, आत्मविश्वास और समर्पण के साथ बड़े से बड़ा लक्ष्य भी हासिल किया जा सकता है। उनकी उपलब्धि से न केवल कन्नौज बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश को गौरव की अनुभूति हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पिता प्रभात त्रिपाठी ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि मयंक ने इंटरमीडिएट तक की शिक्षा कन्नौज में पूरी की और वर्ष 2020 में उच्च शिक्षा के लिए दिल्ली गए, जहां उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के हिन्दू कॉलेज से गणित में बीएससी की पढ़ाई पूरी की। यूपीएससी 2023 में उन्होंने एआईआर 373 प्राप्त की थी, जिसके आधार पर उनका चयन आईआरएस (आईटी) के पद पर हुआ था। इसके अतिरिक्त, मयंक ने वर्ष 2022 में अपने पहले ही प्रयास में यूपीपीएससी में 22वीं रैंक प्राप्त कर डीएसपी के पद पर भी चयनित हुए थे।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि वह कन्नौज कलक्ट्रेट में प्रधान सहायक के पद पर कार्यरत हैं। परिवार वर्तमान में सरायमीरा स्थित डाक बंगला रोड पर निवास करता है। मयंक को यूपी कैडर मिलने की सूचना पर परिवार और क्षेत्रवासियों में खुशी की लहर दौड़ गई। मयंक त्रिपाठी की यात्रा इस बात का प्रेरक उदाहरण है कि निरंतर मेहनत, आत्मविश्वास और समर्पण के साथ बड़े से बड़ा लक्ष्य भी हासिल किया जा सकता है। उनकी उपलब्धि से न केवल कन्नौज बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश को गौरव की अनुभूति हुई है।
विज्ञापन