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लेखपालों की लापरवाही: छह हजार किसानों की सम्मान निधि अटकी

Wed, 12 Feb 2020 11:42 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 12 Feb 2020 11:42 PM IST
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lekhapaalon kee laaparavaahee: chhah hajaar kisaanon kee sammaan nidhi atakee
कृषि निदेशक कार्यालय में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के आवेदनों की खामी दूर कराते किसान। - फोटो : KANNAUJ
कन्नौज। जिले के छह हजार किसानों की सम्मान निधि लेखपालों की लापरवाही से अटकी हुई है। इन किसानों के आवेदन पर लेखपाल दो माह से रिपोर्ट नहीं लगा रहे हैं। लंबा समय गुजरने के बाद भी सम्मान निधि की किस्त खाते में न आने से किसान परेशान हैं। यह कृषि विभाग के चक्कर लगा रहे हैं। इन्हें लेखपालों की रिपोर्ट न आने का हवाला देकर टरकाया जा रहा है।
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सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना को लेखपाल पलीता लगा रहे हैं। जिले में पंजीकृत किसानों की संख्या 2.55 लाख है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ 1.75 लाख किसानों को मिल रहा है। योजना के लाभ के लिए बड़ी संख्या में किसानों को अभी भी भटकना पड़ रहा है। कृषि निदेशक कार्यालय में आवेदनों की फीडिंग के बाद लेखपालों को मौके पर पहुंच कर संबंधित भूमि की जांच कर रिपोर्ट लगाने के निर्देश दिए गए थे। पिछले साल लेखपालों ने जांच रिपोर्ट समय पर लगा दी। इससे अधिकतर किसानों के खातों में सम्मान निधि की दो हजार की किस्त पहुंच गई। दो माह से लेखपाल लापरवाही बरत रहे हैं।
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कृषि निदेशक कार्यालय के रिकार्ड के अनुसार कार्यालय में दो माह में छह हजार आवेदन योजना के पोर्टल पर लंबित हैं। इन पर लेखपालों ने अभी तक रिपोर्ट नहीं लगाई है। इससे किसानों के खातों में किस्त नहीं पहुंच रही है। जिलाधिकारी रवींद्र कुमार ने उपजिलाधिकारी से लेकर तहसीलदारों को आवेदन के बाद अपनी देखरेख में लेखपालों से जांच रिपोर्ट लगवाने के निर्देश दिए थे। इसके बाद भी आवेदनों पर रिपोर्ट नहीं लगाई गई।
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अब इसी योजना के तहत किसानों को और लाभ दिए जाने की बात सामने आ रही है। अब सम्मान निधि पाने वाले किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके अलावा किसानों के12 रुपये सालाना जमा करने पर दो लाख रुपये तक का बीमा किया जाएगा। किसानों के लिए कई योजनाएं आने के बाद किसान पूर्व में किए आवेदनों की खोज करने लगे हैं। इनके आवेदन दो माह से संबंधित पोर्टल पर दर्ज हैं। इन पर लेखपालों ने रिपोर्ट नहीं लगाई है।
आवेदन फीड करने में हुईं गलतियां
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के आवेदनों को कंप्यूटर पर फीड करने में गलतियां हुई हैं। कहीं किसी के नाम पर दूसरे का बैंक खाता फीड कर दिया गया। कहीं किसी के नाम पर दूसरे की भूमि फीड कर दी गई। इससे यह आवेदन लंबित हैं, या इन्हें निरस्त कर दिया गया। अब किसान दोबारा कागजात तैयार करवाकर कृषि निदेशक कार्यालय में गलती का सुधार कराने पहुंच रहे हैं।

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के आवेदनों में गलतियों को कृषि निदेशक कार्यालय में ठीक कराया जा रहा है। लंबित आवेदनों के संदर्भ में जिलाधिकारी ने सभी उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वह लेखपालों को लगा कर आवेदनों की जांच करा कर रिपोर्ट लगा कर दे दें। इससे कि सम्मान निधि खातों में भेजी जा सके।
- राम मिलन सिंह परिहार, जिला कृषि अधिकारी, कन्नौज।
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