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कई बूथों पर भाजपा-सपा समर्थकों में झड़प, पुलिस ने पटकीं लाठियां
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सदर तहसील के मतदान केंद्र का निरीक्षण करते डीएम राकेश कुमार मिश्र व एसपी अमरेंद्र प्रसाद सिंह।
- फोटो : KANNAUJ
कन्नौज। शिक्षक व स्नातक एमएलसी पद के लिए चुनाव भाजपा बनाम सपा दिखा। कई बूथों पर भाजपा-सपा समर्थक आमने-सामने आ गए। इनमें तीखी झड़प भी हुई। पुलिस को लाठियां पटकनी पड़ीं। हालांकि पुलिस-प्रशासन की मुस्तैदी से कोई बड़ा बवाल नहीं हुआ। अफसरों ने बीच में पड़कर दोनों पक्षों के समर्थकों को शांत कराया। डीएम, एसपी, एडीएम, एसडीएम, सीओ समेत कई अफसर केंद्रों का भ्रमण करते रहे। केंद्रों पर अनावश्यक भीड़ या सामाजिक दूरी न देख ड्यूटी पर तैनात अफसरों को फटकार लगा दी। देर शाम तक स्नातक में 42.83 प्रतिशत और शिक्षक में 80.06 प्रतिशत मतदान हुआ। इसके साथ ही 58 मतपेटियों में 38 प्रत्याशियों का भाग्य बंद हो गया। देर शाम सदर एसडीएम की मौजूदगी में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मतपेटियों को आगरा स्ट्रांग रूम के लिए भेज दिया गया। तीन दिसंबर को आगरा में मतगणना होगी। चुनाव के शांतिपूर्वक निपटने के बाद प्रशासन ने राहत की सांस ली।
जिले में शिक्षक व स्नातक एमएलसी चुनाव-2020 के लिए 12 केंद्र व 29 मतदेय स्थल बनाए गए थे। सुबह आठ बजते ही मतदान की प्रक्रिया शुरू हो गई। यह शाम साढ़े छह बजे तक चली। सुबह 10 बजने के बाद बूथों पर मतदाताओं की भीड़ लगना शुरू हो गई। यह शाम तीन बजे तक बरकरार रही। शिक्षक की अपेक्षा स्नातक बूथों पर अधिक भीड़ रही। यहां भाजपा, सपा, कांग्रेस समेत अन्य दलों के अभिकर्ताओं का जमावड़ा लगा रहा। सदर ब्लाक में भाजपा समर्थकों के बार-बार आने पर सपा समर्थकों ने आपत्ति जताई। सपा समर्थकों ने अपने भी जनप्रतिनिधि व पदाधिकारी बूथों पर बुलाने की बात कही तो भाजपा-सपा समर्थक आमने-सामने आ गए। इनमें तीखी झड़प हुई तो अफसरों ने शंात कराया। सिर्फ मतदाता व अभिकर्ताओं को छोड़ बाकी को लाठी पटककर खदेड़ दिया गया।
इसी तरह नगर पालिका गुरसहायगंज में भाजपा-सपा समर्थकों में तीखी झड़प के बाद धक्की-मुक्की व हाथापाई हो गई। पुलिस को लाठियां पटकनी पड़ीं, तब मामला शांत हुआ। इसी तरह ब्लाक सौरिख के खड़िनी में महिला के फर्जी वोट डालने पर एडीएम गजेंद्र कुमार व एएसपी विनोद कुमार ने नाराजगी व्यक्त की। महिला को हिरासत में ले लिया गया। बाद में लाइन में लगे सभी मतदाताओं को चेक किया गया। इसको लेकर पूर्व ब्लाक प्रमुख नवाब सिंह ने प्रशासन को चेतावनी दी। डीएम राकेश कुमार मिश्र, एसपी अमरेंद्र प्रसाद सिंह, सदर एसडीएम गौरव शुक्ला, सीओ शिव प्रताप सिंह समेत कई अफसर व गश्त दल टीमें केंद्रों का भ्रमण करती रहीं।
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सांसद सुब्रत पाठक ने जिले के कई बूथों पर मतदान प्रक्रिया का जायजा लिया। अफसरों से निष्पक्ष मतदान कराने के लिए कहा। पांच बजे मतदान बंद कर दिया गया लेकिन ब्लाक सौरिख, कन्नौज समेत कई केंद्रों पर मतदाताओं की भीड़ लगी रही। इसकी वजह से शाम साढ़े छह बजे तक मतदान चला। इसमें स्नातक में 17237 मतदाताओं में से 7383 ने मतदान किया। यह 42.83 प्रतिशत रहा। इसी तरह शिक्षक एमएलसी चुनाव में 1741 मतदाताओं में 1394 ने मतदान किया। यह 80.06 प्रतिशत रहा।
मतदाता सूची में क्रमांक की गड़बड़ी से देरी से शुरू हुआ मतदान
सदर ब्लाक में बूथ संख्या तीन पर मतदाता सूची क्रमांक में गड़बड़ी रही। अभिकर्ता और पीठासीन अधिकारियों को दूसरी सूची दे दी गई। मतदाता लाइन में लगकर वोट डालने पहुंचे तो क्रमांक के हिसाब से नाम नहीं मिला। इसकी वजह से इन्हें बिना वोट डाले बाहर कर दिया गया। अभिकर्ताओं ने इसकी शिकायत सीडीओ आरएन सिंह से की। उन्होंने एडीएम से बात की तो बाद में संशोधित सूची डाली गई। इसी तरह ब्लाक सौरिख के कई बूथों पर दिक्कत आई। इसकी वजह से मतदान देरी से शुरू हुआ।
ग्लव्स पहकर किया मतदान
कोरोना संक्रमण की वजह से सभी मतदाताओं को वोट डालने से पहले ग्लव्स दिए गए। इसके बाद इन्होंने मतदान किया। इसके साथ ही असमर्थ व दिव्यांग मतदाताओं के लिए सभी केंद्रों पर ट्राई साइकिल की व्यवस्था की गई थी। इन्होंने ट्राई साइकिल से केंद्र पर पहुंचकर मतदान किया। कुछ लोगों के साथ एक सहायक को वोट डालने के लिए भेजा गया।
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जिले में शिक्षक व स्नातक एमएलसी चुनाव-2020 के लिए 12 केंद्र व 29 मतदेय स्थल बनाए गए थे। सुबह आठ बजते ही मतदान की प्रक्रिया शुरू हो गई। यह शाम साढ़े छह बजे तक चली। सुबह 10 बजने के बाद बूथों पर मतदाताओं की भीड़ लगना शुरू हो गई। यह शाम तीन बजे तक बरकरार रही। शिक्षक की अपेक्षा स्नातक बूथों पर अधिक भीड़ रही। यहां भाजपा, सपा, कांग्रेस समेत अन्य दलों के अभिकर्ताओं का जमावड़ा लगा रहा। सदर ब्लाक में भाजपा समर्थकों के बार-बार आने पर सपा समर्थकों ने आपत्ति जताई। सपा समर्थकों ने अपने भी जनप्रतिनिधि व पदाधिकारी बूथों पर बुलाने की बात कही तो भाजपा-सपा समर्थक आमने-सामने आ गए। इनमें तीखी झड़प हुई तो अफसरों ने शंात कराया। सिर्फ मतदाता व अभिकर्ताओं को छोड़ बाकी को लाठी पटककर खदेड़ दिया गया।
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इसी तरह नगर पालिका गुरसहायगंज में भाजपा-सपा समर्थकों में तीखी झड़प के बाद धक्की-मुक्की व हाथापाई हो गई। पुलिस को लाठियां पटकनी पड़ीं, तब मामला शांत हुआ। इसी तरह ब्लाक सौरिख के खड़िनी में महिला के फर्जी वोट डालने पर एडीएम गजेंद्र कुमार व एएसपी विनोद कुमार ने नाराजगी व्यक्त की। महिला को हिरासत में ले लिया गया। बाद में लाइन में लगे सभी मतदाताओं को चेक किया गया। इसको लेकर पूर्व ब्लाक प्रमुख नवाब सिंह ने प्रशासन को चेतावनी दी। डीएम राकेश कुमार मिश्र, एसपी अमरेंद्र प्रसाद सिंह, सदर एसडीएम गौरव शुक्ला, सीओ शिव प्रताप सिंह समेत कई अफसर व गश्त दल टीमें केंद्रों का भ्रमण करती रहीं।
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सांसद सुब्रत पाठक ने जिले के कई बूथों पर मतदान प्रक्रिया का जायजा लिया। अफसरों से निष्पक्ष मतदान कराने के लिए कहा। पांच बजे मतदान बंद कर दिया गया लेकिन ब्लाक सौरिख, कन्नौज समेत कई केंद्रों पर मतदाताओं की भीड़ लगी रही। इसकी वजह से शाम साढ़े छह बजे तक मतदान चला। इसमें स्नातक में 17237 मतदाताओं में से 7383 ने मतदान किया। यह 42.83 प्रतिशत रहा। इसी तरह शिक्षक एमएलसी चुनाव में 1741 मतदाताओं में 1394 ने मतदान किया। यह 80.06 प्रतिशत रहा।
मतदाता सूची में क्रमांक की गड़बड़ी से देरी से शुरू हुआ मतदान
सदर ब्लाक में बूथ संख्या तीन पर मतदाता सूची क्रमांक में गड़बड़ी रही। अभिकर्ता और पीठासीन अधिकारियों को दूसरी सूची दे दी गई। मतदाता लाइन में लगकर वोट डालने पहुंचे तो क्रमांक के हिसाब से नाम नहीं मिला। इसकी वजह से इन्हें बिना वोट डाले बाहर कर दिया गया। अभिकर्ताओं ने इसकी शिकायत सीडीओ आरएन सिंह से की। उन्होंने एडीएम से बात की तो बाद में संशोधित सूची डाली गई। इसी तरह ब्लाक सौरिख के कई बूथों पर दिक्कत आई। इसकी वजह से मतदान देरी से शुरू हुआ।
ग्लव्स पहकर किया मतदान
कोरोना संक्रमण की वजह से सभी मतदाताओं को वोट डालने से पहले ग्लव्स दिए गए। इसके बाद इन्होंने मतदान किया। इसके साथ ही असमर्थ व दिव्यांग मतदाताओं के लिए सभी केंद्रों पर ट्राई साइकिल की व्यवस्था की गई थी। इन्होंने ट्राई साइकिल से केंद्र पर पहुंचकर मतदान किया। कुछ लोगों के साथ एक सहायक को वोट डालने के लिए भेजा गया।