फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kannauj News ›   smashed the security wall in Sraymira

सरायमीरा में तोड़ी सुरक्षा दीवार

Mon, 24 Aug 2015 11:49 PM IST
अमर उजाला कन्नाैैज
अमर उजाला कन्नाैैज Updated Mon, 24 Aug 2015 11:49 PM IST
विज्ञापन
smashed the security wall in Sraymira
रेल हादसों के कुछ दिन बाद तक तो हो-हल्ला मचता है, लेकिन चंद दिनों में ही अधिकारी पुराने ढर्रे पर आ जाते हैं। यही वजह है कि सुरक्षा संबंधी चूक अक्सर यात्रियों के लिए जान का जोखिम पैदा करता है। कागजों पर भले ही रेल प्रशासन पूरी मुस्तैदी से सक्रिय रहने का दावा करता हो, लेकिन हकीकत की पोल जिला मुख्यालय पर ही रेलवे अफसरों की नाक के नीचे खुल रही है।
विज्ञापन


सरायमीरा में कन्नौज रेलवे स्टेशन, पार्सलघर, जीआरपी, आरपीएफ थाना समेत रेलवे के अधिकारियों व कर्मचारियों के आवास हैं। इस वजह से पूरे दिन रेल महकमे की चहलकदमी तिर्वा क्रासिंग से लेकर रेलवे स्टेशन तक करीब 800 मीटर के दायरे में रहती है। इसके बावजूद अराजकतत्वों ने कई स्थानों पर कानपुर-कासगंज जाने वाली रेलवे लाइन और जीटी रोड हाइवे के बीच बनी दीवार आधा दर्जन स्थानों पर तोड़ डाली है।
विज्ञापन


उप निदेशक कृषि, विकास भवन कार्यालय के सामने कई फिट चौड़ाई में रेलवे की सुरक्षा दीवार तोड़ डाली गई है। अब रोजाना पैदल व साइकिल सवार वहां से पटरी पार करते हैं। इसी तरह गंगवापुर, मानीमऊ, कन्नौज सिटी, जसोदा, खुदलापुर, गुरसहायगंज, मलिकपुर रेलवे स्टेशन क्षेत्रों में भी कहीं पर सुरक्षा के लिए लगे एंगल आड़े-तिरछे करके आने-जाने वालों ने रास्ता बना लिया है तो कहीं दीवार की ईटें तोड़कर पटरी पार कर रहे हैं। यही नहीं जीटी रोड पर फर्राटा भरने वाले वाहन भी दुर्घटनाग्रस्त होकर टूटी दीवार से पटरी पर पहुंचकर दुर्घटना का कारण बन सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


अनदेखी का आलम यह है कि रेलवे की पटरी की सुरक्षा चेक करने के लिए कर्मचारी से लेकर अधिकारी तक अक्सर आते-जाते हैं। इसके बावजूद सुरक्षा संबंधी इस चूक की अनदेखी की जा रही है। इस बारे में पूछने पर स्थानीय स्तर पर रेलवे के अधिकारी चुप्पी साधे हैं। सभासद श्याम तिवारी का कहना है कि अक्सर लोग जल्दबाजी के चक्कर में शार्टकट बनाते हैं, लेकिन इससे न सिर्फ पटरी पार करने वाले बल्कि ट्रेन में सफर करने वालों की जिंदगी के लिए भी खतरा मंडरा रहा है। टूटी दीवारों की तत्काल मरम्मत होनी चाहिए।


पुल के बजाय पटरी से पार कर रहे प्लेटफार्म
कन्नौज रेलवे स्टेशन पर भी यात्रियों की मनमानी अक्सर नजर आती है। प्लेटफार्म नंबर दो पर जाने के लिए पैदल पुल का प्रयोग करने के बजाय नीचे उतरकर पटरी पार करने लगते हैं। ट्रेन में जल्दी सवार होने के लिए अक्सर लोग प्लेटफार्म से नीचे उतरकर पटरी से दक्षिणी साइड मे खड़े हो जाते हैं। कई बार तो बीच वाली पटरी पर लोग खड़े होकर ट्रेन का इंतजार करते हैं। वर्ष 2014 में अचानक रेल पटरी से मालगाड़ी के गुजरने के कारण ऐ बैंक कर्मचारी की मौत भी हो चुकी है। इस घटना से सबक सीखते हुए कुछ दिन तक तो सख्ती चली, लेकिन फिर अव्यवस्थाएं पुराने ढर्रे पर आ गईं।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed