{"_id":"5edfcb6d8ebc3e42f66d72fb","slug":"apharan-kannauj-news-knp564657899","type":"story","status":"publish","title_hn":"अपहरण की साजिश में दोस्त भी था शामिल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अपहरण की साजिश में दोस्त भी था शामिल
विज्ञापन
छिबरामऊ/विशुनगढ़। घुड़सवार ट्रेनर ने कुरावली मैनपुरी में रहने वाले एक दोस्त के साथ मिलकर खुद के अपहरण की साजिश रची थी। उसी दोस्त ने हाथ-पैर बांधकर नहर के पास छोड़ा था। पुलिस अब उस दोस्त की तलाश में लगी है। वहीं मामले में नामजद आरोपियों को पुलिस ने निर्दोश मानते हुए मंगलवार को छोड़ दिया।
मैनपुरी के धौकलपुर तिसौली निवासी भीम सिंह पुत्र प्रमोद कुमार यादव विशुनगढ़ थाने के गांव कुशलपुरवा में घुड़सवारी का प्रशिक्षण देता था। गुरुवार को वह रहस्यमय ढंग से लापता हो गया था। सोमवार को मैनपुरी जिले के कुरावली थाने के कुंवरपुर गांव के पास पुलिस को मिला। भीम सिंह के पैर बंधे हुए। पुलिस उसे विशुनगढ़ थाने ले आई। यहां उसने बताया कि प्रेमिका की शादी तुड़वाने के लिए उसने ही स्वयं के अपहरण की साजिश रची थी।
छानबीन में यह बात भी सामने आई कि कुरावली में रहने वाला एक युवक भी अपहरण की इस साजिश में शामिल था। शुक्रवार की रात तक वह गांव में ही छिपा था। शनिवार को भीम सिंह बाइक से कुरावली दोस्त के पास पहुंचा था। इसके बाद सोमवार सुबह दोस्त ही कुंवरपुर गांव के पास हाथ-पैर बांधकर नगर के किनारे छोड़ आया था।
विज्ञापन
इस संबंध में प्रभारी निरीक्षण कृष्ण लाल पटेल ने बताया कि अपहरण कांड में नामजद किए गए तीनों भाइयों को निर्दोष मानते हुए छोड़ दिया गया है। उसका साथ देने वाले दोस्त की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। पुलिस छानबीन में लगी है।
विज्ञापन
मैनपुरी के धौकलपुर तिसौली निवासी भीम सिंह पुत्र प्रमोद कुमार यादव विशुनगढ़ थाने के गांव कुशलपुरवा में घुड़सवारी का प्रशिक्षण देता था। गुरुवार को वह रहस्यमय ढंग से लापता हो गया था। सोमवार को मैनपुरी जिले के कुरावली थाने के कुंवरपुर गांव के पास पुलिस को मिला। भीम सिंह के पैर बंधे हुए। पुलिस उसे विशुनगढ़ थाने ले आई। यहां उसने बताया कि प्रेमिका की शादी तुड़वाने के लिए उसने ही स्वयं के अपहरण की साजिश रची थी।
विज्ञापन
छानबीन में यह बात भी सामने आई कि कुरावली में रहने वाला एक युवक भी अपहरण की इस साजिश में शामिल था। शुक्रवार की रात तक वह गांव में ही छिपा था। शनिवार को भीम सिंह बाइक से कुरावली दोस्त के पास पहुंचा था। इसके बाद सोमवार सुबह दोस्त ही कुंवरपुर गांव के पास हाथ-पैर बांधकर नगर के किनारे छोड़ आया था।
विज्ञापन
इस संबंध में प्रभारी निरीक्षण कृष्ण लाल पटेल ने बताया कि अपहरण कांड में नामजद किए गए तीनों भाइयों को निर्दोष मानते हुए छोड़ दिया गया है। उसका साथ देने वाले दोस्त की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। पुलिस छानबीन में लगी है।