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शादी का झांसा देकर युवती से बलात्कार
ब्यूरो
Updated Fri, 16 Oct 2015 01:09 AM IST
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झांसी। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश /फास्ट ट्रैक कोर्ट सुरेश चंद्र की अदालत ने शादी का झांसा देकर युवती से बलात्कार करने के मामले में एक अभियुक्त को सात साल की सजा सुनाई।
अभियोजन पक्ष के अनुसार सीपरी बाजार थाना क्षेत्रांतर्गत निवासी युवती एक समाजसेवी संस्था से 2003 में जुड़ी थी। इस दौरान उसकी मुलाकात बांदा में संस्था के रीजनल कोआर्डिनेटर बैरागढ़ टेकनपुर ग्वालियर निवासी अभय सागर से हुई। मेलजोल बढ़ने पर अभय ने युवती के समक्ष शादी का प्रस्ताव रखा। इस दौरान युवक ने युवती के साथ कई बार शारीरिक संबंध स्थापित किए। तीन साल तक यही सिलसिला चलता रहा।
लड़की द्वारा शादी के लिए दबाव बनाए जाने पर युवक अपने परिजनों के साथ झांसी आया तथा लड़की के साथ मंगनी की रस्म हुई। इसके बाद युवक के परिजनों ने लड़की पक्ष के समक्ष दहेज की मांग रखी। लड़की ने इसकी सूचना लड़के को दी। लड़के ने शादी के लिए दो साल का समय और मांगा। संदेह होने पर युवती अपने पिता व बहन के साथ तीन जून 2009 को लड़के के ग्वालियर स्थित घर पर पहुंची। यहां उसे मालूम चला कि लड़के की एक माह पूर्व शादी हो चुकी है।
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न्यायालय के निर्देश पर युवक, उसके पिता, भाई, मां व बारह अन्य के खिलाफ थाना सीपरी बाजार में मुकदमा दर्ज हुआ।
अदालत ने पूरे मामले की सुनवाई के बाद अभियुक्त अभय सागर को धारा 376 में सात साल के कारावास व बीस हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया, जिसमें दस हजार रुपये पीड़िता को दिए जाएंगे। अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता जाहिद मंसूरी ने की।
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अभियोजन पक्ष के अनुसार सीपरी बाजार थाना क्षेत्रांतर्गत निवासी युवती एक समाजसेवी संस्था से 2003 में जुड़ी थी। इस दौरान उसकी मुलाकात बांदा में संस्था के रीजनल कोआर्डिनेटर बैरागढ़ टेकनपुर ग्वालियर निवासी अभय सागर से हुई। मेलजोल बढ़ने पर अभय ने युवती के समक्ष शादी का प्रस्ताव रखा। इस दौरान युवक ने युवती के साथ कई बार शारीरिक संबंध स्थापित किए। तीन साल तक यही सिलसिला चलता रहा।
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लड़की द्वारा शादी के लिए दबाव बनाए जाने पर युवक अपने परिजनों के साथ झांसी आया तथा लड़की के साथ मंगनी की रस्म हुई। इसके बाद युवक के परिजनों ने लड़की पक्ष के समक्ष दहेज की मांग रखी। लड़की ने इसकी सूचना लड़के को दी। लड़के ने शादी के लिए दो साल का समय और मांगा। संदेह होने पर युवती अपने पिता व बहन के साथ तीन जून 2009 को लड़के के ग्वालियर स्थित घर पर पहुंची। यहां उसे मालूम चला कि लड़के की एक माह पूर्व शादी हो चुकी है।
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न्यायालय के निर्देश पर युवक, उसके पिता, भाई, मां व बारह अन्य के खिलाफ थाना सीपरी बाजार में मुकदमा दर्ज हुआ।
अदालत ने पूरे मामले की सुनवाई के बाद अभियुक्त अभय सागर को धारा 376 में सात साल के कारावास व बीस हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया, जिसमें दस हजार रुपये पीड़िता को दिए जाएंगे। अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता जाहिद मंसूरी ने की।