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हर हफ्ते बढ़ रहे कोरोना मुक्त होने के बाद बीमार बच्चे, 60 से ज्यादा एमआईएस-सी की चपेट में

Tue, 15 Jun 2021 01:00 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Tue, 15 Jun 2021 01:00 AM IST
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post corona child on other disease
कोराना से मुक्त हुए बच्चों पर कई बीमारियों का एक साथ हमला, बिस्तर पकड़ लिया मासूमों ने
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झांसी। कोरोना खत्म हो जाने के बाद भी बच्चों पर कहर बरपा रहा है। संक्रमण की चपेट में आ चुके कई बच्चों में हफ्तों बाद बुखार, शरीर पर चकत्ते, दस्त, मुंह में छाले समेत तमाम तरह की दिक्कतें सामने आ रही हैं। ऐसा कई बीमारियों के समूह यानी ‘मल्टी सिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम इन चिल्ड्रन’ (एमआईएस-सी) की चपेट में आने से हो रहा है। हर सप्ताह एमआईएस-सी से पीड़ित बच्चों की तादाद बढ़ रही है। पिछले एक महीने में लगभग 100 बच्चे इसका शिकार हो चुके हैं। इस बीमारी के चलते कई बच्चों ने बिस्तर पकड़ लिया है।
बाल रोग विशेषज्ञों के अनुसार मल्टी सिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम कोई बीमारी नहीं है। इसे लक्षणों पर आधारित सिंड्रोम कहा जाता है। इसके शिकार बच्चों के फेफड़ों, दिल, पाचन तंत्र, गुर्दे, त्वचा, मस्तिष्क और आंखों में संक्रमण हो जाता है। कोरोना को मात देकर ठीक हो चुके या फिर हल्के लक्षण वाले बच्चों में एमआईएस-सी के तहत तमाम तरह की दिक्कतें सामने आ रही हैं। कई बच्चों में तो 10-15 दिन तक दवाएं देने के बावजूद बुखार नहीं उतर रहा है। डॉक्टर जब जांच कराते हैं, तब उन्हें पता चलता है कि बच्चे एमआईएस-सी की चपेट में आ चुके हैं। डॉक्टरों के मुताबिक कोरोना से ठीक होने के दो से तीन सप्ताह के बाद यह बच्चे एमआईएस-सी का शिकार हो रहे हैं। इनमें कुछ तो ऐसे बच्चे भी हैं, जिन्हें एक या दो दिन ही बुखार आया और ठीक हो गया। ऐसे में इन्होंने कोरोना की जांच नहीं कराई। पिछले चार सप्ताह में 100 के आसपास बच्चे सरकारी और निजी अस्पतालों में इलाज कराने के लिए आ चुके हैं। हालांकि, राहत की बात ये है कि अभी तक इस बीमारी से एक भी मौत नहीं हुई है।
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ये हैं लक्षण
- तीन दिन से ज्यादा बुखार
- आंखों की झिल्ली में बिना मवाद वाली सूजन
- शरीर पर दाने या चकत्ते
- दस्त लगना, पेट दर्द
- सांस तेज चलना
- मुंह में छाले आना
- एपीटीटी, डी-डाइमर का बढ़ा होना
यूं बढ़ रहे मरीज
सप्ताह केस
18 से 24 मई 10
25 से 31 मई 15
1 से 7 जून 20
8 से 14 जून 30
ये मामले आए
....................
केस-1
20 दिन रहा बुखार तो छोड़ दिया खाना
14 साल के एक बच्चे को 20 दिनों तक लगातार बुखार बना रहा। बुखार की दवा लगातार चलती भी रहीं लेकिन ठीक नहीं हुआ। बच्चे ने खाना भी छोड़ दिया। इससे परिजन काफी चिंतित हो गए। डॉक्टर ने बच्चे की जांचें कराईं तो एमआईएस-सी की पुष्टि हो गई। बाद में सप्ताह भर तक इलाज होने के बाद बच्चा ठीक हो गया।
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केस-2
लगातार दस्त हुए तो भर्ती करना पड़ा
शहर निवासी एक बच्चे को लगातार दस्त होने पर अस्पताल में भर्ती करना पड़ा गया। बच्चे को काफी कमजोरी आ चुकी थी। अस्पताल में उसे ग्लूकोज चढ़ाया गया। बच्चा काफी सुस्त भी हो गया था। हालांकि, डॉक्टरों की देखरेख में चले इलाज के बाद तीन दिन में ही वो ठीक हो गया। बाद में खाना-पीना और खेलना शुरू कर दिया।
मेडिकल कॉलेज में पिछले एक महीने में लगभग 20 एमआईएस-सी के मामले सामने आ चुके हैं। सभी बच्चों को बेहतर इलाज कर ठीक कर दिया गया है। लक्षण सामने आने पर परिजन तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। - डॉ. ओमशंकर चौरसिया, बाल रोग विभागाध्यक्ष, मेडिकल कॉलेज।

एमआईएससी से पीड़ित 20 बच्चे पिछले एक महीने में सामने आए हैं। इसमें एक बच्चे को तो 20 दिनों तक बुखार बना हुआ था। हालांकि, सटीक उपचार चलने के बाद वह तीन दिनों में ही ठीक हो गया। हालांकि, बेहद गंभीर केस कोई नहीं मिला है। - डॉ. प्रमोद गुप्ता, बाल रोग विशेषज्ञ।
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