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Jhansi News: प्रदर्शनी में देखीं वन्य जीवों की तस्वीर, बच्चों ने बनाए चित्र
Sat, 03 Feb 2024 02:48 AM IST
झांसी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
Updated Sat, 03 Feb 2024 02:48 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। केंद्रीय कृषि वानिकी अनुसंधान संस्थान और वन विभाग के संयुक्त तत्वावधान में काफरी में विश्व आर्द्रता दिवस के मौके पर वन्य जीवों के फोटो की प्रदर्शनी लगाई गई। इसमें अतिथियों और विद्यार्थियों ने बुंदेलखंड में पाए जाने वाले वन्य जीवों की तस्वीरें देखीं। वहीं विद्यार्थियों ने चित्रकला और निबंध प्रतियोगिता में भाग लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ केंद्रीय कृषि विवि के कुलपति डॉ. अशोक कुमार, मुख्य वन संरक्षक केके सिंह, वन संरक्षक कैलाश प्रकाश, काफरी के निदेशक डॉ. ए अरुनाचलम, आईएफएस डॉ. एसडी सिंह ने दीप प्रज्वलन कर किया। मुख्य अतिथि कुलपति अशोक कुमार सिंह ने कहा कि आर्द्रभूमि जलवायु परिवर्तन से आने वाली बाढ़, सूखा, जल संकट को नियंत्रित करने का काम करती है। उन्होंने कहा कि बढ़ती हुई जनसंख्या से आर्द्रभूमि पर कब्जे हो रहे हैं। इससे आर्द्र भूमि विलुप्त होती जा रही है। काफरी के निदेशक डॉ. ए अरुनाचलम ने कहा कि हमें आगामी पीढ़ी के लिए आर्द्रभूमि को संरक्षित करना होगा। मुख्य वन संरक्षक केके सिंह ने कहा कि वन्य जीवों और आर्द्र भूमि का मानव जीवन पर गहरा असर पड़ता है। इस मौके पर विभिन्न देशों के झंडे देखकर उनके नाम बताने वाले छात्र सक्षम भारद्वाज को विश्व रिकॉर्ड बनाने के लिए सम्मानित किया गया। प्रदर्शनी में उपस्थित छात्र-छात्राओं ने वन्यजीवों पर आधारित चित्र बनाए। निबंध लेखन प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया। विजयी छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत भी किया गया। संचालन प्रधान वैज्ञानिक डॉ. आरपी द्विवेदी व आभार डॉ. एके हांडा ने किया।
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झांसी। केंद्रीय कृषि वानिकी अनुसंधान संस्थान और वन विभाग के संयुक्त तत्वावधान में काफरी में विश्व आर्द्रता दिवस के मौके पर वन्य जीवों के फोटो की प्रदर्शनी लगाई गई। इसमें अतिथियों और विद्यार्थियों ने बुंदेलखंड में पाए जाने वाले वन्य जीवों की तस्वीरें देखीं। वहीं विद्यार्थियों ने चित्रकला और निबंध प्रतियोगिता में भाग लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ केंद्रीय कृषि विवि के कुलपति डॉ. अशोक कुमार, मुख्य वन संरक्षक केके सिंह, वन संरक्षक कैलाश प्रकाश, काफरी के निदेशक डॉ. ए अरुनाचलम, आईएफएस डॉ. एसडी सिंह ने दीप प्रज्वलन कर किया। मुख्य अतिथि कुलपति अशोक कुमार सिंह ने कहा कि आर्द्रभूमि जलवायु परिवर्तन से आने वाली बाढ़, सूखा, जल संकट को नियंत्रित करने का काम करती है। उन्होंने कहा कि बढ़ती हुई जनसंख्या से आर्द्रभूमि पर कब्जे हो रहे हैं। इससे आर्द्र भूमि विलुप्त होती जा रही है। काफरी के निदेशक डॉ. ए अरुनाचलम ने कहा कि हमें आगामी पीढ़ी के लिए आर्द्रभूमि को संरक्षित करना होगा। मुख्य वन संरक्षक केके सिंह ने कहा कि वन्य जीवों और आर्द्र भूमि का मानव जीवन पर गहरा असर पड़ता है। इस मौके पर विभिन्न देशों के झंडे देखकर उनके नाम बताने वाले छात्र सक्षम भारद्वाज को विश्व रिकॉर्ड बनाने के लिए सम्मानित किया गया। प्रदर्शनी में उपस्थित छात्र-छात्राओं ने वन्यजीवों पर आधारित चित्र बनाए। निबंध लेखन प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया। विजयी छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत भी किया गया। संचालन प्रधान वैज्ञानिक डॉ. आरपी द्विवेदी व आभार डॉ. एके हांडा ने किया।
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