फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   mother see me one time, where do i live tomorrow?

मां मुझे एक बार देख तो जा, क्या पता कल रहूं ना रहूं

Thu, 19 Dec 2019 01:24 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Thu, 19 Dec 2019 01:24 AM IST
विज्ञापन
mother see me one time, where do i live tomorrow?
मेडिकल कॉलेज के निक्को वार्ड में नवजात का चिकित्सक से हालचाल लेते पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रदीप ?
झांसी। मां आज मुझे देखने बहुत लोग आए। मेरी हालत देखकर कइयों की आंखें भर आईं थीं। एक आंटी को जब पता चला कि कुत्तों ने मेरा हाथ खा लिया तो वह रोने लगीं। डाक्टर अंकल से बोलीं कि इसका अच्छे से इलाज कीजिए, जितना भी पैसा खर्च होगा हम देंगे। बच्ची को कुछ होना नहीं चाहिए। कई दूसरे लोग भी वहां थे लेकिन मां तू मुझे नहीं दिखी। अगर तू आकर एक बार मेरे सिर पर हाथ फेर देती तो शायद मेरा दर्द कुछ कम हो जाता। मां डाक्टर अंकल कह रहे थे कि मेरी हालत बहुत नाजुक है ग्वालियर या दिल्ली भेजना पड़ सकता है। अब मुझे यह बता मां कि मैं इतनी दूर अकेले कैसे रहूंगी। मेडिकल कालेज में भर्ती यह नवजात अगर बोल रही होती तो अपनी जननी से वह यही सब सवाल करती।
विज्ञापन

सोमवार की रात को इस नवजात के साथ जो हुआ उसे सुनने भर से ही रूह कांप उठती है। लाल रंग के कपड़े में लिपटी इस नवजात को कुत्ते नोच रहे थे। इधर से गुजरे एक राहगीर ने कुत्तों को भगाकर बच्ची को बचाया था। पुलिस ने मेडिकल कालेज में भर्ती करा दिया। बुधवार को जिसे भी खबर लगी वह खुद को रोक नहीं सका। मेडिकल कालेज के न्यू बॉर्न क्रिटिकल वार्ड में कई लोग पहुंचे। लेकिन जिसने भी नवजात की हालत को देखा वह अपने आंसू रोक नहीं पा रहा था। हर किसी की जुबां पर बस एक ही सवाल था..इस मासूम को किस जुर्म की सजा दी है। मेडिकल कालेज के बालरोग विशेषज्ञ डॉ. ओमशंकर चौरसिया ने बताया कि अभी हालत चिंताजनक है। काफी समय तक ठंड में पड़ी रही है लिहाजा निमोनिया के भी लक्षण हैं। बायां हाथ पूरी तरह से खत्म हो चुका है। संक्रमण का भी खतरा है। फिलहाल उसे आक्सीजन पर रखा गया है।
विज्ञापन

पुलिस खंगाल रही सीसीटीवी फुटेज
झांसी। इस नवजात को मेडिकल कालेज के गेट के बाहर फेंका गया था। रात को करीब बारह बजे पुलिस को जानकारी हुई थी। अब पुलिस मेडिकल कालेज के गेट के आसपास लगे सभी सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय चौकी इंचार्ज परविंदर सिंह ने बताया कि आसपास जो भी सीसीटीवी लगे हैं सभी को चेक किया जाएगा। इस मामले में मुकदमा दर्ज किया जा रहा है। इस रास्ते पर जो भी चाय के खोखे या होटल हैं उनसे भी जानकारी जुटाई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

मजिस्ट्रेट भी पहुंचे मेडिकल कालेज
झांसी। नवजात को देखने के लिए मजिस्ट्रेट मोहम्मद आबिद खान भी मेडिकल कालेज पहुंचे। उन्होंने नवजात का उपचार करने वाले डाक्टरों से उसकी हालत के बारे में पूछा। डाक्टरों ने बताया कि वह बेहतर से बेहतर ट्रीटमेंट दे रहे हैं। 72 घंटे उसके लिए काफी क्रिटिकल हैं। पूर्व मंत्री प्रदीप जैन भी अस्पताल पहुंचे। उन्होंने भी डाक्टरों से मुलाकात करके बच्ची की हालत के बारे में जानकारी की। उन्होंने कहा कि अगर हायर सेंटर भेजने की जरूरत हो तो तत्काल रेफर किया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed