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अचानक बढ़ा पानी, फिर खुले माताटीला के बीस गेट

Sat, 22 Aug 2020 11:09 PM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Sat, 22 Aug 2020 11:09 PM IST
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Matateela dam open 20 gate
माताटीला - फोटो : ????????
झांसी। भोपाल आदि जगहों पर हुई भारी बारिश की वजह से जिले में पानी बढ़ने की रफ्तार तेज हो गई। देर-रात अचानक जलस्तर में बढ़ोत्तरी होने से बेतवा का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। खतरे की आशंका के चलते आसपास के संवेदनशील गांवों को अलर्ट कर दिया गया है। उधर, पानी का दबाव बढ़ने से लगातार दूसरी बार माताटीला बांध के बीस गेट खोलने पड़े। आज उनको आठ फिट ऊंचाई तक खोला गया। राजघाट, माताटीला बांध से शाम तक करीब तीन लाख क्यूसेक पानी बेतवा में छोड़ा जा चुका था।
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पिछले करीब एक सप्ताह से मप्र समेत आसपास के इलाकों में हुई बारिश से राजघाट, माताटीला बांध तक काफी पानी पहुंच चुका है। पानी अधिक आने से दो दिन पहले माताटीला बांध के बीस गेट खोलने पड़े, जिनको शुक्रवार दोपहर बंद कर दिया गया था लेकिन, देर-रात पानी का दबाव फिर तेजी से बढ़ने लगा। शनिवार की भोर पहले दस गेट चार फीट ऊंचाई तक खोले गए लेकिन पानी लगातार बढ़ने की वजह से दोपहर तक बीस गेट आठ फीट की ऊंचाई तक खोलने पड़े। खबर लिखे जाने तक राजघाट से 2.58233 क्यूसेक, माताटीला से 1.86 लाख क्यूसेक, ढुकुवां से 50 हजार क्यूसेक एवं पारीछा से 3409 क्यूसेक पानी छोड़ा जा चुका। तीन लाख क्यूसेक से अधिक पानी बेतवा में छोड़ने से नदी में उफनाने लगी। इसको देखते हुए
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संवेदनशीनल गांवों के लिए अलर्ट जारी कर दिया गया है। प्रशासन को सतर्क कर दिया गया। खतरे के लिए संवदेनशील 18 गांवों में खास सतर्कता बरती जा रही है। माताटीला बांध के अधिशासी अभियंता मो.फरीद के मुताबिक भोपाल आदि इलाकों में अभी भी बारिश की सूचना मिल रही है। ऐसे में देर-रात जलस्तर में बढ़ोत्तरी होना तय है। बता दें, राजघाट बांध को कुल 371 मीटर तक भरा जाता है। यहां 22 हजार क्यूसेक पानी का भंडारण होता है। उसके बाद माताटीला बांध को 308.46 मीटर, गोविंद सागर को 363.93 मीटर तक भरा जाएगा। पिछले एक हफ्ते से लगातार आ रहे पानी की वजह से यह सभी बांध अपनी क्षमता के आधे से अधिक भर चुके हैं। सिंचाई विभाग के अभियंताओं का कहना है कि इसी तरह की बारिश रही तब सितंबर के पहले सप्ताह तक ही यहां के बांध संतृप्त हो जाएंगे।
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नदी-नालों पर बने रपटों को बैरिकेडिंग करके बंद करने के निर्देश
जिलाधिकारी आंद्रा वामसी ने विकास भवन सभागार में बाढ़ से निपटने की तैयारी की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने एसडीएम एवं सीओ को नदी-नालों पर बने रपटों को बैरिकेडिंग कराकर तत्काल बंद कराने के साथ ही वहां पुलिस बल तैनात करने के निर्देश दिए। एसडीएम को संवेदनशील गांवों के लिए नाव एवं गोताखोरों की व्यवस्था पहले से करने को कहा। गोताखारों के साथ ही सभी ग्राम प्रधानों के नंबर भी रखने की जरूरत बताई। बांध पर लोगों की भीड़ न एकत्रित हो इसके लिए भी उन्होंने सख्ती करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने जिला नियंत्रण कक्ष नंबर 0510-2371100, 2371199 एवं 2332580 जारी करते हुए आम लोगों को परेशानी होने पर संपर्क करने की अपील की। बैठक में एसएसपी दिनेश कुमार, सीडीओ शैलेष कुमार, नगर आयुक्त अवनीश कुमार, केके गौतम, एडीएम रामअक्षयवर चौहान, नगर मजिस्ट्रेट सलिल पटेल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
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