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Jhansi News: दस साल बाद खुले जिला अस्पताल के बंद कमरों के ताले, निकला कबाड़
Fri, 02 Feb 2024 02:53 AM IST
झांसी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
Updated Fri, 02 Feb 2024 02:53 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। शासन जिला अस्पताल को नये-नये उपकरण उपलब्ध कराता रहा है, लेकिन अस्पताल में तमाम उपकरण कबाड़ हो रहे हैं। दस साल बाद जिला अस्पताल में बंद कमरों के ताले खुले तो पलंग, कुर्सी, टेबल समेत लाखों का समान कबाड़ के रूप में मिला। इसे अब नीलाम करने की तैयारी की जा रही है।
जिला अस्पताल के चार कमरों में बीते दस साल से ताले लटके थे। इन्हें बुधवार को मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. प्रमोद कुमार कटियार के निर्देश पर खुलवाया गया। इन कमरों से लाखों रुपये कीमत का वह सामान मिला, जो इस्तेमाल न होने के चलते कबाड़ में तब्दील हो चुका है। इनमें लगभग 50 पलंग, गद्दे, कंबल, सर्जिकल सामान, कुर्सी, टेबल, मशीन शामिल है। निरीक्षण में पता चला कि सामान का इस्तेमाल न होने के चलते वह कबाड़ में बदल चुका है। अब इस सामान की नीलामी की तैयारी की जा रही है। बृहस्पतिवार को मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. प्रमोद कुमार कटियार ने कबाड़ हो चुके सामान का निस्तारण करने के लिए बैठक की। इसमें वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. एसके गुप्ता, डॉ. गोकुल प्रसाद, डॉ. एसएन कंचन, डॉ. अरविंद सोनी, डॉ. रविशंकर, मैटर्न शांति सिंह, योगेंद्र सिंह, चीफ फार्मासिस्ट ओपी चौधरी, सिस्टर संध्या पाल व इलेक्ट्रीशियन इरफान को कबाड़ के निस्तारण की जिम्मेदारी दी गई है।
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झांसी। शासन जिला अस्पताल को नये-नये उपकरण उपलब्ध कराता रहा है, लेकिन अस्पताल में तमाम उपकरण कबाड़ हो रहे हैं। दस साल बाद जिला अस्पताल में बंद कमरों के ताले खुले तो पलंग, कुर्सी, टेबल समेत लाखों का समान कबाड़ के रूप में मिला। इसे अब नीलाम करने की तैयारी की जा रही है।
जिला अस्पताल के चार कमरों में बीते दस साल से ताले लटके थे। इन्हें बुधवार को मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. प्रमोद कुमार कटियार के निर्देश पर खुलवाया गया। इन कमरों से लाखों रुपये कीमत का वह सामान मिला, जो इस्तेमाल न होने के चलते कबाड़ में तब्दील हो चुका है। इनमें लगभग 50 पलंग, गद्दे, कंबल, सर्जिकल सामान, कुर्सी, टेबल, मशीन शामिल है। निरीक्षण में पता चला कि सामान का इस्तेमाल न होने के चलते वह कबाड़ में बदल चुका है। अब इस सामान की नीलामी की तैयारी की जा रही है। बृहस्पतिवार को मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. प्रमोद कुमार कटियार ने कबाड़ हो चुके सामान का निस्तारण करने के लिए बैठक की। इसमें वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. एसके गुप्ता, डॉ. गोकुल प्रसाद, डॉ. एसएन कंचन, डॉ. अरविंद सोनी, डॉ. रविशंकर, मैटर्न शांति सिंह, योगेंद्र सिंह, चीफ फार्मासिस्ट ओपी चौधरी, सिस्टर संध्या पाल व इलेक्ट्रीशियन इरफान को कबाड़ के निस्तारण की जिम्मेदारी दी गई है।
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