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Jhansi: नगर निगम में लापरवाही...मौत के बाद जारी कर दिया जन्म प्रमाणपत्र, मामला उजागर होने पर मचा हड़कंप
Thu, 08 Jan 2026 09:22 AM IST
दीपक महाजन
अमर उजाला नेटवर्क, झांसी
अमर उजाला नेटवर्क, झांसी
Published by: दीपक महाजन
Updated Thu, 08 Jan 2026 09:22 AM IST
सार
नगर निगम में एक हैरतअंगेज मामला उजागर हुआ है। निगम ने सत्तर साल की बतोलन की मौत के बाद वर्ष 2022 में उसका जन्म प्रमाणपत्र जारी कर दिया। मामला सामने आने के बाद विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।
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नगर निगम, झांसी
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
नगर निगम ने बाहर सैंयर गेट निवासी बतोलन बेगम की मौत के बाद उनका जन्म प्रमाणपत्र जारी कर दिया। जिस आवेदन पर उनका प्रमाणपत्र जारी हुआ, उसमें कोई रिपोर्ट ही नहीं लगाई गई जबकि मृत्यु एवं जन्म प्रमाणपत्र पर सफाई निरीक्षक की रिपोर्ट लगनी अनिवार्य होती है। ऐसे में यह प्रमाणपत्र किस आधार पर जारी हुआ, इसकी जांच कराई जा रही है। दोषी पर गाज गिरना भी तय माना जा रहा है।
मंगलवार को एक हैरतअंगेज मामला उजागर हुआ। नगर निगम ने सत्तर साल की बतोलन की मौत के बाद वर्ष 2022 में उसका जन्म प्रमाणपत्र जारी कर दिया था। उसके पुत्र अमजद ने भी इस पर ध्यान नहीं दिया। इस प्रमाणपत्र को उसने घर में रख लिया। कुछ दिन पहले समाज कल्याण विभाग की योजना में मां की मृत्यु प्रमाणपत्र की जरूरत पड़ी। उसने इसमें भी वही प्रमाणपत्र लगा दिए। यह कागज जब बैंक पहुंचे तब जाकर यह मालूम चला। इसका खुलासा होने पर अमजद सन्न रह गया। उसके बाद से वह नगर निगम के चक्कर काट रहा है। अब मामला सामने आने के बाद नगर निगम में भी खलबली मची है। अपर नगर आयुक्त राहुल यादव का कहना है कि इसकी जांच कराई जा रही है।
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मंगलवार को एक हैरतअंगेज मामला उजागर हुआ। नगर निगम ने सत्तर साल की बतोलन की मौत के बाद वर्ष 2022 में उसका जन्म प्रमाणपत्र जारी कर दिया था। उसके पुत्र अमजद ने भी इस पर ध्यान नहीं दिया। इस प्रमाणपत्र को उसने घर में रख लिया। कुछ दिन पहले समाज कल्याण विभाग की योजना में मां की मृत्यु प्रमाणपत्र की जरूरत पड़ी। उसने इसमें भी वही प्रमाणपत्र लगा दिए। यह कागज जब बैंक पहुंचे तब जाकर यह मालूम चला। इसका खुलासा होने पर अमजद सन्न रह गया। उसके बाद से वह नगर निगम के चक्कर काट रहा है। अब मामला सामने आने के बाद नगर निगम में भी खलबली मची है। अपर नगर आयुक्त राहुल यादव का कहना है कि इसकी जांच कराई जा रही है।
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