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Jhansi: गुलाब और गेंदा की खेती करने पर मिलेगा 90 प्रतिशत का अनुदान, आवेदन प्रक्रिया हुई शुरू
Sat, 27 Jun 2026 09:33 PM IST
दीपक महाजन
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
Published by: दीपक महाजन
Updated Sat, 27 Jun 2026 09:33 PM IST
सार
जिले में एक हेक्टेयर में गुलाब की खेती और दो हेक्टेयर में गेंदे की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। गुलाब की खेती के लिए आठ किसान और गेंदे की खेती के लिए 12 किसान चुने जाएंगे।
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गुलाब की खेती
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
जिले में गुलाब और गेंदे की खेती करने वाले किसानों को 90 प्रतिशत तक की सब्सिडी मिलेगी। जिले के लिए फूल की खेती के लक्ष्य निर्धारित कर दिए गए हैं और आवेदन प्रक्रिया शुरू हो गई है।
बागवानी विभाग की तरफ से संचालित बागवानी विकास योजना के तहत अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के किसानों के लिए जिले को लक्ष्य आवंटित किए गए हैं। इस योजना से किसानों को लाभ मिलेगा। गुलाब या गेंदे की खेती की इकाई स्थापित करने की लागत 50,000 रुपये प्रति हेक्टेयर है। अगर इस खेती को करने के लिए किसान इच्छुक हैं तो बागवानी विभाग कुल लागत का 90 प्रतिशत यानी 45,000 रुपये की सब्सिडी प्रदान करेगा। जिले में एक हेक्टेयर में गुलाब की खेती और दो हेक्टेयर में गेंदे की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। गुलाब की खेती के लिए आठ किसान और गेंदे की खेती के लिए 12 किसान चुने जाएंगे।
किसानों को विभाग की वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन की हार्ड कॉपी के साथ आधार कार्ड, बैंक पासबुक, भूमि रिकॉर्ड, जाति प्रमाण पत्र विभाग के कार्यालय में जमा करनी होगी। जिला बागवानी अधिकारी डॉ. प्रशांत सिंह ने बताया कि पहले आओ, पहले पाओ का सिद्धांत के आधार पर योजना का लाभ दिया जाएगा।
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बिना फार्मर आईडी नहीं मिलेगा लाभ
फूलों की खेती करने के इच्छुक किसानों को फार्मर आईडी का होना अनिवार्य है। बगैर फार्मर आईडी के इसका लाभ नहीं मिलेगा। इसलिए किसान तभी आवेदन करें जब उनके पास फार्मर आईडी हो।
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बागवानी विभाग की तरफ से संचालित बागवानी विकास योजना के तहत अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के किसानों के लिए जिले को लक्ष्य आवंटित किए गए हैं। इस योजना से किसानों को लाभ मिलेगा। गुलाब या गेंदे की खेती की इकाई स्थापित करने की लागत 50,000 रुपये प्रति हेक्टेयर है। अगर इस खेती को करने के लिए किसान इच्छुक हैं तो बागवानी विभाग कुल लागत का 90 प्रतिशत यानी 45,000 रुपये की सब्सिडी प्रदान करेगा। जिले में एक हेक्टेयर में गुलाब की खेती और दो हेक्टेयर में गेंदे की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। गुलाब की खेती के लिए आठ किसान और गेंदे की खेती के लिए 12 किसान चुने जाएंगे।
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किसानों को विभाग की वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन की हार्ड कॉपी के साथ आधार कार्ड, बैंक पासबुक, भूमि रिकॉर्ड, जाति प्रमाण पत्र विभाग के कार्यालय में जमा करनी होगी। जिला बागवानी अधिकारी डॉ. प्रशांत सिंह ने बताया कि पहले आओ, पहले पाओ का सिद्धांत के आधार पर योजना का लाभ दिया जाएगा।
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बिना फार्मर आईडी नहीं मिलेगा लाभ
फूलों की खेती करने के इच्छुक किसानों को फार्मर आईडी का होना अनिवार्य है। बगैर फार्मर आईडी के इसका लाभ नहीं मिलेगा। इसलिए किसान तभी आवेदन करें जब उनके पास फार्मर आईडी हो।