{"_id":"59f8c92e4f1c1b6f548ba2fa","slug":"gst-not-tollerated","type":"story","status":"publish","title_hn":"जीएसटी पर अगले साल अप्रैल में देशव्यापी आंदोलन होगा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जीएसटी पर अगले साल अप्रैल में देशव्यापी आंदोलन होगा
jhansi
Updated Wed, 01 Nov 2017 12:34 AM IST
विज्ञापन
प्रशासन
- फोटो : demo pic
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष श्याम बिहारी मिश्रा ने कहा कि जीएसटी के प्रचार - प्रसार में व्यापारियों को इस्तेमाल किया गया, लेकिन इस पर उनसे कोई सुझाव नहीं मांगे गए। तय हुआ कि यदि कारोबारियों की मांगें नहीं मानी गईं तो अगले साल अप्रैल में बड़े पैमाने पर आंदोलन होगा।
मंगलवार को स्थानीय होटल में पत्रकारों से बातचीत में मिश्रा ने कहा कि जीएसटी पर पूरे देश के कारोबारियों में रोष है। अधिकारी जीएसटी कानून का दुरुपयोग कर रहे है। किसी भी हाल में जीएसटी 15 प्रतिशत से ज्यादा नहीं होना चाहिए, क्योंकि देश में सभी आय वर्ग के लोग रहते है। अधिक टैक्स का प्रभाव निम्न और मध्यम वर्ग पर ज्यादा पड़ रहा है। व्यापारियों के समक्ष आज जीएसटी, खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम, मंडी समिति और व्यापारी की सुरक्षा सहित कई समस्याएं है। मंडी समिति को पूर्णत: समाप्त कर देना चाहिए। बिहार और दिल्ली में मंडी शुल्क नहीं है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने हमारी मांगे नहीं मानी, तो सात और आठ अप्रैल को व्यापारी देशव्यापी आंदोलन करेंगे। सड़क पर उतरेंगे। धरना-प्रदर्शन करेंगे। बातचीत के दौरान बुंदेलखंड प्रभारी राजीव राय, जिलाध्यक्ष अशोक जैन, महामंत्री राघव वर्मा, अरुण राय, नितिन सरावगी, रिंकू गुप्ता, रामतीर्थ सिंघल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
मंगलवार को स्थानीय होटल में पत्रकारों से बातचीत में मिश्रा ने कहा कि जीएसटी पर पूरे देश के कारोबारियों में रोष है। अधिकारी जीएसटी कानून का दुरुपयोग कर रहे है। किसी भी हाल में जीएसटी 15 प्रतिशत से ज्यादा नहीं होना चाहिए, क्योंकि देश में सभी आय वर्ग के लोग रहते है। अधिक टैक्स का प्रभाव निम्न और मध्यम वर्ग पर ज्यादा पड़ रहा है। व्यापारियों के समक्ष आज जीएसटी, खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम, मंडी समिति और व्यापारी की सुरक्षा सहित कई समस्याएं है। मंडी समिति को पूर्णत: समाप्त कर देना चाहिए। बिहार और दिल्ली में मंडी शुल्क नहीं है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने हमारी मांगे नहीं मानी, तो सात और आठ अप्रैल को व्यापारी देशव्यापी आंदोलन करेंगे। सड़क पर उतरेंगे। धरना-प्रदर्शन करेंगे। बातचीत के दौरान बुंदेलखंड प्रभारी राजीव राय, जिलाध्यक्ष अशोक जैन, महामंत्री राघव वर्मा, अरुण राय, नितिन सरावगी, रिंकू गुप्ता, रामतीर्थ सिंघल आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन