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ट्रेन में सेना के सर्जन की बिगड़ी हालत, मौत
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झांसी। आपात स्थिति में दूसरे को इलाज मुहैया कराने वाले सेना के डॉक्टर की ट्रेन में मौत हो गई। वह राजधानी एक्सप्रेस में सफर कर रहे थे और हैदराबाद जा रहे थे। वीरागंना लक्ष्मीबाई रेलवे स्टेशन से उनका शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया। पुलिस ने हार्ट अटैक से उनकी मौत की आशंका जताई है। हालांकि पोस्टमार्टम के बाद विसरा सुरक्षित रखवाया गया है।
जीआरपी के मुताबिक दिल्ली के बहादुरगढ़ निवासी महेश चंद्र शर्मा (47) सेना में सर्जन पद पर तैनात थे। इन दिनों उनकी तैनाती हैदराबाद में थी। बुधवार को वह हैदराबाद जाने के लिए राजधानी एक्सप्रेस के बी-2 कोच में सवार होकर निकले थे। उनके साथ कोच में मौजूद सहयात्रियों ने पुलिस को बताया कि ट्रेन जैसे ही ग्वालियर रेलवे स्टेशन से आगे निकली महेश चंद्र ने सीने में दर्द की शिकायत की। उनकी तबियत खराब होती देख सहयात्रियों ने तुरंत कोच अटेंडर को इसकी सूचना दी। उसने वीरागंना लक्ष्मीबाई स्टेशन में डॉक्टर उपलब्ध कराने को कहा। रात करीब 11 बजे जैसे ही ट्रेन यहां पहुंची रेलवे डॉक्टरों ने उनका परीक्षण किया लेकिन, उनकी मौत हो चुकी थी। जीआरपी ने पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। उधर, उनकी मौत की सूचना मिलने पर उनके बड़े भाई रवि दत्त भी यहां पहुंच गए। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया। परिजन शव लेकर दिल्ली चले गए। जीआरपी इंस्पेक्टर का कहना है कि पोस्टमार्टम के बाद विसरा सुरक्षित रखवाया गया है।
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जीआरपी के मुताबिक दिल्ली के बहादुरगढ़ निवासी महेश चंद्र शर्मा (47) सेना में सर्जन पद पर तैनात थे। इन दिनों उनकी तैनाती हैदराबाद में थी। बुधवार को वह हैदराबाद जाने के लिए राजधानी एक्सप्रेस के बी-2 कोच में सवार होकर निकले थे। उनके साथ कोच में मौजूद सहयात्रियों ने पुलिस को बताया कि ट्रेन जैसे ही ग्वालियर रेलवे स्टेशन से आगे निकली महेश चंद्र ने सीने में दर्द की शिकायत की। उनकी तबियत खराब होती देख सहयात्रियों ने तुरंत कोच अटेंडर को इसकी सूचना दी। उसने वीरागंना लक्ष्मीबाई स्टेशन में डॉक्टर उपलब्ध कराने को कहा। रात करीब 11 बजे जैसे ही ट्रेन यहां पहुंची रेलवे डॉक्टरों ने उनका परीक्षण किया लेकिन, उनकी मौत हो चुकी थी। जीआरपी ने पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। उधर, उनकी मौत की सूचना मिलने पर उनके बड़े भाई रवि दत्त भी यहां पहुंच गए। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया। परिजन शव लेकर दिल्ली चले गए। जीआरपी इंस्पेक्टर का कहना है कि पोस्टमार्टम के बाद विसरा सुरक्षित रखवाया गया है।
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